संकल्प सत्याग्रह के दौरान विरोध प्रदर्शन करते कांग्रेसी नेता राहुल गांधी की सांसदी जाने के बाद कांग्रेस ने हल्ला बोल दिया है. पार्टी के कार्यकर्ता देशभर में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं. वहीं, राहुल गांधी ने जहां शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा, तो रविवार को कांग्रेस दिल्ली में राजघाट के साथ ही सभी जिला मुख्यालयों में एक दिन का संकल्प सत्याग्रह किया. कांग्रेस नेता राहुल गांधी को मोदी सरनेम केस में दो साल की सजा सुनाने के बाद शुक्रवार को स्पीकर ओम बिरला ने उनकी संसद सदस्यता रद्द कर दी. उन्हें सूरत सेशंस कोर्ट ने दोषी करार दिया है. हालांकि अभी उनके पास ऊपर की अदालत में अपील करने का विकल्प है.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कल सुबह 10 बजे अपने आवास पर विपक्षी नेताओं की बैठक बुलाई है.
प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे ने राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की. इस दौरान उनके साथ केसी वेणुगोपाल, राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत और अन्य नेताओं भी शामिल थे.
उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष बृजलाल खबरी, CLP लीडर आराधना मोना मिश्रा समेत कई अन्य कांग्रेस नेता सैकड़ों कार्यकर्ताओं के साथ सत्याग्रह करने बैठे.
महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा कि राहुल गांधी की अयोग्यता का मतलब लोकतंत्र को चोट पहुंचाना है. हम लोकतंत्र की रक्षा के लिए प्रयास कर रहे हैं. यह हमारा शांतिपूर्ण सत्याग्रह है. आगे की कार्रवाई तय की जाएगी... हम इस कार्रवाई (अयोग्यता) के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ेंगे. राजनीतिक लड़ाई जारी रहेगी.
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मुंबई में संकल्प सत्याग्रह किया. इसमें पृथ्वीराज चव्हाण, बालासाहेब थोराट, भाई जगताप ने सत्याग्रह किया.
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने राहुल गांधी की अयोग्यता को लेकर बीजेपी पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि लोगों को अपने विचार व्यक्त करने के लिए स्वतंत्र होना चाहिए, सरकार को सवालों के साथ चुनौती देने और सरकार को जवाबदेह ठहराने के लिए स्वतंत्र होना चाहिए.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि अगर नीरव मोदी और ललित मोदी जैसे भगोड़ों कीआलोचना करने पर सत्ताधारी पार्टी को क्यों दर्द हो रहा है . राजघाट के ठीक बाहर कांग्रेस के एक दिवसीय "संकल्प सत्याग्रह" में सभा को संबोधित करते हुए खड़गे ने सभी विपक्षी दलों को लोकतंत्र को बचाने के लिए राहुल गांधी और कांग्रेस के साथ खड़े होने के लिए धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा यह सिर्फ एक सत्याग्रह है, लेकिन देश भर में ऐसे कई सत्याग्रह होंगे.
केरल में सत्तारूढ़ माकपा माकपा के राज्य सचिव एम वी गोविंदन ने कहा कि वाम दल ने हमेशा अलोकतांत्रिक कार्रवाइयों के खिलाफ रुख अपनाया है, भाजपा और आरएसएस विपक्षी दलों को निशाना बनाने के लिए ईडी और सीबीआई जैसी केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल करते हैं. राहुल गांधी के मामले में कुछ ऐसा ही हुआ है. हमने राहुल गांधी के समर्थन की घोषणा नहीं की, लेकिन हम उनके खिलाफ की गई अलोकतांत्रिक कार्रवाई का कड़ा विरोध करते हैं.
