मुंबई में बारिश के बाद सड़कों पर पानी भर गया है. इस कारण दफ्तर के लिए निकले हजारों लोग जहां तहां अटके हुए हैं. मुंबई के कई इलाकों में कई किलोमीटर लंबा भयंकर जाम लगा हुआ है.
मुंबई में पिछले कई दिनों से भारी बारिश हो रही है जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. कई जगह मकान गिरे हैं जिसमें दबकर कई लोगों की मौत हो गई है. आने वाले दिनों में भी बारिश से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है. मुंबई और आसपास के इलाकों में भारी बारिश अमूमन 64.5 मिमी से 115.5 मिमी होती है लेकिन आने वाले दिनों में इससे भी ज्यादा बारिश हो सकती है.
Mumbai: Water logging and traffic jam in parts of the city following heavy rainfall.
— ANI (@ANI)
उत्तर कोंकण में चक्रवातीय परिस्थितियां बन रही हैं. इससे नमी की मात्रा बढ़ रही है जिसके चलते भारी बारिश का खतरा अभी भी बना हुआ है. राज्य के बाकी इलाकों में सामान्य बारिश की उम्मीद है.पिछले कई दिनों से जारी बारिश के कारण 35 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. मलाड उपनगर में पिंपरीपाड़ा में एक स्कूल के अहाते की दीवार उससे सटकर बनीं कुछ झोपड़ियां पर गिर गई थी जिससे 19 लोगों की मौत हो गई थी. राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ), मुंबई अग्निशमन और अन्य एजेंसियों ने मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए व्यापक बचाव अभियान चलाया.
पुणे के सिंहगढ़ कॉलेज के अहाते की दीवार उससे सटी झोपड़ियों पर गिरने से सात लोगों की मौत हो गई थी. मलाड उपनगर में बाढ़ में फंसे एक वाहन में फंसे दो लोग मंगलवार को मृत पाए गए. पास में लगे ठाणे जिले के कल्याण कस्बे में राष्ट्रीय उर्दू विद्यालय की चाहरदीवारी गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए.