भारत सरकार राजधानी दिल्ली के चारों ओर रिंग रोड बनाने पर विचार कर रही है. हाल ही में परिवहन मंत्रालय की एक बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा भी हुई थी. इसके तहत 49 किलोमीटर का कॉरिडोर बनाया जाएगा.
नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने फेज़ 1 और फेज़ 2 को दिल्ली सरकार द्वारा पूरा किया जाएगा. पहले फेज़ में NH1 और NH8 पर काम होगा, तो वहीं दूसरे फेज़ में यह काम NH8 के साथ NH10 और NH2 तक जुड़ेगा. केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि केंद्र सरकार दिल्ली को जाम से मुक्त कराने के लिए 34000 करोड़ रुपए अलॉट किए गए हैं.
Reviewed projects on decongestion of Delhi/NCR & beautification of Yamuna pic.twitter.com/tAOTDRKyGE
— Nitin Gadkari (@nitin_gadkari) September 13, 2017
मेल टुडे की खबर के मुताबिक, इस प्रोजेक्ट के अलावा फरीदाबाद-नोएडा-गाजियाबाद एक्सप्रेस वे भी विचाराधीन है. इसके लिए दिल्ली-यूपी-हरियाणा सरकार को जमीन अधिग्रहण करने के लिए निर्देश दिया गया है.
NHAI के अनुसार, बैठक में आउटर रिंग रोड के सलीमगढ़ किले के पास खत्म होने पर भी बात हुई. इसके अलावा एनएच-1 और एनएच-2 के बीच गाजियाबाद से होकर कोई बाईपास न होने तथा आश्रम और मोदी मिल फ्लाईओवर, ओखला तथा सरिता विहार और बदरपुर के पास अक्सर जाम रहने का मसला उठाया गया.