मंगलवार को लोकसभा में तेलंगाना बिल जबदस्त विरोध के बीच 32 संशोधनों के साथ पास हो गया. वोटिंग के दौरान जेडीयू और टीएमसी ने वॉकआउट किया. वोटिंग की कार्यवाही का प्रसारण टीवी पर नहीं दिखाया गया. बंद सदन में आंध्र के बंटवारे का बिल पास हुआ. बाद में लोकसभा टीवी की ओर से इसके पीछे ‘तकनीकी’ कारण बताए गए. इस पर गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे ने कहा कि ऐसी चीजें होती रहती हैं.
ब्लैकआउट को लेकर बीजेपी की ओर से सुषमा स्वराज ने भी सफाई देते हुए कहा कि उन्हें कार्यवाही का प्रसारण रोके जाने के बारे में नहीं मालूम था. सुषमा ने कांग्रेस पर ‘डबल गेम’ का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि हमने कुछ संशोधनों के लिए बात रखी थी. सुषमा ने यह भी बताया कि संसद में हुए हंगामे से आडवाणी दुखी हैं.
तेलंगाना बिल पास होने के साथ ही सीमांध्र के लिए आर्थिक पैकेज को भी मंजूरी दी गई है, लेकिन रकम का ऐलान नहीं किया गया.
मंगलवार को लोकसभा में तेलंगाना बिल पास हो गया और इसके पास होते ही ओसमानिया यूनिवर्सिटी में जश्न मनने लगा.
जैसे ही लोकसभा में तेलंगाना बिल पास हुआ तो तेलंगाना समर्थकों ने सड़क पर उतरकर जश्न मनाया.
लोकसभा में बिल पास होते ही टीआरएस के मुख्यालय में होली खेली गई.
लोकसभा में बिल पास होने के बाद टीआरएस नेता के. चंद्रशेखर राव प्रसन्न मुद्रा में.
टीआरएस कार्यकर्ताओं ने लोकसभा में बिल पास होने के बाद जमकर जश्न मनाया.
लोकसभा में बिल पास होने के बाद इस तरह से ऊपर वाले का शुक्रिया अदा किया गया.
लोकसभा में बिल पास होते ही तेलंगाना समर्थकों के चेहरे खिल उठे.
लोकसभा में बिल पास होने के बाद अपनी खुशी जाहिर करते टीआरएस नेता के. चंद्रशेखर राव.
तेलंगाना विधेयक लोकसभा में पारित होने के साथ ही तेलंगाना समर्थक सांसदों की खुशी देखने लायक थी.
तेलंगाना का विरोध भी जमकर हो रहा है. लोकसभा में बिल पास होने के बाद पुतला फूंककर अपना विरोध जताते तेलंगाना विरोधी.
तेलंगाना की तलवार कांग्रेस के लिए खतरनाक साबित होती जा रही है. कांग्रेस के अंदर तेलंगाना को लेकर जबरदस्त विरोध भी हो रहा है.
1956 में जब तेलंगाना को आंध्र प्रदेश का हिस्सा बनाया गया तब भी जबरदस्त प्रदर्शन और हिंसा का दौर चला था.
तेलंगाना को आंध्र प्रदेश का हिस्सा बनाने का वहां के लोगों ने घोर विरोध किया था.
आंध्र में तेलंगाना के विलय के समय भी सरकार को वहां के लोगों का जबरदस्त विरोध झेलना पड़ा था.
लोकसभा में तेलंगाना बिल पास होने पर वाईएसआर कांग्रेस ने इसे काला दिन बताया और बुधवार को पूरे आंध्र प्रदेश में बंद आह्वान किया.
तेलंगाना के विरोधी कांग्रेस नेता और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री किरण रेड्डी ने बुधवार को मुख्यमंत्री पद और कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया.
आंध्र प्रदेश के तटीय शहर विशाखापत्तनम में भी तेलंगाना का जबरदस्त विरोध हुआ.
तेलंगाना का विरोध कर रही वाईएसआर कांग्रेस ने विधेयक पारित होने के विरोध में बुधवार को बंद का ऐलान किया है.
लोकसभा में बिल पास होने के बाद तेलंगाना क्षेत्र में जमकर खुशियां मनायी जा रही हैं.
तेलंगाना के समर्थन में जहां जमकर खुशियां मनायी जा रही हैं, वहीं सुरक्षा के मद्देनजर सुरक्षाबलों की भी तैनाती राज्यभर में की गई है.
तेलंगाना के विरोध में इस तरह से सड़क पर बैठकर भी प्रदर्शन हुआ.
तेलंगाना के विरोध में पहले अनशन पर भी बैठ चुके हैं वाईएसआर कांग्रेस नेता जगनमोहन रेड्डी.
टीआरएस नेता एन. चंद्रशेखर राव तेलंगाना के लिए कई बार आंदोलन कर चुके हैं.
तेलंगाना समर्थक कई बार दिल्ली में अति सुरक्षित साउथ ब्लॉक तक पहुंच चुके हैं.
तेलंगाना के समर्थन में कई बार उग्र प्रदर्शन हो चुके हैं.
तेलंगाना के समर्थक कांग्रेस में भी कम नहीं हैं, लेकिन उसे अंदर से भारी विरोध का भी सामना करना पड़ रहा है.
वाईएसआर कांग्रेस ने तेलंगाना बिल लोकसभा में पास होने के बाद आंध्र प्रदेश में बंद का आह्वान किया है और इसका जबरदस्त असर भी देखने को मिल रहा है.
तेलंगाना समर्थकों ने लोकसभा में बिल पास होते ही इस तरह खुशी में होली खेली.
टीआरएस लंबे अरसे से अलग तेलंगाना के लिए लड़ रही थी और लोकसभा में बिल पास होने से पार्टी खुश है.