तमिल सिनेमा में फिल्म निर्माण की नई लहर पैदा करने वाले मशहूर फिल्म निर्माता के. बालचंदर का मंगलवार को यहां निधन हो गया. कमल हसन, रजनीकांत और श्रीदेवी जैसे कलाकारों की प्रतिभा निखारने में बालचंदर ने प्रमुख भूमिका निभाई.
दादा साहब फाल्के पुरस्कार विजेता 84 साल के बालचंदर ने ‘अरंगेतरम’, ‘अवल ओरू थोडारकधाई’, रजनी और हसन अभिनीत ‘अपूर्व रागनगल’, ‘अवारगल’, ‘एक दूजे के लिए’ और ‘आईना’ जैसी फिल्में बनाई थीं. संक्षिप्त बीमारी के बाद दिल का दौरा पड़ने से उनका निधन हुआ.
केबी के नाम से मशहूर कैलासम बालचंदर ने तमिल फिल्मों में अहम विषयों को उठाया और फिल्मों में महिलाओं एवं दलितों के हितों पर ध्यान केंद्रित किया. बालचंदर ने सरिता, सुजाता, मोहन, प्रकाश राज, कॉमेडियन विवेक और चरित्र अभिनेता नजर जैसे नए चेहरों के साथ प्रयोग किया. वह अपने अभिनेताओं से बेहतर काम लेते थे.
अस्पताल के सूत्रों ने कहा कि बालचंदर को उम्र संबंधी समस्याओं के चलते बीते 3 दिसम्बर को अस्तपताल में भर्ती कराया गया था और मंगलवार शाम 7 बजकर 2 मिनट पर उन्होंने अंतिम सांस ली.
(इनपुट भाषा से)