जम्मू और कश्मीर प्रदेश कांग्रेस कमेटी (JKPCC) ने रविवार को लोकसभा से राहुल गांधी की अयोग्यता के खिलाफ एक दिवसीय 'संकल्प सत्याग्रह' किया, जिसमें पार्टी नेता गुलाम अहमद मीर ने केंद्र की भाजपा सरकार पर अलोकतांत्रिक होने का आरोप लगाया. JKPCC के पूर्व अध्यक्ष गुलाम अहमद मीर के नेतृत्व में सैकड़ों पार्टी कार्यकर्ताओं ने यहां एमए रोड स्थित पार्टी मुख्यालय में 'संकल्प सत्याग्रह' किया. इस दौरान मीर ने कहा कि न केवल कांग्रेस पार्टी, बल्कि सभी गैर-भाजपा धर्मनिरपेक्ष दल एक साथ आए हैं, और देश में लोकतंत्र की मौत पर रो रहे हैं.
कांग्रेस की प्रियंका गांधी ने कहा कि उनके पिता का संसद में अपमान किया गया और उनके भाई को मीर जाफर जैसे नाम दिए गए हैं. उन्होंने कहा कि बीजेपी के मंत्रियों ने भी सोनिया गांधी का अपमान किया है लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है. आपके एक सीएम ने कहा कि राहुल गांधी को यह भी नहीं पता कि उनके पिता कौन हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई. उन्होंने कहा ऐसे लोगों को संसद से अयोग्य नहीं ठहराया जाता है, उन्हें जेल नहीं भेजा जाता है और उन्हें सालों तक चुनाव लड़ने से नहीं रोका जाता है. उन्होंने कई बार मेरे परिवार का अपमान किया है, लेकिन हम चुप रहे. प्रियंका गांधी ने कहा कि बीजेपी डरी हुई है, क्योंकि राहुल ने ऐसे सवाल उठाए हैं, जिनके जवाब उनके (बीजेपी) के पास नहीं हैं.. यह हास्यास्पद है कि एक आदमी को चुप कराने के लिए इतना कुछ किया जाता है. प्रियंका गांधी ने कहा कि इस देश का पीएम कायर है.
कांग्रेस के सत्याग्रह कार्यक्रम पर सीएम योगी ने तंज कसते हुए कहा कि असत्य के मार्ग पर चलने वाला सत्याग्रह की बात नहीं कर सकता. सत्याग्रह के मार्ग पर चलने की जो प्रेरणा बापू ने दी, लोकतंत्र को कमजोर करने वाले सत्याग्रह नहीं कर सकते. भ्रष्टाचार में डूबे हुए लोग सत्याग्रह नहीं सकते हैं. देश को भाषावाद, क्षेत्रवाद जैसे तमाम वादों में बांटने वाले भी सत्याग्रह नहीं कर सकते. अपने देश की निंदा करने वाला सत्याग्रह नहीं कर सकता. भारत को कठघरे में खड़ा करने वाला व्यक्ति कभी सत्याग्रह नहीं कर सकता. भारत के जवानों के प्रति जिनके मन में श्रद्धा और सम्मान का भाव नहीं, वो सत्याग्रह की बात नहीं कर सकता. (इनपुट- कुमार अभिषेक)
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि यह सत्याग्रह सिर्फ आज के लिए है, लेकिन इस तरह के सत्याग्रह पूरे देश में किए जाएंगे. राहुल गांधी आम लोगों के लिए लड़ रहे हैं. उन्होंने कहा कि राहुल ने बयान कर्नाटक में दिया, लेकिन मामला गुजरात में ट्रांसफर कर दिया गया था.
प्रियंका गांधी ने कहा कि आज भी कांग्रेस पार्टी इस देश की आजादी के लिए लड़ रही है. आज आपकी सारी संपत्ति लूटी जारी है एक आदमी को दी जा रही है. ये लोग आपका रोजगार छीन रहे हैं. आप गैस सिलेंडर के लिए हजार रुपए दे रहे हैं और यहां आपकी सारी संपत्ति किसी और को सौंपी जा रही है. राहुल गांधी ने कौन सा ऐसा जुर्म कर लिया जो आप से 2 सवाल पूछ लिए. आप जवाब नहीं दे पाए और घबरा गए. जो अहंकारी होते हैं तानाशाह होते हैं जब सवाल का जवाब नहीं दे पाते तो सत्ता लेकर जनता को दबाने की कोशिश करते हैं.
