गुजरात के जाम खंभालिया-द्वारका राजमार्ग पर मंगलवार को एक दर्दनाक हादसे में चलती कार में आग लगने से पिता और बेटी की जिंदा जलकर मौत हो गई. जबकि परिवार की एक महिला सदस्य को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई.
जानकारी के अनुसार यह हादसा रंजीपुर गांव के पास उस समय हुआ, जब एक स्विफ्ट कार अचानक आग की चपेट में आ गई. कार में एक ही परिवार के तीन सदस्य सवार थे. बताया जा रहा है कि कार सड़क पर सामान्य रूप से चल रही थी, तभी अचानक उसमें धुआं उठने लगा. देखते ही देखते आग ने पूरी कार को अपनी चपेट में ले लिया.
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक आग इतनी तेजी से फैली कि कार में बैठे लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला. हादसे के दौरान कार में सवार सतिबेन किसी तरह वाहन से बाहर निकलने में सफल रहीं. हालांकि उनके पति वल्लभभाई सुवा और 23 वर्षीय बेटी हीरालबेन कार के अंदर ही फंस गए. आग ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे दोनों गंभीर रूप से झुलस गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई.
मामले की जांच में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और पुलिस मौके पर पहुंची. लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जल चुकी थी. बाद में दमकल विभाग की टीम ने आग पर काबू पाया. पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जाम खंभालिया सरकारी अस्पताल भेज दिया है. वहीं सतिबेन को मामूली चोटें आने के बाद इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया.
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वाहन के अवशेषों की जांच के बाद ही आग लगने की वास्तविक वजह स्पष्ट हो पाएगी. स्थानीय लोगों ने बताया कि आग इतनी भयावह थी कि कुछ ही देर में पूरी कार जलकर राख हो गई. घटना ने सड़क सुरक्षा और वाहनों की तकनीकी जांच को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं.
प्रारंभिक जांच में पुलिस को आशंका है कि कार में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी होगी. हालांकि पुलिस और तकनीकी टीम मामले की गहन जांच कर रही है.
(इनपुट- रजनीकांत जोशी)