सोमवार को कर्ज में डूबी वोडाफोन आइडिया (Vodafone Idea) के शेयरों में जोरदार तेजी देखने मिली. कारोबार के अंत में शेयर 20.44 फीसदी की बढ़ोतरी के साथ 8.25 रुपये पर बंद हुआ. जबकि कारोबार के दौरान दिन में शेयर में 24% तक की उछाल दर्ज की गई. कंपनी के शेयरों में यह तेजी सरकार के एक फैसले के बाद देखने को मिली.
दरअसल, शुक्रवार को केंद्र सरकार वोडाफोन आइडिया के 16,133 करोड़ रुपये से अधिक के ब्याज बकाये को इक्विटी में बदलने की मंजूरी दे दी. सरकार को 10 रुपये के फेस वैल्यू वाले इक्विटी शेयर 10 रुपये कीमत पर ही जारी किए जाएंगे. सोमवार को शेयर तेजी के साथ 7.50 रुपये पर खुला था.
ब्याज नहीं चुकाने पर कंपनी में सरकार की हिस्सेदारी
बता दें, वोडाफोन आइडिया ने शेयर बाजार को बताया कि संचार मंत्रालय ने तीन फरवरी, 2023 को एक आदेश पारित किया. इसमें निर्देश दिया कि वह स्पेक्ट्रम नीलामी की किस्तों को टालने से संबंधित ब्याज और AGR बकाये को इक्विटी शेयरों में बदलने, जिसे भारत सरकार को जारी किया जाएगा. कंपनी को यह राहत सितंबर, 2021 में सरकार द्वारा घोषित सुधार पैकेज के तहत मिली है.
वोडाफोन आइडिया ने बताया, 'इक्विटी शेयरों में परिवर्तित होने वाली कुल राशि 16,133 रुपये है. कंपनी को 10 रुपये फेस वैल्यू के 1613,31,84,899 इक्विटी शेयर जारी करने का निर्देश दिया गया है. इनका इश्यू प्राइस भी 10 रुपये है. वोडाफोन आइडिया ने इससे पहले कहा था कि बकाये को इक्विटी में बदलने से सरकार को कंपनी में करीब 33 फीसदी हिस्सेदारी मिल जाएगी.
टेलिकॉम सेक्टर में तीसरे पायदान पर कंपनी
मालूम हो कि दूरसंचार विभाग (DoT) का आदेश VIL में हिस्सेदारी लेने के पक्ष में कानूनी सलाह के बाद आया है. वोडाफोन और आइडिया के सिंगल एंटिटी में मर्जर के बाद 2018 में 35 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी के लिए 43 करोड़ मोबाइल सब्सक्राइबर के साथ सबसे बड़े दूरसंचार ऑपरेटर कर्ज में डूबी तो तीसरी स्थान पर आ गई.
दूरसंचार नियामक ट्राई द्वारा प्रकाशित नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, कंपनी के पास 24.3 करोड़ मोबाइल ग्राहक हैं, जिनकी बाजार हिस्सेदारी 21.33 प्रतिशत है.