scorecardresearch
 

अब हर खेत तक पहुंचेगी सिंचाई सुविधा

खेती की मानसून पर निर्भरता कम करने के लिए केंद्र ने हर खेत तक सिंचाई सुविधा पहुंचाने की एक योजना को बुधवार मंजूरी दे दी. इसमें इस समय संचालित योजनाओं को मिला दिया गया है.

File Image [नरेंद्र मोदी] File Image [नरेंद्र मोदी]

खेती की मानसून पर निर्भरता कम करने के लिए केंद्र ने हर खेत तक सिंचाई सुविधा पहुंचाने की एक योजना को बुधवार मंजूरी दे दी. इसमें इस समय संचालित योजनाओं को मिला दिया गया है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) को मंजूरी दी गई. सूत्रों ने कहा, PMKSY पर कृषि मंत्रालय के प्रस्ताव को केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में मंजूरी दी गई. इसके तहत कृषि-जलवायु की दशाओं और पानी की उपलब्धता के आधार पर जिला और राज्य स्तरीय योजनाएं बनायी जाएंगी.

देश में कुल 14.2 करोड़ हेक्टेयर कृषि योग्य भूमि में से 65 प्रतिशत में सिंचाई सुविधा नहीं है. इस लिहाज से इस योजना का महत्व और बढ जाता है. सूत्रों के अनुसार इस योजना का उद्देश्य देश के हर खेत तक किसी न किसी माध्यम से सिंचाई सुविधा सुनिश्चित करना है ताकि प्रति बूंद और अधिक फसल ली जा सके.

इस योजना के लिए मौजूदा वित्त वर्ष में 1000 करोड़ रुपये का बजटीय आवंटन किया गया है. इसके तहत हर खेत तक सिंचाई जल पहुंचाने के लिए योजनाएं बनाने व उनके कार्यान्वयन की प्रक्रिया में राज्यों को अधिक स्वायत्ता व धन के इस्तेमाल की लचीली सुविधा दी गयी है. PMKSY परियोजनाओं के कार्यान्वयन के लिए राज्य कृषि विभाग नोडल एजेंसी के रूप में काम करेंगे जबकि समय समय पर समीक्षा के लिए अंतर मंत्रालयी राष्ट्रीय संचालन समिति (एनएससी) होगी.

इस योजना में केंद्र 75 प्रतिशत अनुदान देगा और 25 प्रतिशत खर्च राज्यों के जिम्मे होगा. पूर्वोत्तर क्षेत्र और पर्वतीय राज्यों में केंद्र का अनुदान 90 प्रतिशत तक होगा.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें