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World Braille Day 2022: जानिए क्यों मनाया जाता है विश्व ब्रेल दिवस, क्या है इसका इतिहास

World Braille Day 2022: ब्रेल लिपि को जन्म देने वाले लुइस ब्रेल का जन्म 1809 में हुआ था. फ्रांस में जन्मे लुइस ब्रेल के पिता की घोड़े की काठी बनाने की दुकान थी. परिवार में चार भाई-बहन थे, जिसमें लुइस सबसे छोटे थे.

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स्टोरी हाइलाइट्स
  • 4 जनवरी को मनाया जाता है विश्व ब्रेल दिवस
  • पहला विश्व ब्रेल दिवस 2019 में मनाया गया

World Braille Day 2022: हर साल 4 जनवरी को विश्व ब्रेल दिवस मनाया जाता है. इस दिवस ही लुइस ब्रेल का जन्म हुआ था. लुइस ब्रेल ने ही ब्रेल लिपि को जन्म दिया था. इस लिपि के माध्यम से नेत्रहीन व्यक्ति, दृष्टिहीन या आंशिक रूप से नेत्रहीन व्यक्ति पढ़ सकते हैं.

ब्रेल लिपि को जन्म देने वाले लुइस ब्रेल का जन्म 1809 में हुआ था. फ्रांस में जन्मे लुइस ब्रेल के पिता की घोड़े की काठी बनाने की दुकान थी. परिवार में चार भाई-बहन थे, जिसमें लुइस सबसे छोटे थे. एक दिन तीन साल के लुइस दुकान में खेल रहे थे, उसी दौरान उन्होंने लेदर के टुकड़े में नुकीले औजार से छेद करना चाहा. वह औजार उनके हाथ से फिसलकर उनकी आंख में जा लगा.

इससे उनकी आंख में गंभीर चोट आई और इन्फेक्शन हो गया. धीरे-धीरे इन्फेक्शन दूसरी आंख में भी फैल गया. इस एक्सीडेंट के बाद पांच साल के होते-होते लुइस की आंखों की रोशनी पूरी तरह चली गई. इसके बाद भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और उन्होंने अपने नाम से एक राइटिंग स्टाइल बनाई जिसे आगे चल कर ब्रेल के नाम से जाना गया.

पहला विश्व ब्रेल दिवस 4 जनवरी, 2019 को मनाया गया था. संयुक्त राष्ट्र महासभा ने नवंबर, 2018 में इस दिवस को मानने का प्रस्ताव पास किया था. इस दिवस का उद्देश्य ब्रेल के महत्व के बारे में जागरूकता फैलाना है.  

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