अभिनेत्री जूही चावला एक दौर की प्रबल प्रतिद्वंद्वी अभिनेत्री रहीं माधुरी दीक्षित को अपने सबसे अच्छे सह-कलाकारों में से एक बताती हैं. जूही 'गुलाबी गैंग' में पहली बार माधुरी दीक्षित के साथ स्क्रीन साझा कर रही हैं.
माधुरी इस फिल्म का मुख्य किरदार निभा रही हैं जबकि जूही नकारात्मक भूमिका में हैं. जूही ने एक पार्टी के दौरान मंगलवार को बताया, 'मैंने 'गुलाबी गैंग' में काम करने का भरपूर लुत्फ उठाया, क्योंकि मैं इस फिल्म में माधुरी दीक्षित के साथ काम कर रही हूं. पहली बार हम दोनों ने एक-दूसरे के साथ दृश्य शूट किया है.'
जूही ने कहा, 'मुझे लगता है कि वह मेरे सबसे अच्छे सह-कलाकारों में से एक रही हैं.'
जूही ने 1986 में फिल्म 'सल्तनत' के जरिए बॉलीवुड में पांव रखा था. वहीं माधुरी 'अबोध' के जरिए 1984 में अपना करियर शुरू कर चुकी थीं. अपने प्रतिद्वंद्वी दौर का जिक्र करते हुए जूही ने कहा, 'एक समय था जब हम एक-दूसरे के प्रबल प्रतिद्वंद्वी थे और यह प्रतिद्वंदिता कई सालों तक कायम रही. हम बहुत-थोड़ी बात किया करते थे. किसी फिल्म के सेट्स या पार्टी वगैरह के दौरान मुलाकात होने पर 'हेलो' कहकर आगे बढ़ जाया करते थे.'
जूही ने कहा, 'कई सालों बाद, हम दोनों ने एक फिल्म में एक साथ काम करने का अवसर पाया है. फिल्म की पटकथा बहुत मजबूत है. वह मुख्य किरदार में हैं और मैं नकारात्मक भूमिका में, इसलिए फिल्म में काम करना बहुत आसान हो गया.'
यह फिल्म उत्तर प्रदेश की संपत पाल की 'गुलाबी गैंग' पर आधारित है. सौमिक सेन फिल्म का निर्देशन कर रहे हैं.
फिल्म के निर्माता अनुभव का कहना है कि यह फिल्म के लिए एक बड़े लाभ की तरह है कि दोनों एक साथ फिल्म में आ रही है. फिल्म की कहानी बुंदेलखंड के क्षेत्रीय इलाकों में काम करने वाले एक महिलाओं के समूह की है, जो कि सामाजिक अन्याय के खिलाफ आवाज उठाता है. उनका ड्रेस कोड गुलाबी साड़ी है. अनुभव ने बताया कि फिल्म का आइडिया सौमिक ने मुझे उस समय बताया, जब हम एक स्क्रिप्ट लिखने के लिए वाराणसी में से थे. मैं खुश हूं जिस तरह से इस पर काम हुआ और इसे फिल्म के लिए तैयार किया गया. उनका कहना है कि यह फिल्म अच्छाई बनाम बुराई के बारे में है.