BJP
INC
CPM
AITC
BSP
SUCI
AJUP
IND
IND
Nota
NOTA
कोलकाता मेट्रोपॉलिटन इलाके का एक खास इलाका, दम दम, नॉर्थ 24 परगना जिले में एक जनरल कैटेगरी का विधानसभा चुनाव क्षेत्र है. यह दम दम लोकसभा सीट के तहत आने वाले सात हिस्सों में से एक है, जिसमें पूरी दम दम म्युनिसिपैलिटी और साउथ दम दम म्युनिसिपैलिटी के वार्ड नंबर 1 से 17 शामिल हैं.
पहले, दम दम कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सिस्ट) का गढ़ था, जिसने नौ बार जीत हासिल की, जिसमें 1962 में अविभाजित कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया की एक जीत भी शामिल है. कांग्रेस पार्टी ने दो बार इस सीट पर कब्जा किया, और प्रजा सोशलिस्ट पार्टी ने एक बार जीत हासिल की. तृणमूल कांग्रेस ने यहां चार जीत हासिल की हैं. इसकी पहली जीत 2001 में हुई थी, और इसने 2011 से लगातार तीन जीत का सिलसिला बनाए रखा है, जिसमें ब्रत्य बसु इसके उम्मीदवार थे. बसु एक मशहूर बंगाली फिल्म एक्टर हैं, जो अभी ममता बनर्जी सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं.
बसु ने 2011 में CPI(M) के गौतम देब को 31,497 वोटों से हराकर जीत हासिल की थी. 2016 में पलाश दास के कैंडिडेट बनने पर CPI(M) ने अंतर कम कर दिया, क्योंकि बसु की जीत का मार्जिन घटकर 9,316 वोट रह गया. 2021 में, बसु ने BJP के बिमल शंकर नंदा को फिर से 26,731 वोटों से हराया.
हालांकि 2009 से तृणमूल कांग्रेस ने दमदम में चार पार्लियामेंट्री और तीन असेंबली इलेक्शन में लीड किया है, लेकिन 2019 के इलेक्शन के बाद बड़े बदलाव हुए हैं, जब BJP ने CPI(M) की जगह विपक्ष की एक बड़ी भूमिका निभा दी. दमदम के वोटर्स ने 2019 के लोकसभा इलेक्शन में कड़ा मुकाबला देखा, जिसमें तृणमूल ने BJP पर सिर्फ 5,112 वोटों (2.9 परसेंट) की मामूली लीड बनाई थी. 2024 में यह बढ़त बढ़कर 9,591 वोट (5.10 प्रतिशत) हो गई.
2024 में दम दम असेंबली सीट पर 256,146 रजिस्टर्ड वोटर थे, जो 2021 में 247,858 और 2019 में 232,545 थे. अनुसूचित जाति के वोटर 12.72 प्रतिशत के साथ सबसे बड़े ग्रुप हैं, जबकि मुस्लिम वोटरों का एक छोटा हिस्सा हैं. दम दम पूरी तरह से शहरी सीट है, और शहर वाली सीट के लिए वोटिंग ज्यादा होती है, लेकिन समय के साथ यह संख्या कम हुई है. 2011 में 80.83 प्रतिशत, 2016 में 79.13 प्रतिशत, 2019 में 77.46 प्रतिशत और 2021 में 74.75 प्रतिशत.
दम दम का शहरी कैरेक्टर इसके रिच हिस्ट्री में जुड़ा है. ब्रिटिश राज के दौरान यह इलाका एक टाउनशिप में बदलना शुरू हुआ, जब अंग्रेजों ने एक कैंटोनमेंट और एक ऑर्डनेंस फैक्ट्री बनाई, यह परंपरा आज भी दम दम एम्युनिशन फैक्ट्री के साथ बनी हुई है. 1947 में भारत के बंटवारे के बाद शहर का बदलाव तेजी से हुआ, जब दम दम में पूर्वी पाकिस्तान (अब बांग्लादेश) से बड़ी संख्या में रिफ्यूजी आए. इससे तेजी से शहरीकरण हुआ, अलग-अलग तरह के लोग आए, और पूरे इलाके में घरों और इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार हुआ. दम दम आज कोलकाता मेट्रोपॉलिटन एरिया डेवलपमेंट के तहत आता है, जिसमें मोतीझील, नागरबाजार और राजबाड़ी जैसे अच्छे से प्लान किए गए इलाके हैं.
दम दम में नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट (कोलकाता एयरपोर्ट) है, जो पूर्वी भारत का एक बड़ा गेटवे है. इस इलाके को सीधे कोलकाता मेट्रो से सर्विस मिलती है, दम दम मेट्रो स्टेशन शहर के मेट्रो नेटवर्क के लिए उत्तरी टर्मिनल और इंटरचेंज के तौर पर काम करता है, जिससे खास बिजनेस डिस्ट्रिक्ट और सेंट्रल कोलकाता तक तेजी से पहुंचा जा सकता है. दम दम की दूसरी मशहूर जगहों में जेसोर रोड, दम दम सेंट्रल जेल, ब्रिटिश सरकार का बनाया हुआ ऐतिहासिक रेलवे स्टेशन और जाने-माने एजुकेशनल इंस्टिट्यूशन शामिल हैं. लेक टाउन, नागरबाजार और बिराती जैसे मशहूर इलाके अपने चहल-पहल वाले बाजारों, कनेक्टिविटी और रहने की जगह के लिए जाने जाते हैं. दम दम में सड़क, रेल और मेट्रो का बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर है, जिससे शहर के सेंटर, साल्ट लेक और कोलकाता के दूसरे हिस्सों से लगातार और तेज कनेक्शन मिलते हैं. बिजनेस सीन में पारंपरिक बाजार, रिटेल, मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस इंडस्ट्री शामिल हैं, जिनमें से कई एयरपोर्ट और सरकारी ऑफिस से जुड़े हैं.
नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट दम दम के बीच में है. हावड़ा रेलवे स्टेशन लगभग 14 km दूर है, सियालदह स्टेशन लगभग 11 km दूर है, पार्क स्ट्रीट (शहर का सेंटर) लगभग 14 km दूर है, और साल्ट लेक सेक्टर V (IT हब) लगभग 12 km दूर है.
तृणमूल कांग्रेस 2026 के विधानसभा चुनावों में शानदार प्रदर्शन और 2009 से बढ़त के साथ आगे चल रही है, जिससे वह दम दम सीट बचाने की पक्की पसंदीदा बन गई है. हालांकि, पार्टी इलाके में BJP की बढ़ती ताकत और लेफ्ट फ्रंट-कांग्रेस गठबंधन के फिर से शुरू होने की संभावना को लेकर सतर्क रहेगी, जो मुकाबले को बदल सकता है और सभी चुनावी गणित को बिगाड़ सकता है.
(अजय झा)
Bimalshankar Nanda
BJP
Palash Das
CPI(M)
Nota
NOTA
Subrata Kr. Majumder
BSP
Rupa Sarkar
IND
Rana Pal Choudhury
BNARP
Shree Raju Ghosh
IND
Subrata Sen
IND
Assembly Election Exit Poll 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे और अंतिम चरण का मतदान 29 अप्रैल को खत्म होने के बाद सभी की नजरें एग्जिट पोल पर टिक रहेंगी. पांचों चुनावी राज्यों- पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में रिकॉर्ड मतदान ने मुकाबले को और रोचक बना दिया है, जिस कारण लोग एग्जिट पोल्स का उत्सुकता के साथ इंतजार कर रहे हैं.
अखिलेश यादव ने पश्चिम बंगाल में बीजेपी के एजेंट्स के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने बताया कि बीजेपी ने रामपुर और संभल में अपने एजेंट भेजे हैं, लेकिन इन एजेंट्स से कुछ भी हासिल नहीं होगा.
