scorecardresearch
 

खबर पॉजिटिव है! MP में 100 साल की बुजुर्ग ने सिर्फ 4 दिनों में कोरोना को हराया

100 साल की उम्र में कोरोना को मात देने वालीं नारायणी देवी ने उचित जीवनशैली और सही खानपान को अपनी सेहत का राज बताया है. उन्होंने कहा कि वो सिर्फ घर का ही खाना खाती हैं लिहाजा उनको ज्यादा परेशानी नहीं हुई और उन्होंने बेहद जल्दी कोरोना को हरा दिया. 

सांकेतिक तस्वीर सांकेतिक तस्वीर
स्टोरी हाइलाइट्स
  • 100 साल की नारायणी देवी कुछ रोज पहले कोरोना पॉजिटिव हुईं
  • चार दिन में ही नारायणी देवी ने कोरोना को हरा दिया

एक तरफ जहां कोरोना की दूसरी लहर में हर वर्ग के लोग बुरी तरह से प्रभावित हो रहे हैं तो वहीं इस बीच मध्यप्रदेश के ग्वालियर से बेहद ही सकारात्मक ख़बर आई है. यहां 100 साल की बुजुर्ग महिला ने महज 4 दिन चले इलाज के बाद ही कोरोना को हरा दिया. ग्वालियर की रहने वालीं 100 साल की नारायणी देवी कुछ रोज पहले कोरोना पॉजिटिव पाई गई थीं. उनके परिजनों के लिए यह चिंता की बात थी क्योंकि नारायणी देवी हार्ट पेशेंट भी हैं और उन्हें अभी तक कोरोना वैक्सीन की डोज़ भी नहीं लगी थी. लिहाज़ा सब परेशान थे. 

नारायणी देवी की बेटी खुद एक डॉक्टर हैं लिहाज़ा उन्होंने नारायणी देवी को जयारोग्य अस्पताल में भर्ती करवा दिया. यहां चार दिन में ही नारायणी देवी ने कोरोना को हरा दिया है और स्वस्थ्य होकर घर लौट आईं. डॉक्टरों का कहना है कि समय पर अस्पताल पहुंचने और उचित देखभाल से 100 साल की नारायणी देवी ने कोरोना को हरा दिया. 

वहीं, 100 साल की उम्र में कोरोना को मात देने वालीं नारायणी देवी ने उचित जीवनशैली और सही खानपान को अपनी सेहत का राज बताया है. उन्होंने कहा कि वो सिर्फ घर का ही खाना खाती हैं लिहाजा उनको ज्यादा परेशानी नहीं हुई और उन्होंने बेहद जल्दी कोरोना को हरा दिया. 

ऑक्सीजन उत्पादन में आत्मनिर्भर बनेगा एमपी

वहीं कोरोना की दूसरी लहर में जहां एक तरफ पूरा देश ऑक्सीजन की जबरदस्त किल्लत से जूझ रहा है. वहीं मध्य प्रदेश अब ऑक्सीजन उत्पादन में आत्मनिर्भर बनने की ओर कदम बढ़ा रहा है. एमपी सरकार ने नई पॉलिसी के तहत ऑक्सीजन प्लांट लगाने पर 75 करोड़ रुपए तक की सहायता राशि देने का ऐलान किया है. 

इस फैसले की जानकारी देते हुए गृहमंत्री और राज्य सरकार के प्रवक्ता नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि सरकार ने ऑक्सीजन की समस्या को खत्म करने के लिए ऑक्सीजन उत्पादन के लिए अधिकतम 75 करोड़ रुपए तक की सहायता का विशिष्ट पैकेज प्रदान करने का फैसला लिया है. और इस संबंध में प्रशासन द्वारा आदेश भी जारी कर दिए गए हैं. यह योजना नई यूनिट्स, वर्तमान में चल थी यूनिट्स, मेडिकल कॉलेजों, अस्पतालों और नर्सिंग होम के लिए भी लागू होगी. 

 

 

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें