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गाड़ियों की स्पीड लिमिट 140 KM तक करने के पक्ष में गडकरी, संसद में लाएंगे बिल

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2021 में कहा कि हम स्पीड लिमिट बढ़ाने के पक्ष में है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट की कुछ बाधाएं हैं. इसके चलते हम चाह कर भी स्पीड लिमिट नहीं बढ़ा पा रहे हैं.

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केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी
स्टोरी हाइलाइट्स
  • नितिन गडकरी कार स्पीड लिमिट बढ़ाने को तैयार
  • केंद्रीय मंत्री का संसद के जरिए लिमिट बढ़ाने का प्लान
  • टेस्ला भारत में जल्द ही सस्ती कारें उतारेगा

देश में नेशनल हाईवे और एक्सप्रेस-वे पर गाड़ियों की स्पीड लिमिट जल्द ही बढ़ सकती है. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2021 में कहा कि हम स्पीड लिमिट बढ़ाने के पक्ष में है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट की कुछ बाधाएं हैं. इसके चलते हम चाह कर भी स्पीड लिमिट नहीं बढ़ा पा रहे हैं. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि अब हम तैयारी कर रहे हैं और संसद के जरिए गाड़ियों की स्पीड लिमिट बढ़ाने के लिए कदम उठाएंगे.  

नितिन गडकरी ने कहा कि भारत में गाड़ियों की स्पीड लिमिट का पैरामीटर हमारे लिए एक बड़ी चुनौतियों में से हैं. सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के कार स्पीड को लेकर कुछ फैसले हैं, जिसके चलते हम कुछ कर नहीं पा रहे हैं. देश में आज ऐसे-ऐसे एक्स्प्रेस-वे बन गया है और उन सड़कों पर एक कुत्ता भी नहीं आ पाता, क्योंकि रोड के दोनों ओर बैरिकेडिंग कर दी गई है. ऐसे में हमने प्लान बनाया है कि संसद में जाउंगा को बिल बनाकर सारे पैरामीटर बदल दूंगा. 

उन्होंने कहा कि स्पीड को लेकर एक मानसिकता बनी हुई है कि कार की स्पीड बढ़ी तो एक्सीडेंट हो जाएगा. इस परसेप्सन से बाहर निकलना है, जिसके लिए हम फाइल तैयार करा रहे हैं. इसमें एक्सप्रेस-वे से लेकर हाईवे और शहरों व जिलों की सड़कों की स्पीड लिमिट तैयार कर रहे हैं. लोकतंत्र में हमें कानून बनाने का अधिकार है और उस पर जजों को निर्णय करने का अधिकार है. 

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि मेरा व्यक्तिगत मत है कि एक्सप्रेस वे और हाइवे पर कारों की स्पीड लिमिट 120 से 140 किलोमीटर प्रति घंटा होनी चाहिए. ऐसे ही नेशनल हाईवे जो फोर लाइन की सड़कों पर स्पीड लिमिट 100 किलोमीटर प्रति घंटा, प्रदेश के हाईवे पर टू-लाइन सड़कों पर 80 किलोमीटर प्रतिघंटा और शहरों की सड़कों पर स्पीड 75 किलोमीटर प्रति घंटा होनी चाहिए. साथ ही उन्होंने कहा कि मैं तकनीकी तौर पर लिमिट 200 किमी कर सकता हूं, लेकिन सवाल हमारे ऊपर उठने लगेंगे. 

उन्होंने आगे कहा कि देश में टेस्ला की गाड़ियां 35 लाख रुपये में बेची जाएंगी. इस कंपनी के पास बढ़िया तकनीक है और यह कार सड़क पर बड़े आराम से चलती है. देश में आज कंक्रीट की सड़कें 60 फीसदी बन रही है. कंक्रीट की सड़क बनाने के लिए सीमेंट लेने लगा तो सीमेंट फैक्ट्रियों ने रेट बढ़ा दिया. इसके चलते हम अब दोनों तरह की सड़कें बना रहा हूं. 

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि वर्तमान में देश, पॉल्यूशन और अर्थव्यस्था की वजह से परेशानियों से गुजर रहा है. हमारा इंपोर्ट बिल फिलहाल आठ लाख करोड़ है. पांच सालों में यह 25 लाख करोड़ तक चली जाएगी. पेट्रोल और डीजल की वजह से हमलोग देश में पॉल्यूशन बढ़ा रहे हैं. आज हमें अपने देश को एयर पॉल्यूशन, वाटर पॉल्यूशन और साउंड पॉल्यूशन से बचाना होगा. 

गडकरी ने आगे कहा कि पेट्रोल का रेट अभी 110 रुपये हैं. केंद्र सरकार ऑटो सेक्टर के लिए ईंधन को लचीला रखना चाहती है. हमारे यहां लीथियम आयन की शॉर्टेंज नहीं है. भारत खुद ही लीथियम आयन बैटरी बना रहा है. इस मामले में भारत आने वाले समय में आत्म निर्भर भारत बनने वाला है. इलेक्ट्रिक गाड़ियों के लिए लीथियम बैटरी की फैक्ट्री है. 

उन्होंने कहा कि निकट भविष्य में भारत दूसरे देशों को भी इलेक्ट्रिक बैटरी बेच सकता है. जल्द ही ग्रीन हाइड्रोजन भी होगा. इलेक्ट्रिक गाड़ियों को लेकर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पहली बात तो सभी गाड़ियों के लिए चार्जर मिलेगा. अगर कोई भी व्यक्ति रात में गाड़ी चार्ज पर लगाता है तो वह सुबह चलने के लिए तैयार मिलेगी. इलेक्ट्रिकल कारें एक बार फुल चार्ज होने के बाद 400 किलोमीटर तक चल सकेंगी. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि ऐसी बैटरी बनाने पर काम चल रहा है, जो एक बार चार्ज होने पर 800 किलोमीटर तक चल सके.

 

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