scorecardresearch
 

खट्टा सिंह की गवाही से बढ़ी गुरमीत राम रहीम की मुश्किलें

रामचंद्र और छत्रपति की हत्या के मामले में पंचकुला की विशेष सीबीआई अदालत में राम रहीम के पूर्व ड्राइवर खट्टा सिंह की दोबारा गवाही से कहीं ना कहीं राम रहीम की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ सकती हैं. शनिवार को इस मामले में खट्टा सिंह ने पंचकुला की विशेष सीबीआई अदालत में अपने बयान दर्ज करवाए हैं.

खट्टा सिंह की दोबारा गवाही के लिए सुप्रीम कोर्ट ने इजाजत दी है खट्टा सिंह की दोबारा गवाही के लिए सुप्रीम कोर्ट ने इजाजत दी है

रामचंद्र और छत्रपति की हत्या के मामले में पंचकुला की विशेष सीबीआई अदालत में राम रहीम के पूर्व ड्राइवर खट्टा सिंह की दोबारा गवाही से कहीं ना कहीं गुरमीत राम रहीम सिंह की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ सकती हैं. शनिवार को इस मामले में खट्टा सिंह ने पंचकुला की विशेष सीबीआई अदालत में अपने बयान दर्ज करवाए हैं.

खट्टा सिंह ने अदालत में कहा कि पहले दबाव के चलते वह राम रहीम के खिलाफ कुछ ज्यादा नहीं बोल पाए थे लेकिन इस बार जो सच्चाई थी, वह उन्होंने कोर्ट के समक्ष रख दी है. साथ ही उन्होंने कहा कि कुछ अज्ञात लोग उनके घर की रेकी कर रहे हैं और अनजान लोग गाड़ियों में उनके घर के बाहर घूमते रहते हैं. लेकिन वह इससे डरने वाले नहीं है.

वहीं छत्रपति के बेटे अंशुल ने कहा कि जिस तरह से खट्टा सिंह के बयान दोबारा हुए हैं, उससे साफ है कि जो सच्चाई उन्होंने पिछली बार कोर्ट के समक्ष नहीं रखी थी. वह सच्चाई उन्होंने इस बार कोर्ट के समक्ष रखी है. उन्हें पूरी उम्मीद है कि खट्टा सिंह की गवाही के बाद उनके पिता की मौत की सच्चाई सबके सामने आएगी और आरोपी एक बार फिर कानून की गिरफ्त में होंगे.

अंशुल ने बताया कि आज अदालत में खट्टा सिंह ने जो बयान दिए हैं, उसमें वह सारी सच्चाई और बातें अदालत को बताई गई हैं जो खट्टा सिंह ने बतौर राम रहीम के ड्राइवर खुद अपनी आंखों से देखी और कानों से सुनी थी. सबसे पहले खट्टा सिंह ने ही राम रहीम को वह अख़बार दिखाया था, जिसमें राम रहीम के कारनामों की पोल खुली थी और उसी वक्त राम रहीम तिलमिला गया था और तभी उसने छत्रपति को मारने का हुक्म दे दिया था.

उधर, खट्टा सिंह के वकील ने कहा कि खट्टा सिंह ने कोर्ट को सारी कहानी बताई है और अगली सुनवाई पर कोर्ट क्रॉस एग्जामिन करेगी. पहले हमने कोर्ट में खट्टा सिंह को दोबारा बतौर गवाह पेश करने की अर्जी लगाई थी. लेकिन इसके खिलाफ राम रहीम के लोग सुप्रीम कोर्ट में चले गए थे और एक बार फिर हमें सुप्रीम कोर्ट से गवाही देने की मंजूरी मिल गई है.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें