वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्थिक सर्वे किया पेश संसद का बजट सत्र आज से शुरू हो गया. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सदन में आर्थिक सर्वे पेश किया. बताया जा रहा है कि आर्थिक सर्वे में 2023-24 में विकास दर 6-6.8% तक रहने का अनुमान जताया गया है. इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित किया. यह राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का संसद में पहला अभिभाषण था. इस मौके पर उन्होंने कहा कि ये युग निर्माण का अवसर, हमें आत्मनिर्भर भारत बनाना है. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार गुलामी की मानसिकता से आजादी दिला रहा है. आज राजपथ कर्तव्य पथ बन गया है.
इससे पहले पीएम मोदी ने मीडिया से बात की. इस दौरान उन्होंने कहा कि आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का पहला अभिभाषण है. यह नारी सम्मान का मौका है. इतना ही नहीं पीएम मोदी ने विपक्ष के सांसदों से अपील की कि सत्र में तकरार भी रहेगी, लेकिन तकरीर भी होनी चाहिए. लोकसभा कल 11 बजे तक स्थगित हो गई है.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्थिक सर्वे पेश किया. बताया जा रहा है कि इसमें विकास दर 2023-24 में 6-6.8% रहने का अनुमान जताया गया है. आर्थिक सर्वे पेश होने के बाद लोकसभा कल 11 बजे तक स्थगित हो गई.
उन्होंने कहा, मेड इन इंडिया अभियान और आत्मनिर्भर भारत अभियान की सफलता का लाभ देश को मिलना शुरु हो चुका है. आज भारत में मैन्युफेक्चरिंग की अपनी कैपेसिटी भी बढ़ रही है और दुनिया भर से भी मैन्युफेक्चरिंग कंपनियां भारत आ रही हैं.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, आजादी के अमृतकाल में देश पंच प्राणों की प्रेरणा से आगे बढ़ रहा है. गुलामी के हर निशान, हर मानसिकता से मुक्ति दिलाने के लिए भी मेरी सरकार निरंतर प्रयासरत है. जो कभी राजपथ था, वह अब कर्तव्यपथ बन चुका है. आज कर्तव्य पथ पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा हर भारतीय को गौरवान्वित कर रही है. भारतीय सेना के परमवीर चक्र विजेताओं के नाम पर अंडमान निकोबार के 21 द्वीपों के नामकरण भी किया गया है.
राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा, जनधन-आधार-मोबाइल से फर्जी लाभार्थियों को हटाने से लेकर वन नेशन वन राशन कार्ड तक, एक बहुत बड़ा स्थाई सुधार हमने किया है. बीते वर्षों में डीबीटी के रूप में, डिजिटल इंडिया के रूप में, एक स्थाई और पारदर्शी व्यवस्था देश ने तैयार की है. आयुष्मान भारत योजना ने देश के करोड़ों गरीबों को और गरीब होने से बचाया है, उनके 80 हजार करोड़ रुपए खर्च होने से बचाए हैं.
राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा, पहले टैक्स रिफंड के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता था. आज ITR भरने के कुछ ही दिनों के भीतर रिफंड मिल जाता है. आज GST से पारदर्शिता के साथ-साथ करदाताओं की गरिमा भी सुनिश्चित हो रही है.
राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा, मेरी सरकार का स्पष्ट मत है कि भ्रष्टाचार लोकतंत्र का और सामाजिक न्याय का सबसे बड़ा दुश्मन है. इसलिए बीते वर्षों से भ्रष्टाचार के विरुद्ध निरंतर लड़ाई चल रही है. हमने सुनिश्चित किया है कि व्यवस्था में ईमानदार का सम्मान होगा. भ्रष्टाचार मुक्त इको सिस्टम बनाने, बेनामी संपत्ति अधिनियम को नोटिफाई किया गया है.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, सर्जिकल स्ट्राइक से लेकर आतंकवाद पर कठोर प्रहार तक, एलओसी से लेकर एलएसी तक हर दुस्साहस के कड़े जबाव तक, आर्टिकल 370 हटाने से लेकर तीन तलाक तक, मेरी सरकारी की पहचान निर्णायक सरकार की रही है.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, मैं आज इस सत्र के माध्यम से, देशवासियों का आभार व्यक्त करती हूं कि उन्होंने लगातार दो बार, एक स्थिर सरकार को चुना है. मेरी सरकार ने देशहित को सदैव सर्वोपरि रखा, नीति-रणनीति में संपूर्ण परिवर्तन की इच्छाशक्ति दिखाई. जो भारत कभी अपनी समस्याओं के समाधान के लिए दूसरों पर निर्भर था, वही आज दुनिया की समस्याओं के समाधान का माध्यम बना है. जिन सुविधाओं के लिए देश की एक बड़ी आबादी ने दशकों तक इंतजार किया, वे इन वर्षों में उसे मिली है.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, सरकार के लगभग नौ वर्षों में भारत के लोगों ने अनेक सकारात्मक परिवर्तन पहली बार देखे हैं. सबसे बड़ा परिवर्तन यह हुआ है कि आज हर भारतीय का आत्मविश्वास शीर्ष पर है और दुनिया का भारत को देखने का नजरिया बदला है. हमारे लिए युग निर्माण का अवसर है. हमें ऐसा भारत बनाना है जो आत्मनिर्भर है और जो अपने मानवीय दायित्व को पूरा करने में समर्थ हो, जिसमें गरीबी न हो, जिसका मध्यम वर्ग भी वैभव से युक्त हो. जिसकी युवाशक्ति, नारी शक्ति समाज और राष्ट्र को दिशा देने के लिए खड़ी हो.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि 2047 तक हमें ऐसे देश का निर्माण करना है, जो अतीत के गौरव से जुड़ा हो और जिसमें आधुनिकता के सभी स्वर्णिम अध्याय हों. हमें एक ऐसे भारत का निर्माण करना है जो 'आत्मनिर्भर' हो और अपने मानवीय कर्तव्यों को पूरा करने में सक्षम हो
इस मौके पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित किया. यह राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का संसद में पहला अभिभाषण है. इस मौके पर उन्होंने कहा कि अमृतकाल का यह 25 वर्ष का कालखंड, स्वतन्त्रता की स्वर्णिम शताब्दी का, और विकसित भारत के निर्माण का कालखंड है. ये 25 वर्ष हम सबके लिए और देश के प्रत्येक नागरिक के लिए कर्तव्यों की पराकाष्ठा करके दिखाने के हैं.
Delhi | President Droupadi Murmu's cavalcade on its way to the Parliament pic.twitter.com/HgvzKMqtZA
— ANI (@ANI) January 31, 2023
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण के दौरान कांग्रेस नेता सोनिया गांधी मौजूद रहेंगी. श्रीनगर में खराब मौसम के चलते कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे समेत तमाम कांग्रेसी सांसदों की फ्लाइट लेट हो गई है. ऐसे में मल्लिकार्जुन खड़गे की जगह सोनिया गांधी संसद में मौजूद रहेंगी.
