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एजुकेशन न्यूज़

वैक्‍सीन लें या न लें? कन्‍फ्यूजन में प्रेग्‍नेंट महिलाएं, क्‍या कहती है नई रिसर्च

प्रतीकात्‍मक फोटो (Getty)
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कोरोना से बचाव के लिए वैक्‍सीन को एक वरदान के तौर पर देखा जा रहा है. भारत में दूसरे फेज का वैक्‍सीनेशन भी शुरू हो गया है, लेकिन अभी भी भारत में गर्भवती महिलाओं को लेकर किसी वैक्‍सीन का ट्रायल नहीं हुआ है, ऐसे में वैक्‍सीन लेने को लेकर कई तरह के कन्‍फ्यूजन हैं. आइए जानते हैं कि विशेषज्ञ इस पर क्‍या कहते हैं.

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क्‍या भारत में प्रेग्‍नेंट महिलाओं के लिए वैक्‍सीन लेना सेफ है, इसके जवाब में एम्‍स के निदेशक डॉ रणदीप गुलेरिया ने aajtak.in से कहा क‍ि हां ये सेफ है लेकिन अभी तक किसी रेगुलेटर्स की ओर से इसे अप्रूवल नहीं मिला है. उनके बयान से जाहिर है कि दुनिया के दूसरे देशों में जहां ट्रायल हुए हैं वहां प्रेग्‍नेंट महिलाएं वैक्‍सीन ले रही हैं. 

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आपको बता दें क‍ि अब तक फाइजर और मॉडर्ना दो ऐसी वैक्‍सीन हैं जिनका गर्भवती महिलाओं पर ट्रायल हुआ है. कई शोध में भी ये पाया गया है कि ये दोनों ही वैक्‍सीन महिलाओं के गर्भ के लिए सुरक्ष‍ित हैं. इन दोनों ही वैक्‍सीन के ऐसे कोई दुष्‍प्रभाव अब तक नहीं देखे गए हैं. 

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ऐसे में यह कहा जा रहा है कि गर्भवती महिलाएं कोई भी वैक्‍सीन ले सकती हैं, उनके लिए ये हानिकारक नहीं होंगी. लेकिन कई स्‍त्री व प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉक्‍टरों की सलाह है कि जब तक भारत सरकार अप्रूवल न दे, तब तक गर्भवती महिलाओं को वैक्‍सीन से बचना चाहिए. 

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आप कैसे लें फैसला
भारत में गर्भवती महिलाओं को लेकर ट्रायल चल रहे हैं, ऐसा माना जा रहा है क‍ि जल्‍द ही इस बारे में तस्‍वीर स्‍पष्‍ट हो जाएगी कि आपको वैक्‍सीन लगवानी चाहिए क‍ि नहीं, तब तक इंतजार भी कर सकते हैं. या सरकार जल्‍द से जल्‍द इसके लिए कोई न कोई ऑप्‍‍‍‍‍शन नि‍कालेगी. इसल‍ि‍ए ब‍िना हड़बड़ी के थोड़े दिन और इंतजार कि‍या जा सकता है, तब तक सभी कोविड प्रोटोकॉल फॉलो करते हुए घर पर रहें. 

 

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इसके अलावा ज‍िन दो वैक्‍सीन पर ट्रायल हुए हैं, उनमें से फाइजर वैक्‍सीन भारत में भी उपलब्‍ध होने की संभावना बताई जा रही है. Reuters में छपी रिपोर्ट के अनुसार 3 मई को फाइजर (PFE.N) ने कहा है कि वो भारत सरकार से चर्चा कर अपने टीके के लिए एप्रूवल देने की मांग कर रहे हैं. फाइजर ने यह भी कहा कि‍ हम वर्तमान में भारत सरकार के साथ हमारे फाइजर-बायोएनटेक वैक्सीन को देश में उपयोग के लिए उपलब्ध कराने के लिए एक एप्रूवल का एक त्वरित रास्‍ता खोज रहे हैं. 

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सीडीसी ने अनुशंसा की है कि गर्भवती मांओं को भी कोविड-19 का टीका दिया जाना चाहिए. लेकिन भारतीय वैक्‍सीन को लेकर इस तरह की कोई स्‍टडी अभी सामने नहीं आई है, इसलिए आपको सलाह है क‍ि अपने हेल्‍थ केयर प्रोवाइडर की सलाह पर ही आप ये कदम उठाएं. वहीं एक मेड‍िकल जर्नल में हार्टफोर्ड हेल्‍थकेयर डिवीजन ऑफ इन्‍फेक्‍श‍ियस डिजीजेज की डॉ एन पॉमर के हवाले से कहा गया है कि कोरोना वैक्‍सीन अभी तक गर्भवती महिलाओं के लिए स्वीकृत नहीं की गई है. इसके पीछे की वजह बताई गई है कि प्रारंभिक अध्ययन में गर्भवती मांओं को शामिल नहीं क‍िया गया था.