बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया था, 'मैं पहले भी अमरीका गया था लेकिन पढ़ने के लिए वहां जाने की बात अलग थी. अमरीका में बहुत स्वतंत्रता है, लेकिन जिम्मेदारियां भी उतनी ही हैं. खाना पकाना, रहना, धोना सब कुछ खुद करना होता है. इसके अलावा मैं जो कोर्स कर रहा था वह काफी मुश्किल था. 60-70 देशों के छात्र आपके साथ पढ़ते हैं, तो उनसे काफी कुछ सीखने को मिलता है.'