सोनू निगम ने आज सुबह मस्जिद में होने वाली अजान पर एक ट्वीट किया जिससे नई बहस शुरू हो गई है. बता दें कि मस्जिदों में सुबह ऊंची आवाज में अजान होती है और इसके लिए लाउड स्पीकर भी लगाए जाते हैं.
जाहिर है कि इस आवाज से सभी की नींद खुल जाती है. इसी पर ने ट्वीट किया है कि अगर वो मुस्लिम नहीं हैं तो की आवाज से उनको क्यों रोज सुबह उठना पड़ता है. साथ ही उन्होंने अपने ट्विटर अकाउंट पर यह भी लिखा कि कब तक हम लोगों को ऐसी धार्मिक रीतियों को जबरदस्ती ढोना पड़ेगा. देखें ट्वीट -
God bless everyone. I'm not a Muslim and I have to be woken up by the Azaan in the morning. When will this forced religiousness end in India
— Sonu Nigam (@sonunigam)
सोनू के इस ट्वीट ने एक नई बहस खड़ी कर दी है. अपने ट्वीट पर आने वालों के जवाबों के प्रत्युत्तर में लिखा - जब मोहम्मद ने इस्लाम की स्थापना की थी, जब बिजली नहीं थी. फिर एडिसन के आविष्कार के बाद ऐसे चोंचलों की क्या जरूरत है. देखें ट्वीट -
I don't believe in any temple or gurudwara using electricity To wake up people who don't follow the religion . Why then..? Honest? True?
— Sonu Nigam (@sonunigam)
साथ ही ने ऐसी बातों को गुंडागर्दी बताया और यह भी लिखा कि वह मंदिर या गुरुद्वारे के भी इस कदम को सपोर्ट नहीं करते कि बिजली का प्रयोग करके वे सुबह-सुबह किसी की नींद खराब करें. देखें ट्वीट -
I don't believe in any temple or gurudwara using electricity To wake up people who don't follow the religion . Why then..? Honest? True?
— Sonu Nigam (@sonunigam)
Gundagardi hai bus...
— Sonu Nigam (@sonunigam)ट्विटर पर छिड़ी बहस, क्या वाकई लोग होते हैं परेशानवहीं कुछ ने ट्रैफिक को भी इस वजह से बैन करने की बात कही है -
सोनू निगम के इस ट्वीट के बाद से ट्विटर पर एक बहस शुरू हो गई है. कुछ लोग जहां इससे सहमत नजर आ रहे हैं, वहीं कुछ ने सोनू निगम को अज्ञानी तक कह डाला.
डॉक्टर श्वेता गुलाटी ने लिखा कि ऊंची आवाज से नींद ही खराब नहीं होती बल्कि बीमारों और बच्चों को भी परेशानी होती है.Loud speakers shud be strictly banned all over India 4 religious congregations as they disturb patients, studying students, sleeping people
— Dr.Shweta Gulati (@DrShwetaGulati)eveni cant bear constsnt noise nd air pollution of traffic. Ban it too
— Mullah Awesome (@Faesal_Ah)
I am a fan of urs but this was definitely a bullshit statement. U gotta respect other religions beliefs. It's a democratic country.
— Madhur Chandna (@macchandna)
Nobody has any right to question or inflict their religious beliefs, end of discussion 🖐🏽🖐🏽🖐🏽🖐🏽
— Nazish Zeb (@shahanzeb)
तो सोनू निगम की इस बात पर आप क्या कहते हैं!