आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद बुधवार देर शाम को तिहाड़ जेल से बाहर आ गए. जेल के बाहर उनके स्वागत के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ जुटी. कार्यकर्ताओं ने संजय सिंह के बाहर निकलते ही 'देखो देखो कौन आया, शेर आया, शेर आया' और 'संजय सिंह जिंदाबाद' के नारे लगाए. आप कार्यकर्ताओं की नारेबाजी के बीच राज्यसभा सांसद को माला पहनाई और ढोल-नगाड़ों के साथ उनका स्वागत किया गया.
आप सांसद ने बाहर निकलकर गाड़ी ऊपर चढ़कर सभी पार्टी कार्यकर्ताओं का अभिवादन किया और नारा दिया, 'जेल के ताले टूटेंगे, अरविंद केजरीवाल छूटेंगे.' उन्होंने कहा कि जश्न मनाने का वक्त नहीं आया है. संघर्ष का वक्त है. हमारी पार्टी के वरिष्ठ नेता अरिंद केजरीवा, सत्येंद्र जैन और मनीष सिसोदिया अभी जेल के भीतर हैं. मुझे विश्वास है कि जल्द ही जेल के ताले टूटेंगे और हमारी सभी नेता छूटेंगे.
संजय सिंह इसके बाद तिहाड़ से सीधे अपने परिवार के साथ सुनीता केजरीवाल से मुलाकात करने अरविंद केजरीवाल के आवास को रवाना हो गए.
बेटे को ये सलाह देंगे संजय सिंह के पिता
इस दौरान जेल के बाहर अपने बेटे को लेने पहुंचे संजय सिंह के पिता दिनेश सिंह ने आजतक से खास बातचीत की. उन्होंने कहा कि ये कार्यकर्ताओं के लिए बड़ी खुशी की बात है. मैं संजय सिंह को यही कहना चाहूंगा कि हिम्मत बनाए रखें और आगामी चुनाव में डटकर मुकाबला करें. INDIA गठबंधन के साथ मिलकर काम करें और जो बाकी साथी बंद हैं उनको भी रिहा कराने की रणनीति बनाएं.
इससे पहले संजय सिंह के पिता ने कहा था कि वह अपने बेटे को सलाह देंगे कि किसी पर भी आंख बंद कर भरोसा मत करना और अब आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओ में जोश भरना.
इन शर्तों पर संजय सिंह को मिली है जमानत
बता दें कि राउस एवेन्यू कोर्ट ने संजय सिंह की जमानत के लिए कुछ शर्तें रखी हैं. इन शर्तों के हिसाब से ही अब संजय सिंह को चलना होगा. कोर्ट ने कहा है कि संजय सिंह को कहीं भी जाते वक्त अपने मोबाइल फोन की लोकेशन ऑन रखनी होगी. वह देश छोड़कर नहीं जा सकते, पासपोर्ट जमा करना होगा. दिल्ली शराब घोटाला मामले में किसी भी तरह की टिप्पणी करने पर रोक है. सबूतों के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं कर सकते. दिल्ली-एनसीआर बिना इजाजत छोड़कर नहीं जा सकते. संजय सिंह ने ये सारी शर्ते मान ली हैं.