ग्यारह घंटे बाद पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण का मतदान का रण शुरु हो जाएगा. 142 सीटों पर वोटिंग होगी. इसी से जुड़ी कई खबरों पर हम खबरदार करेंगे. बताएंगे कि क्या प्रधानमंत्री मोदी का गोल बंगाल में होगा और क्या सियासी भूगोल बदलेगा? इसी चुनाव में वोटिंग से पहले चर्चा यूपी के सिंघम और बंगाल के पुष्पा की हो रही है. जहां एक अधिकारी हैं जो कहते हैं कायदे में रहो. और दूसरे प्रत्याशी हैं जो कहते हैं झुकुगंगा नहीं. तीसरी खबर एम यानी महिला वोटर के शक्ति परीक्षण की है. जो आज यूपी में बीजेपी और समाजवादी पार्टी दोनों तरफ से किया गया है.
बंगाल चुनाव के बीच यूपी के IPS अफसर अजय पाल शर्मा का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें वो टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान को चेतावनी दे रहे हैं. अब सवाल ये पूछा जा रहा है कि एक पुलिस ऑब्जर्वर की जरूरत क्या होती है, वो क्या करते हैं, क्या वो किसी जगह जाकर वोटर के बीच में चेतावनी दे सकते हैं? आजतक से बातचीत में पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एसवाई कुरैशी ने इस सभी सवालों का जवाब दिया. देखें वीडियो.
पश्चिम बंगाल में कल दूसरे चरण की वोटिंग होनी है. मतदान की बात करें तो पहले चरण में 93.19% वोटिंग हुई थी. ऐसे में राजनीतिक दलों में इसे लेकर भी भारी उठा-पटक देखने को मिल रही है.
पश्चिम बंगाल के फाल्टा में एक महिला ने थाने में शिकायत दर्ज कर आरोप लगाया है कि 27 अप्रैल की रात आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा और केंद्रीय बलों के जवानों ने घर में जबरन घुसकर महिलाओं से मारपीट और छेड़छाड़ की. शिकायत में भाजपा के पक्ष में वोट डालने का दबाव बनाने और धमकी देने का भी आरोप है. पीड़िता ने निष्पक्ष जांच, प्राथमिकी दर्ज करने और परिवार की सुरक्षा की मांग की है. मामला चुनावी निष्पक्षता पर सवाल उठा रहा है.
फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में तृणमूल कांग्रेस उम्मीदवार जहांगीर खान ने आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका दावा है कि पुलिस पर्यवेक्षक ने पार्टी कार्यालय पहुंचकर सुरक्षा कर्मियों को धमकाया और बाद में उनके घर जाकर परिवार को डराने की कोशिश की. जहांगीर खान ने इसे चुनाव आयोग के नियमों के खिलाफ बताया और आरोप लगाया कि भाजपा की मदद के लिए गैरकानूनी तरीके अपनाए जा रहे हैं. इस बयान से क्षेत्र का चुनावी माहौल और तनावपूर्ण हो गया है.
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के मतदान के लिए चुनाव आयोग ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं. मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने वोटर्स को निडर होकर वोट डालने और लोकतंत्र के इस महापर्व में शामिल होने का भरोसा दिया है.
पश्चिम बंगाल के फाल्टा में दूसरे चरण के मतदान से पहले राजनीतिक विवाद तेज हो गया. निर्वाचन आयोग के पर्यवेक्षक और उत्तर प्रदेश कैडर के आईपीएस अजय पाल शर्मा के दौरे पर तृणमूल कांग्रेस समर्थकों ने विरोध जताया. आयोग को मतदाताओं को धमकाने और पहचान पत्र जमा कराने की शिकायत मिली थी. तृणमूल उम्मीदवार जहांगीर खान ने कहा, 'अगर वह सिंघम हैं, तो मैं पुष्पा हूं.' वहीं तृणमूल नेताओं ने शर्मा पर अधिकार सीमा लांघने का आरोप लगाया, जिससे चुनावी माहौल और गरमा गया.
West Bengal Elections: भवानीपुर सीट पर मतदान से पहले सियासी घमासान तेज हो गया है. BJP नेता शुभेंदु अधिकारी ने TMC पर फिंगर ग्लव्स के जरिए वोटिंग में धांधली की कोशिश का आरोप लगाते हुए FIR की मांग की है. इन आरोपों के बाद चुनावी माहौल गरमा गया है.