पीएम मोदी ने कहा कि 2023 में बजट सत्र का प्रारंभ हो रहा है. प्रारंभ में ही अर्थजगत की आवाज को मान्यता होती है, वैसी आवाज चारों तरफ से सकारात्मक संदेश लेकर आ रही है. आशा की किरण लेकर आ रही है. उमंग की आवाज लेकर आ रही है. भारत के वर्तमान राष्ट्रपति जी पहली बार देश के सदन को संबोधित करेंगी. राष्ट्रपति जी का भाषण भारत के संविधान का गौरव है. संसदीय प्रणाली का गौरव है. विशेष रुप से आज नारी सम्मान का अवसर है. दूर सुदूर जंगलों में जीवन यापन करने वाले देश के महान आदिवासियों के सम्मान का अवसर है. न सिर्फ संसद के लिए बल्कि पूरे देश के लिए गौरव का पल है. आज राष्ट्रपति जी का पहला संबोधन हो रहा है. जब सदन में पहली बार कोई भी सांसद खड़े होकर बोलने वाला होता है, तो पूरा सदन उनको सम्मानित करता है. उनका आत्मविश्वास बढ़े, ऐसा माहौल पैदा किया जाता रहा है. यह परंपरा है. आज राष्ट्रपति का संबोधन भी पहला संबोधन है. सभी सांसदों की तरफ से उमंग और ऊर्जा से भरा हुआ पल हो, यह मेरा विश्वास है. सभी सांसद इस कटौती पर खरे उतरेंगे. देश की वित्त मंत्री भी महिला हैं, वे बजट लेकर देश के सामने आ रही हैं. आज के वैश्विक परिस्थिति में भारत के बजट की तरफ न सिर्फ भारत का लेकिन पूरे विश्व का ध्यान है. डमाडोल विश्व की आर्थिक परिस्थिति में भारत का बजट, भारत के समान मानवीय की आकांक्षाओं को पूरा करने की कोशिश करेगा, बल्कि विश्व जो आशा की किरण देख रहा है. मुझे पूरे भरोसा है, निर्मला जी इन अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास करेंगी. एनडीए सरकार का एक की मकसद रहा है, लक्ष्य रहा है, हमारे केंद्र बिंदू में सिर्फ सबसे पहले देश और सबसे पहले देशवासी वाला भाव रहा है. इस बजट सत्र में तकरार भी रहेगी लेकिन तकरीर भी होनी चाहिए, विपक्ष के सभी साथी तैयारी के साथ बारिकी से अध्ययन करके अपनी बात रखेंगे. सदन बहुत अधिक अच्छे तरीके से चर्चा करके अमृत निकालेंगे.
आर्थिक सर्वेक्षण पेश होने से पहले मंगलवार को बाजार में गिरावट देखी गई. सेंसेक्स 325 अंक गिरकर 59,175 पर पहुंच गया. जबकि निफ्टी 17,559 अंक पर है.
शिवसेना सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि यह सरकार को तय करना है कि संसद में हंगामा होगा या शांति से चलेगा. उन्होंने कहा कि हिंडनबर्ग का मुद्दा हो, बीबीसी डॉक्यूमेंट्री का या फिर कश्मीरी पंडितों का, सवाल तो पूछे जाएंगे. इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि शिवसेना महाराष्ट्र से कंपनियों को बाहर भेजने, फेडरल स्ट्रक्चर को लेकर भी सरकार से सवाल जवाब करेगी. उन्होंने कहा कि नए राष्ट्रपति का यह पहला भाषण है इसलिए हम इसका बहिष्कार नहीं करेंगे, बल्कि सुनना चाहेंगे कि सरकार क्या चाहती है? उन्होंने कहा कि जाहिर है कि सत्र काफी तूफानी होगा.
राष्ट्रपति मुर्मू के अभिभाषण के समय कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे समेत पार्टी के कई नेता मौजूद नहीं होंगे. कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने बताया कि खराब मौसम के चलते श्रीनगर एयरपोर्ट से फ्लाइट लेट हो गई है. इसके चलते मल्लिकार्जुन खड़गे समेत कांग्रेस के तमाम सांसद राष्ट्रपति अभिभाषण के दौरान मौजूद नहीं रहेंगे. ये नेता श्रीनगर में भारत जोड़ो यात्रा के समापन कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे.
YSR - जगन रेड्डी की पार्टी के सांसद सदन में जातिगत जनगणना का मुद्दा उठा सकते हैं. आपको बता दें कि जेडीयू और आरजेडी गठबंधन की सरकार ने बिहार में जातिगत जनगणना की शुरुआत कर दी है और सदन में दोनों ही पार्टियां राष्ट्रीय स्तर पर इस तरह की जनगणना की मांग कर सकती हैं.
