scorecardresearch
 

अमरावती सीट पर वोटिंग खत्म, विपक्ष को मिलेगा मौका या शिवसेना का जलवा रहेगा बरकरार?

Amravati Lok Sabha Constituency महाराष्ट्र की अमरावती सीट पर 2019 लोकसभा चुनाव के लिए 24 उम्मीदवार मैदान में हैं. अमरावती सीट से शिवसेना ने इस बार भी मौजूदा सांसद अड़सुल आनंदराव को ही चुनाव मैदान में उतारा है. उनका सीधा मुकाबला कांग्रेस-एनसीपी महागठबंधन में शामिल अमरावती की युवा स्वाभिमान पार्टी के अध्यक्ष रवि राणा की पत्नी नवनीत कौर राणा से है.

Advertisement
X
प्रतीकात्मक तस्वीर (Getty Images)
प्रतीकात्मक तस्वीर (Getty Images)

महाराष्ट्र की अमरावती लोकसभा सीट पर 18 अप्रैल को वोटिंग हुई.  कड़ी सुरक्षा के बीच यहां पर चुनाव शांतिपूर्ण संपन्न हुआ. यहां पर शाम पांच बजे तक 55.43 फीसदी मतदान रिकॉर्ड दर्ज किया गया था. अब 23 मई को नतीजे घोषित किए जाएंगे. महाराष्ट्र में गुरुवार को मौसम में नरमी थी इस वजह से पिछले चुनाव की अपेक्षा ज्यादा लोग मतदान करने निकले. 2019 लोकसभा चुनाव के लिए अमरावती सीट से 24 उम्मीदवार चुनाव मैदान में उतरे हैं, जिसमें 15 निर्दलीय प्रत्याशियों ने भी अपनी किस्मत आजमाई.

UPDATES....

अमरावती सीट पर 5 बजे तक 55.43 फीसदी वोटिंग

5-pm_041819065929.jpg

महाराष्ट्र में 5 बजे तक 57.22% मतदान

अमरावती सीट पर 3 बजे तक 45.63 फीसदी मतदान हुआ.

महाराष्ट्र में दोपहर 3 बजे तक 46.63% मतदान

अमरावती सीट पर दोपहर 1 बजे तक 33.68 फीसदी मतदान

Advertisement

1-pm_041819021733.jpg1 बजे तक का वोटिंग प्रतिशत

महाराष्ट्र में सुबह 11 बजे तक कुल 21.47 प्रतिशत मतदान

अमरावती सीट पर  सुबह 11 बजे तक  20.06 फीसदी मतदान

अमरावती में सुबह 9 बजे तक 6.40 फीसदी मतदान

polling-9-am_041819102300.jpg9 बजे तक मतदान का प्रतिशत

मैदान में है ये उम्मीदवार

अमरावती लोकसभा सीट से शिवसेना ने इस बार भी मौजूदा सांसद अड़सुल आनंदराव को ही चुनाव मैदान में उतारा है. उनका सीधा मुकाबला कांग्रेस-एनसीपी महागठबंधन में शामिल अमरावती की युवा स्वाभिमान पार्टी के अध्यक्ष रवि राणा की पत्नी नवनीत कौर राणा से है. वहीं बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने अरुण वानखेड़े को प्रत्याशी घोषित किया है. बहुजन महा पार्टी ने अठावले संजय को टिकट दिया है जबकि 15 निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं.

बता दें कि महाराष्ट्र की 48 लोकसभा सीटों में से अमरावती समेत 10 लोकसभा सीटों पर दूसरे चरण में वोटिंग हुई. अमरावती, बुलढाणा, अकोला, हिंगोली, नादेड़, परभणी, बीड, उस्मानाबाद, लातूर, सोलापुर सीटों पर 18 अप्रैल को मतदान संपन्न हुआ . महाराष्ट्र में लोकसभा चुनाव के लिए शिवसेना और बीजेपी का गठबंधन है. जिसमें दोनों पार्टियों के बीच 25/23 का फॉर्मूला तय है, यानी कुल 48 लोकसभा सीटों में से शिवसेना 23 और बीजेपी 25 सीटों पर चुनाव लड़ रही है.

अमरावती लोकसभा सीट पर पिछले 25 सालों से शिवसेना जीतती आ रही है. वर्तमान में शिवसेना नेता आनंदराव अड़सूल यहां से लोकसभा सांसद हैं. आनंदराव अड़सूल पिछले दो बार से जीतते आ रहे हैं.

Advertisement

सीट का चुनावी समीकरण

अमरावती लोकसभा सीट की खास बात यह है कि जितनी बार भी यहां से प्रमुख दलों की महिला प्रत्याशी उतरीं, उन्हें जीत हासिल हुई. आंकड़ों पर नजर डालें तो कांग्रेस से पहली बारी ऊषा चौधरी को 1980 में अमरावती लोकसभा सीट से चुनाव मैदान में उतारा और वो जीतकर संसद पहुंचीं. वहीं 1991 में प्रतिभा पाटिल को कांग्रेस ने टिकट द‍िया. उन्होंने श‍िवसेना के प्रकाश पाटिल को हराया. हालांकि, इस सीट से प्रतिभा पाटिल केवल एक ही बार चुनाव लड़ीं. बता दें कि प्रतिभा पाटिल भारत की 12वीं राष्ट्रपति भी रह चुकी हैं.

अमरावती लोकसभा सीट के अंतर्गत 6 विधानसभा क्षेत्र आते हैं. इनमें बड़नेरा, अमरावती, तिवसा, दर्यापुर, मेलघाट, अचलपुर शामिल हैं. अमरावती, दर्यापुर, मेलघाट विधानसभा सीट बीजेपी के पास है तो वहीं तिवसा सीट पर कांग्रेस का दबदबा है. बड़नेरा और अचलपुर सीट निर्दलीय के पास है.

गौरतलब है कि 2014 का लोकसभा चुनाव बीजेपी और शिवसेना ने मिलकर लड़ा था. अमरावती सीट पर लंबे समय से शिवसेना का राज है. इस बार के चुनाव में जहां शिवसेना को अपनी सीट पर कब्जा बरकरार रखने की चुनौती है तो वहीं दूसरी और विरोधी दल इस सीट पर पहली बार जीत हासिल करने की कोशिश करेंगे. अमरावती सीट का मुकाबला दिलचस्प है, देखना होगा कि जनता अपने पुराने साथी को चुनती है या फिर कुछ चौंकाने वाले नतीजे सामने आएंगे.

Advertisement

चुनाव की हर ख़बर मिलेगी सीधे आपके इनबॉक्स में. आम चुनाव की ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए सब्सक्राइब करें आजतक का इलेक्शन स्पेशल न्यूज़लेटर

Advertisement
Advertisement