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नोएडा के नामी स्कूल का स्टूडेंट है बॉयज लॉकर रूम का एडमिन, इंस्टाग्राम से ली डिटेल

साइबर सेल ने इंस्टाग्राम से इस ग्रुप की पूरी डिटेल मांगी है क्योंकि ग्रुप की चैट वायरल होने के बाद ग्रुप को डिलीट कर दिया गया था.

सांकेतिक फोटो सांकेतिक फोटो

  • ग्रुप के 27 लोगों की पहचान की जा चुकी है
  • अभी तक 11 के मोबाइल जब्त किए गए हैं

इंस्टाग्राम पर चैट ग्रुप बनाकर अश्लील बातें करने वाले बॉयज लॉकर रूम के जिस एडमिन को गिरफ्तार किया गया है वो नोएडा के नामी स्कूल का छात्र है. साइबर सेल के सूत्रों के मुताबिक, आरोपी छात्र ने पूछताछ में बताया कि उसने अपने 4 दोस्तों के साथ मिलकर इस ग्रुप की शुरुआत थी.

साइबर सेल ग्रुप के 27 लोगों की पहचान कर चुकी है. वहीं, 11 लोगों के मोबाइल जब्त किए गए हैं. इस ग्रुप में दिल्ली और नोएडा के स्टूडेंट्स का पता चला है. साइबर सेल ने इंस्टाग्राम से इस ग्रुप की पूरी डिटेल मांगी है क्योंकि ग्रुप की चैट वायरल होने के बाद ग्रुप को डिलीट कर दिया गया था.

इस मामले में एक नाबालिग पहले ही पकड़ा जा चुका है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 4 मई को आईटी एक्ट और आईपीसी की धाराओं के तहत एक एफआईआर दर्ज की थी.

दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को पत्र

बता दें कि बॉयज लॉकर रूम केस पर स्वत: संज्ञान लेने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीएन पटेल को दो वकीलों की तरफ से एक पत्र लिखा गया है. पत्र के जरिए इस मामले में सख्त कार्रवाई की बात कही गई है.

बॉयज लॉकर रूम केसः आईटी एक्ट की इन धाराओं के तहत हो रही है कार्रवाई

महिला वकील नीला गोखले और इलमा परीदी की तरफ से लिखे गए इस पत्र में दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को कहा गया है कि इस मामले में संज्ञान लेकर कार्रवाई करनी बेहद जरूरी है, जिससे महिलाओं के खिलाफ इस तरह के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हो रहे अपराधों पर लगाम लग सके. साथ ही इसे करने वाले लोगों को एक सख्त संदेश मिले.

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