राजधानी दिल्ली के तिहाड़ जेल के कैदियों ने बाजार से मुकाबला लेना शुरू कर दिया है. ये मुकाबला अपने हाथों से बनाए प्रोडक्ट को बाजार में बेचने का.
तिहाड़ के एक कैदी हाथ से बनाए कपड़े को दिखाता हुआ.
बात अगर नक्काशी की हो तो इसमें भी तिहाड़ के कैदियों का क्या कहना....
अपने बनाए हुए प्रोडक्टस को स्टॉल पर लगाए हुए...कैदियों के इन कामों की बहुत तारीफ हो रही है.
कनेफेक्शनरी की दुकान में मिलने वाला बिस्किट हो सकता है तिहाड के बने कैदियों का हो.
तिहाड़ के कैदियों ने आटे का उपयोग कर कई खाने की चीजें बनाई.
क्या पता सुबह जब आप स्वादिष्ट बिस्किट खाए तो वह कैदियों ने बनाई हो...