Parliament Proceeding Live लोकसभा की कार्यवाही शुरू होने पर आज चेयर पर ओम बिरला की वापसी हो गई है. ओम बिरला आज कार्यवाही शुरू होने पर आसन पर आए. ओम बिरला के आसन पर आने, कार्यवाही शुरू होने के बाद विपक्षी सदस्य वेल में आ गए और हंगामा शुरू कर दिया. स्पीकर ने सदस्यों से प्रश्नकाल चलने देने की अपील की, लेकिन हंगामा जारी रहा.
स्पीकर ने कहा कि प्रश्नकाल को इतना महत्वपूर्ण मानता हूं, कि दो दिन चली चर्चा पर धन्यवाद भी नहीं दे रहा. आप प्रश्नकाल नहीं चलने देना चाहते? इस पर विपक्ष की ओर से किसी ने कहा कि हम चलाना चाहते हैं, सरकार चलने देना नहीं चाहती. स्पीकर बिरला ने इसके बाद कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी.
लोकसभा की कार्यवाही का समय एक घंटे के लिए बढ़ा दिया गया है. पीठासीन जगदंबिका पाल ने छह बजे सदन की सहमति से कार्यवाही का समय एक घंटे के लिए बढ़ाने की घोषणा की.
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी संसद भवन परिसर से निकल गए हैं. उनके साथ उनकी बहन प्रियंका गांधी भी रहीं. लोकसभा में अनुपूरक अनुदान मांगों पर चर्चा जारी है. लोकसभा में इस चर्चा के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण भी सदन में मौजूद हैं.
राज्यसभा की कार्यवाही कल, दिनांक 13 मार्च को दिन में 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है. राज्यसभा में आज ग्रामीण विकास मंत्रालय की अनुदान मांगों पर चर्चा हुई.
राजस्थान के सीकर से लेफ्ट के सांसद अमरा राम ने कहा कि हमारे यहां गैस के लिए हाहाकार है. एक कारखाना था कमर्शियल सिलेंडर भरने का, उसके मालिक ने कारखाना बंद कर दिया है कि हमारे पास गैस नहीं है. तमाम रेस्टोरेंट्स बंद हैं. चेयर से जगदंबिका पाल ने अमरा राम को टोकते हुए कहा कि विपक्ष के नेता ने नोटिस दिया था. सरकार की ओर से कहा गया कि विषय की संवेदनशीलता को हम मानते हैं. संबंधित मंत्री इस पर एक स्टेटमेंट देंगे. पेट्रोलियम मंत्री ने इस पर बयान भी दे दिया है. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि हम लोगों ने इतनी जल्दी पेट्रोलियम मंत्री का जवाब तैयार कराया. पेट्रोलियम मंत्री का स्टेटमेंट विपक्ष के नेता के रिक्वेस्ट पर हमने किया. लिखित नोटिस दिया विपक्ष के नेता ने, वो एपस्टीन फाइल्स पर चले गए, पर्सनल अटैक करने लगे. स्पीकर ने आज ही 32 मिनट का ऑब्जर्वेशन दिया, कम से कम आज तो गंभीरता दिखाना था. हल्केपन से लोकसभा को बना दिया. विपक्ष के नेता नियम तोड़ रहे हैं. ऐसा नहीं चलता. अब अनुदान मांगों पर चर्चा हो.
ओम बिरला के बाद आसन पर आए जगदंबिका पाल ने विपक्ष के सदस्यों से वेल खाली करने की अपील की. उन्होंने कहा कि इसी पर निशिकांत दुबे का नोटिस है, इसके बाद आपको अनुमति देंगे. निशिकांत दुबे ने कहा कि लीडर ऑफ प्रोपेगैंडा के खिलाफ मैंने पहले से ही नियम 353 के तहत नोटिस दिया हुआ है. निशिकांत दुबे ने फोटो दिखाते हुए कहा कि आम लोगों की समस्या को लेकर भी ये पिकनिक मना रहे हैं. ये अपने दोस्तों के साथ मिलकर चाय पी रहे हैं, बिस्कुट खा रहे हैं, टोस्ट खा रहे हैं. आप सोरोस का एजेंडा लागू करना चाहते हैं. इनकी भारत जोड़ो यात्रा को सोरोस ने फाइनेंस किया था. ये चाहते हैं कि चीन, पाकिस्तान हमला करें और भारत के टुकड़े टुकड़े हो जाए. राहुल गांधी पर कार्रवाई करिए. 384 को 378 के साथ देखिए. स्पीकर ने कहा है कि मकर द्वार पर कोई आंदोलन नहीं होगा. कोई चाय नहीं पी जाएगी. कोई टोस्ट नहीं होगा. जोरदार हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही पांच बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी.
