राज्य सभा में Mos होम जी किशन रेड्डी ने अनलॉफुल एक्टिविटी प्रिवेंशन एक्ट यानी कि UAPA के तहत हुईं गिरफ्तारियों पर बयान दिया. उन्होंने बताया कि 2019 में 1948 लोगों को UAPA के तहत गिरफ्तार किया गया था. जबकि पिछले 4 वर्षों (2014-19) में लगभग 6000 लोग इस कानून के तहत गिरफ्तार किए गए.
राज्यसभा में एक सवाल के लिखित जवाब में जी किशन रेड्डी ने बताया कि NCRB के आंकड़ों के मुताबिक, साल 2019 में UAPA के तहत गिरफ्तार किए गए लोगों की कुल संख्या 1948 है. उन्होंने सदन में बताया कि 2016 से 2019 के बीच देश के अलग-अलग हिस्सों में UAPA के तहत गिरफ्तार किए गए लोगों की कुल संख्या 5922 है, जबकि इस अवधि में 132 लोगों को बरी कर दिया गया.
वहीं, देशद्रोह कानून और मामलों पर Mos होम ने कहा कि कानूनों में संशोधन एक सतत प्रक्रिया है. NCRB के आंकड़ों को साझा करते हुए रेड्डी ने बताया कि 2019 में, 96 मामले दर्ज किए गए और केवल एक को सजा हुई. जबकि कुल 76 लोग चार्जशीटेड हैं और 29 लोगों को बरी कर दिया गया था.
आपको बता दें कि UAPA कानून का मुख्य काम आतंकी गतिविधियों को रोकना होता है. इसके तहत जांच एजेंसी को काफी शक्तियां मिलती हैं. 2019 में ही इसका संशोधन बिल संसद में पास हुआ था, जिसके बाद इस कानून को और ताकत मिल गई. UAPA कानून के प्रावधानों का दायरा बहुत बड़ा है. इस कानून को लेकर सदन में विपक्ष ने सवाल उठाए थे.