SAD - शिरोमणि अकाली दल के लोकसभा सांसद सदन में पंजाब में कानून व्यवस्था का मुद्दा उठाएंगे. साथ ही किसानों की दुर्दशा के मुद्दे पर भी अपनी बात संसद में रखेंगे. शिरोमणि अकाली दल उन तमाम कैदियों की रिहाई की मांग भी करेगी जो कई दशकों से जेलों में सजा काट रहे हैं और जिसमें भुल्लर का नाम भी शामिल है.
AAP- बजट सत्र में आप हिंडनबर्ग, सोनम वांगचुक, LG द्वारा संघीय ढांचे का हनन और मंहगाई-बेरोजगारी दर कम करने का मुद्दा उठाएगी. आम आदमी पार्टी के सभी राज्यसभा सांसद बजट सत्र के दौरान उपराज्यपाल द्वारा दिल्ली सरकार के अधिकारों के हनन के मुद्दा उठाएंगे, जिसमें दिल्ली के साथ-साथ लद्दाख के उपराज्यपाल के खिलाफ सोनम वांगचुक द्वारा लगाए जा रहे आरोपों का मुद्दा भी उठाएंगे. आप सांसद अडानी के खिलाफ रिपोर्ट का मुद्दा भी उठाएंगे. आम आदमी पार्टी इस मुद्दे को सेबी के सामने ले जाने की तैयारी में भी है.
शिवसेना - शिवसेना भी हिंडनबर्ग रिपोर्ट को लेकर केंद्र सरकार से सवाल करेगी. शिव सेना सांसद प्रियंका चतुर्वेदी का कहना है कि पार्टी सदन में महाराष्ट्र में आने वाली निवेश को दूसरे राज्यों में ले जाने, महाराष्ट्र को सरकारी परियोजनाओं से दूर रखने, चीन की घुसपैठ के साथ साथ हिंडनबर्ग रिपोर्ट का मुद्दा उठाएगी.
लेफ्ट- लेफ्ट पार्टियों ने सरकार को तमाम मुद्दों पर घेरने की तैयारी की है. लेफ्ट पार्टियां बीबीसी डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग पर रोक, अडानी के खिलाफ रिपोर्ट और भारत सरकार की आर्थिक नीतियों के मुद्दे पर सरकार को घेरेंगी.
RJD - आरजेडी की तरफ से भी बीबीसी डॉक्यूमेंट्री पर लगाए गए बैन और अडानी के खिलाफ आई रिपोर्ट पर सरकार के खिलाफ हंगामे के आसार हैं. आरजेडी की ओर से महंगाई और बेरोजगारी का मुद्दा भी सदन में उठाया जाएगा.
BRS - तेलंगाना के मुख्यमंत्री और बीआरएस प्रमुख के चंद्रशेखर राव ने अपने तमाम सांसदों को निर्देश दिया है कि वह बजट सत्र के दौरान सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए जिसमें एलआईसी द्वारा अडानी में किए गए निवेश का मुद्दा शामिल होगा. बीआरएस की ओर से सरकारी कंपनियों के निजीकरण के मुद्दे पर भी हंगामे के आसार हैं. इसके साथ-साथ बीआरएस के सांसद संसद के दोनों सदनों में राज्यपालों और उनका इस्तेमाल करके केंद्र सरकार द्वारा अपनाए जा रहे रवैया का मुद्दा भी प्रमुख होगा. बीआरएस महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दे पर भी सरकार को घेरेगी.
बीजेपी नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि सरकार सदन में हर चर्चा और विमर्श के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि विपक्ष को तय करना है कि वह क्या चाहता है? क्योंकि हंगामे से सिर्फ खर्चा हो सकता है, चर्चा नहीं. उधर, केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बताया कि बैठक में सरकार की ओर से कहा गया है कि वह नियमों के अनुसार सभी विषयों पर चर्चा के लिए पूरी तरह से तैयार है. उन्होंने कहा, मैं सभी पार्टियों से सदन को एक सौहार्दपूर्ण माहौल में और सुचारु ढंग से चलाने में अपना सहयोग देने की अपील करता हूं.