लोकसभा सभा स्पीकर ओम बिरला ने हरदीप पुरी के बयान के बाद विपक्ष के नेता और विपक्ष को फटकार लगाई. उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता ने एलपीजी की कमी के मुद्दे पर नोटिस दिया था. नोटिस मेरे हाथ में है. मैंने उन्हें इस पर बोलने की अनुमति दी. वित्त विधेयक पर चर्चा रोककर बीच में मौका दिया. प्रतिपक्ष का जिम्मेदार नेता होने के बावजूद इस तरह का आचरण ठीक नहीं है. नोटिस किस बात का देते हो और किस बात पर बोलते हो. यह तरीका ठीक नहीं है. अगर आपको आरोप लगाना है किसी पर, तो नियम 353 के तहत नोटिस दो. अगर मैं अलाउ करता हूं, तब बोलो. सदन नियमों से चलेगा. ऐसे नहीं चलेगा.
हरदीप पुरी ने लोकसभा में कहा कि हमारे पास पर्याप्त कच्चा तेल है. डीजल-पेट्रोल और गैस सिलेंडर की कोई किल्लत नहीं है. एलएनजी कार्गो रोजाना आ रहे हैं. दूसरे मार्गों से भी सप्लाई आ रही है. सीएनजी की सप्लाई सौ फीसदी जारी है. कनाडा, नॉर्वे, रूस से हम ईंधन ले रहे हैं. एलपीजी का उत्पादन 28 प्रतिशत बढ़ा है. अल्टरनेट फ्यूल चैनल्स को एक्टिवेट कर दिया गया है. रिटेलर्स के जरिये केरोसिन तेल भी उपलब्धता सुनिश्चित कराई जा रही है. तीन मंत्रियों की कमेटी बनाई गई है, जो हालात पर नजर रखे हुए है. हम लंबे समय तक ऐसे हालात से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. देश में पैनिक की वजह से डिमांड बढ़ी है. गैस को लेकर प्राथमिकताएं तय कर दी गई हैं. हरदीप पुरी की स्पीच के दौरान विपक्षी सदस्यों ने 'देखो-देखो कौन आया, एपस्टीन का दोस्त आया' के नारे लगाए.
एलपीजी संकट पर केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी लोकसभा में बयान दे रहे हैं. हरदीप पुरी के बयान के दौरान विपक्षी सदस्य एपस्टीन-एपस्टीन के नारे लगा रहे हैं. विपक्ष की नारेबाजी, जोरदार हंगामे के बीच हरदीप पुरी ने लोकसभा में कहा कि भारत में क्रूड सप्लाई सुरक्षित है. उन्होंने कहा कि होर्मुज से 20 फीसदी आवाजाही प्रभावित है. देश में अभी पर्याप्त गैस है. गैस सिलेंडर पर पैनिक होने की जरूरत नहीं है.
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी बोल रहे हैं. राहुल गांधी ने ईरान युद्ध का उल्लेख करते हुए कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद है. देश में एलपीजी को लेकर संकट है. स्ट्रीट वेंडर्स पर ज्यादा प्रभाव पड़ा है. अमेरिका कौन होता है हमें यह बताने वाला कि हम किससे तेल खरीदेंगे, किससे गैस खरीदेंगे. छोटे व्यापारी परेशान हो रहे हैं. मैंने कहा कॉम्प्रोमाइज्ड. यहां एक मंत्री जी बैठे हैं, जिन्होंने कहा था एपस्टीन दोस्त. इस बात पर संसद में भारी हंगामा शुरू हो गया. ट्रेजरी बेंच की ओर से हंगामा शुरू हो गया. स्पीकर ने राहुल गांधी को टोकते हुए कहा कि आपने नोटिस कुछ और दिया है. नोटिस बोलिए. नियम से परे बोलने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी. स्पीकर ने सपा सांसद धर्मेंद्र यादव से पूछा कि कुछ बोलना चाहते हैं. धर्मेंद्र यादव ने कहा कि विपक्ष के नेता अपनी बात पूरी कर लें, उसके बाद बोलना चाहेंगे.
सुप्रिया सुले ने अनुदान मांगों पर बोलते हुए कहा कि दुनिया क्राइसिस में है. हम सब भी क्राइसिस में आएंगे. सरकार को अर्जेंट बेसिस पर ऑल पार्टी मीटिंग बुलानी चाहिए. जगह-जगह गैस की किल्लत होने लगी है. यह वही विपक्ष है, जो ऑपरेशन सिंदूर के समय भी पूरी तरह सरकार के साथ खड़ा रहा. गैस की किल्लत का असर रेस्टोरेंट्स, मंदिर, एमएसएमई पर पड़ रहा है. सरकार को इस मुद्दे पर कम से कम एक स्टेटमेंट आना चाहिए था. मुंबई में लोग डरे हुए हैं कि सिलेंडर मिलेगा कि नहीं. कीमत बढ़ा दिया, वेटिंग पीरियड बढ़ा दिया, लेकिन सिलेंडर मिलेगा या नहीं... इसके लिए सरकार क्या कर रही है. ट्रंप ने एक ट्वीट किया है नए ट्रेड एक्ट को लेकर. सरकार को इस पर भी क्लैरिफाई करना चाहिए कि इसका असर क्या पड़ेगा और इसे लेकर भारत पर असर क्या पड़ेगा. सरकार ने अमोनिया को रिप्लेस करने के लिए ग्रीन अमोनिया फर्टिलाइजर लाने की बात कही थी. क्या हुआ, पॉलिसी आगे बढ़ी ही नहीं.
टीएमसी की सांसद प्रतिभा मंडल, सयानी घोष, महुआ मोइत्रा, माला रॉय सहित अन्य महिला सांसदों ने एलपीजी शॉर्टेज की ओर ध्यान आकृष्ट कराने के लिए बर्तन बजाए. टीएमसी की महिला सांसद थाली, फ्राइन पैंग, चम्मच लेकर सदन में पहुंची हैं. चेयर से संध्या राय ने कहा कि इस तरह का व्यवहार उचित नहीं है. आप लोग अपनी सीट पर जाइए. केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यह पूरी दुनिया के लिए कठिन समय है. ऐसे कठिन समय का मुकाबला देश को एकजुट होकर करना होगा. इस तरह की राजनीति करके ऐसी परिस्थितियों का मुकाबला नहीं किया जा सकता.
टीएमसी के सांसद कीर्ति आजाद झा ने गैस सिलेंडर शॉर्टेज का मुद्दा उठाते हुए कहा कि अयोध्या की सीता रसोई में भी चूल्हा जलना बंद हो चुका है. प्रधानमंत्री ने 2017 में जो बात कही थी कैसे बर्तन में छेद करो, उल्टा करो, पाइप लगाओ... सरकार ने उस पर भी ध्यान दिया होता तो आज देश में यह स्थिति उत्पन्न नहीं होती. हर घर के बाहर गटर है, गटर गैस से ही जरूरत पूरी हो जाती. यह अनुदान मांगें दो लाख करोड़ की हैं और इतना पैसा इस सरकार ने बंगाल का रोक रखा है. 2022 में जो छत मिलना था, नहीं मिला. 24000 करोड़ रुपया नहीं दिया. ममता सरकार ने 38,400 करोड़ रुपये दिया. 2021 में भी मुंह की खाए थे, 2026 में भी मुंह की ही खाएंगे. आजकल तो लोग ज्यादातर वॉट्सएप यूनिवर्सिटी से ज्ञान ले रहे हैं. आजकल तो गलगोटिया भी आ गया है. अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पश्चिम बंगाल के 101 रेलवे स्टेशनों के निर्माण का लक्ष्य रखा गया था, हुए हैं तीन. मंत्री जी बता नहीं पाए.