प्रियंका गांधी ने कहा कि अगर आप हमें परिवार वादी कहते हैं, तो भगवान राम कौन थे? भगवान राम को वनवास भेजा गया, लेकिन उन्होंने अपने परिवार और धरती के प्रति अपना फर्ज निभाया तो क्या भगवान राम परिवार वादी थे. क्या पांडव परिवार वादी थे जो अपने परिवारों के संस्कार के लिए लड़े? क्या हमें शर्म आनी चाहिए कि हमारे परिवार के सदस्य इस देश के लिए शहीद हुए? हम देश के लोकतंत्र को बचाने के लिए सब कुछ करेंगे.
प्रियंका ने बीजेपी पर हमला करते हुए कहा कि आप के मंत्री भरी संसद में मेरी मां का अपमान करते हैं. आप के एक मंत्री कहते हैं कि राहुल गांधी को पता नहीं है कि उसके पिता कौन हैं. एक बेटा अपने पिता के मरने पर परिवार की पगड़ी पहनता है और परंपरा आगे बढ़ाता है, आपको उसका अपमान करते हैं, लेकिन आप पर कोई मुकदमा नहीं होता ना आपको कोई सजा होती है. आपको कोई संसद से बाहर नहीं निकलता. आपको कोई नहीं कहता कि आप सालों तक चुनाव नहीं लड़ सकते. आप हमारे परिवार का अपमान करते गए. संसद में मेरे भाई ने मोदी जी को गले लगाया और कहा कि मैं आपसे नफरत नहीं करता हूं. हमारी विचारधारा अलग है लेकिन हमारी नफरत की विचारधारा नहीं है. क्या यही इस देश की परंपरा है.
प्रियंका गांधी ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने सवाल पूछते हुए कहा कि संसद में मेरे शहीद पिता का अपमान किया गया लेकिन आपको तो कोई भी संसद से नहीं निकालता.. आखिर क्यों?


कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने ट्विटर पर अपना बायो बदल लिया है. उन्होंने अपने बायो में Dis'Qualified MP लिख लिया है.


राजघाट पहुंचे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, बीजेपी राहुल गांधी को बोलने नहीं दे रही है. राहुल गांधी देश और जनता के हक के लिए लड़ रहे हैं और हम रुकेंगे नहीं. आज हम गांधी स्मारक जा रहे हैं और वहां सत्याग्रह करेंगे.
इस प्रदर्शन के लिए सेवादल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ सलमान खुर्शीद और दूसरे बड़े नेताओं के आने का सिलसिला शुरू हो गया है. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और प्रियंका गांधी समेत तमाम दिग्गज नेता प्रदर्शन स्थल पर पहुंच चुके हैं.
राजघाट के चारों तरफ बड़ी संख्या में रैपिड एक्शन फोर्स, सीआरपीएफ और दिल्ली पुलिस की तैनाती है. कांग्रेस के तमाम बड़े नेता यहां प्रदर्शन के लिए जुट रहे हैं.
राहुल गांधी की सदस्यता जाने के बाद कांग्रेस प्रदर्शन कर रही है. पहले तय किया गया था कि राजघाट पर गांधी समाधि के पास प्रदर्शन होगा. लेकिन अब कांग्रेस राजघाट के सामने गांधी दर्शन स्मारक के बाहर प्रदर्शन कर रही है. राजघाट के अंदर गांधी की समाधि पर अनुमति न मिलने के चलते गांधी दर्शन के बाहर कांग्रेस के संकल्प सत्याग्रह का स्टेज लगाए गया है.
कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने कहा कि संसद में हमारी आवाज को खामोश करने के बाद सरकार ने हमें बापू की समाधि पर भी शांतिपूर्ण सत्याग्रह करने से मना कर दिया है. विपक्ष के हर विरोध को नकारना मोदी सरकार की आदत बन गई है. इससे हम डिगे नहीं, सत्य के लिए, अत्याचार के खिलाफ हमारी लड़ाई जारी है.