लोकसभा में अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान जगदंबिका पाल बोल रहे हैं. इस दौरान विपक्ष के सदस्यों ने जोरदार हंगामा किया. विपक्ष के हंगामे पर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव खड़े हुए और कहा कि देश पर जब संकट आएगा, एकजुट होकर समाधान करना होगा.
लोकसभा में अनुदान मांगों पर चर्चा शुरू हो गई है. उत्तर प्रदेश के डुमरियागंज से सांसद जगदंबिका पाल ने अनुदान मांगों पर चर्चा की शुरुआत की है.
लोकसभा और राज्यसभा, दोनों सदनों की कार्यवाही फिर से शुरू हो गई है. लोकसभा में चेयर पर संध्या राय आई हैं. संध्या राय ने कहा कि अगर सदन की सहमति हो तो हम अनुदान मांगों पर चर्चा शुरू करें? संध्या राय ने कहा कि इस पर चर्चा के लिए चार घंटे का समय तय किया गया है. उन्होंने इस पर चर्चा शुरू करने के लिए जगदंबिका पाल का नाम भी ले लिया, जगदंबिका पाल ने बोलना भी शुरू कर दिया, लेकिन एनके प्रेमचंद्रन ने इस पर आपत्ति जताई और चेयर से रूलिंग की डिमांड की. इस पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि स्पीकर ने अविश्वास प्रस्ताव के नोटिस के बाद से ही बीएसी की मीटिंग भी चेयर नहीं की है.
लोकसभा और राज्यसभा, दोनों सदनों की कार्यवाही दो बजे तक के लिए स्थगित हो गई है. लोकसभा में स्पीकर ओम बिरला ने अपने खिलाफ आए अविश्वास प्रस्ताव पर दो दिन चली चर्चा को लेकर अपनी बात रखी. इसके बाद कार्यवाही दो बजे तक स्थगित करने की घोषणा कर दी. वहीं, राज्यसभा में भोजनावकाश हो गया है.
स्पीकर ओम बिरला ने माइक बंद करने के आरोप पर कहा कि माइक का बटन स्पीकर के पास नहीं होता. जिसे बोलने की अनुमति होगी, उसका माइक ऑन होगा. मैंने हमेशा संतुलन बनाए रखने का प्रयास किया. जिस तरह से विपक्ष की महिला सदस्य वेल में आईं और प्रधानमंत्री की चेयर का घेराव किया, कुछ भी अप्रत्याशित हो सकता था और इसीलिए मैंने नेता सदन से सदन में न आने का आग्रह किया. लोकतंत्र में हर किसी की आवाज सुनी जाती है. एक विद्वान सदस्य ने फ्रीडम ऑफ स्पीच पर बहुत विस्तार से बात रखी. यह सदन नियमों से चलता है. सदन की मर्यादा को बनाने, अच्छी परंपराएं बनाने का प्रयास हम सभी को करना चाहिए. विश्वास भरोसा बनाए रखने के लिए सामूहिक संकल्प भी देना चाहिए और विचार-विमर्श भी करना चाहिए. दो दिन की चर्चा में कई सदस्यों ने उपलब्धियों की भी बात की. यह मेरी नहीं, सदन की उपलब्धि है, सामूहिक उपलब्धि है.
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि आसन की निष्पक्षता पर भी बात हुई. मैंने निष्पक्ष तरीके से, नियमों के तहत सदन चलाने की कोशिश की. मैंने सदन की गरिमा बढ़ाने का प्रयास किया. सभी सदस्यों को अपनी बात रखने का अवसर देने, निष्पक्ष तरीके से सदन की कार्यवाही का संचालन करने का प्रयास किया. कुछ माननीय सदस्यों ने नेता प्रतिपक्ष को बोलने से रोका जाता है, पर्याप्त अवसर नहीं दिया जाता है. नेता सदन हों, विपक्ष के नेता हों या मंत्री, सभी को नियमों के तहत ही बोलना होता है. कुछ सदस्यों का कहना था कि विपक्ष के नेता किसी भी विषय पर बोल सकते हैं. स्पष्ट करना चाहता हूं कि कोई भी नियमों से ऊपर नहीं हैं. सदन नियमों से चलता है और ये नियम मैंने नहीं बनाए हैं. ये नियम मुझे विरासत में मिले हैं. सदन किसी एक व्यक्ति का नहीं है, सभी के लिए है और सभी के लिए नियम समान हैं. प्रधानमंत्री या मंत्री को भी वक्तव्य देना होता है, तो वे भी पहले नोटिस देते हैं. कोई भी व्यक्ति नियमों से ऊपर नहीं है. दस्तावेजों के लिए भी पूर्व अनुमति जरूरी है. सदन की प्रक्रिया लागू करना मेरा दायित्व है और सदन की मर्यादा बनाए रखने के लिए कठोर फैसले लेने पड़ते हैं.