After silencing our voice in Parliament, the govt has refused to let us hold a peaceful Satyagraha at Bapu’s samadhi as well.
— K C Venugopal (@kcvenugopalmp) March 26, 2023
It has become a habit for the Modi govt to disallow every opposition protest. This will not deter us, our fight for truth, against tyranny goes on. pic.twitter.com/49KYRq8NCj
कांग्रेस के सत्याग्रह से पहले दिल्ली पुलिस की ओर से बड़ी जानकारी सामने आ रही है. पुलिस का कहना है कि सत्याग्रह के लिए परमिशन मांगी गई थई, लेकिन इसकी अनुमति नहीं दी गई है. पुलिस ने परमिशन न देने के पीछे धारा-144 लागू होने के साथ ही, कानून व्यवस्था और ट्रैफिक कंट्रोल वजह बताई है. पुलिस की ओऱ से कहा गया है कि हमें अंदेशा था कि यहां लोग एकत्र होंगे, मसलन एहतियातन सुरक्षा व्यवस्था से जुड़ी सभी बंदोबस्त किए हैं. (इनपुट- हिमांशु मिश्रा)

राहुल गांधी को संसद से अयोग्य किए जाने के विरोध में कांग्रेस ने शनिवार को राजस्थान के जयपुर, अजमेर और कोटा समेत अन्य शहरों में विरोध प्रदर्शन किया. अजमेर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की. कांग्रेस नेता ने कहा- राहुल गांधी सच्चाई की लड़ाई लड़ रहे हैं. वे बेरोजगारों के हित में बात करते हैं. उनके सवालों का जवाब देने के बजाय यह शर्मनाक हरकत की गई. कांग्रेस नेता अमित धारीवाल के नेतृत्व में पार्टी के सदस्यों ने गिरफ्तारी दी और उनमें से कुछ पुलिस बस की छत पर भी चढ़ गए. जिला प्रशासन के एक अधिकारी ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं का विरोध शांतिपूर्ण रहा है और लगभग 300 लोगों ने गिरफ्तारी दी है. बाद में उन्हें छोड़ दिया गया. वहीं गुरुग्राम में भी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया.

1984 के दंगों के आरोपी जगदीश टाइटलर कांग्रेस के सत्याग्रह से पहले दिल्ली के राजघाट पहुंचे. जगदीश टाइटलर पर 31 अक्टूबर, 1984 को तत्कालीन प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद हुए दंगों में भीड़ का नेतृत्व करने का आरोप लगाया गया था.

कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने शनिवार को पार्टी मुख्यालय में एक बार फिर प्रियंका गांधी वाड्रा और महासचिव के सी वेणुगोपाल और जयराम रमेश के साथ दोनों मुख्यमंत्रियों अशोक गहलोत और भूपेश बघेल के साथ बैठक की और आगे की रणनीति को लेकर चर्चा की.
कांग्रेस ने कहा है कि राहुल गांधी अकेले नहीं हैं और सच्चाई और न्याय की इस लड़ाई में लाखों कांग्रेसी साथ खड़े हैं. इसके लिए सभी प्रदेश कांग्रेस कमेटी को रविवार सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक सभी राज्य और जिला मुख्यालयों में गांधी प्रतिमाओं के सामने एक दिवसीय सत्याग्रह आयोजित करने के लिए कहा गया है.
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में राजघाट पर सत्याग्रह करेंगे. कांग्रेस राज्यों में प्रदेश मुख्यालय से लेकर जिला स्तर पर विरोध स्वरूप सत्याग्रह करेगी.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी को लोकसभा की सदस्यता से अयोग्य किए जाने के बाद राजनीति गरमा गई है. कांग्रेस आज सभी राज्यों और जिला मुख्यालयों पर गांधी प्रतिमाओं के सामने एक दिन का सत्याग्रह करेगी. कांग्रेस का कहना है कि राहुल गांधी को लेकर पार्टी एकजुटता के साथ खड़ी है और बीजेपी सरकार का विरोध करेगी. सत्याग्रह सुबह 10 बजे शुरू होगा और शाम 5 बजे खत्म होगा.