स्वतंत्र भारत के इतिहास में तीसरी बार स्पीकर के खिलाफ अविश्वास के प्रस्ताव पर 12 घंटे चर्चा हुई. सबसे अधिक चर्चा रही, ताकि सभी सदस्यों के विचार, तर्क और चिंताएं सदन के सामने आ सकें. प्रतिपक्ष के सदस्यों ने विपक्ष की आवाज दबाने की बात कही. माननीय सदस्यों ने सदन की गरिमापूर्ण परंपराओं, नियमों और प्रक्रियाओं पर अपने विचार रखे. यह सदन भारत के 140 करोड़ जनता का प्रतिनिधित्व करता हैं. हमेशा प्रयास किया सदन में हर सदस्य नियमों के तहत अपने विचार व्यक्त करे. सभी को पर्याप्त अवसर भी देने का प्रयास मैंने किया. यह सदन समाज के हर व्यक्ति की आवाज बने, ऐसा प्रयास किया. सदन की कार्यवाही में सभी को हिस्सा लेने के लिए प्रेरित करने का प्रयास किया. मैंने चैंबर में बुलाकर आग्रहपूर्वक अपने क्षेत्र की आवाज सदन में रखें. लोकतंत्र में सहमति-असहमति की महान परंपरा हमेशा रही है.
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने देश में गैस सिलेंडर की शॉर्टेज को लेकर प्रधानमंत्री पर हमला बोला है. राहुल गांधी ने कहा है कि मोदी जी देशवासियों को कह रहे हैं पैनिक मत कीजिए. और खुद ही पैनिक कर रहे है. वो पैनिक है एप्स्टीन फाइल को लेकर,,अडानी केस को लेकर.संसद में आ नही पा रहे. क्योंकि अपने आप पैनिक हैं.
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह ने सोशल मीडिया पर अश्लील कंटेंट का मुद्दा उठाया. उन्होंने कहा कि इस पर रोक बहुत जरूरी है. रिसर्च से पता चलता है कि बहुत से बच्चे अश्लील कंटेंट देखते हैं. यह सामाजिक सुरक्षा के लिए भी जरूरी है. ऐसे कंटेंट के कारण बच्चे महिलाओं को वस्तु की तरह देखने लग जाते हैं. इस खतरे को कई देशों ने माना है. अमेरिका से ऑस्ट्रेलिया तक, अश्लील कंटेंट वाली साइट्स की जांच और भारी जुर्माने का प्रावधान है. सोशल मीडिया का उपयोग रचनात्मक कार्यों के लिए हो, समाज को नुकसान पहुंचाने के लिए न हो.
लोकसभा में आसन पर ओम बिरला की वापसी हो गई है. गुरुवार को जब सदन की कार्यवाही शुरू हुई, आसन पर ओम बिरला आए. सदन में हंगामा शुरू हो गया, इस पर ओम बिरला ने बोलना शुरू किया. ओम बिरला ने जब बोलना शुरू किया, सदन में सन्नाटा छा गया. हंगामा कर रहे विपक्षी सदस्य भी शांत हो गए. ओम बिरला ने विपक्ष से प्रश्नकाल चलने देने की अपील की और कहा कि इसे इतना महत्वपूर्ण मानता हूं कि सदन में दो दिन हुई चर्चा पर धन्यवाद भी नहीं कह रहा. 12 बजे बोलूंगा. उन्होंने विपक्ष से पूछा कि क्या आप प्रश्नकाल नहीं चलने देना चाहते. विपक्षी सदस्यों ने कहा कि हम चाहते हैं, सरकार नहीं चाहती. ओम बिरला ने इसके बाद सदन की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.