अमेरिका के वेनेजुएला पर अटैक के बाद से सोने और चांदी कीमतें भाग रही हैं, जिसे लेकर यह माना जा रहा है कि सोने और चांदी कीमतों में उछाल वेनेजुएला की वहज से आ रही है. लेकिन गहराई से देखा जाए तो सोने और चांदी के दाम में उछाल की वजह कुछ और भी दिखाई देती है.
मल्टी कमोडिटी मार्केट में आज सोने का भाव 400 रुपये चढ़कर 1,38,536 रुपये प्रति 10 ग्राम है. वहीं 1 किलो चांदी की कीमत 4,247 रुपये उछलकर 2,50,402 रुपये पर कारोबार कर रही है. वहीं कल चांदी की कीमतों में 10,000 रुपये से ज्यादा की तेजी देखी गई थी और सोने के भाव 2000 रुपये से ज्यादा की उछाल आई थी.
इसका मतलब है कि दो दिनों के दौरान सोने के भाव में 2400 रुपये से ज्यादा की उछाल आई है, जबकि चांदी की कीमतों में 14 हजार रुपये से ज्यादा की तेजी आई है. लोग इस तेजी को अमेरिका द्वारा वेनेजुएला पर अटैक से जोड़ रहे हैं, लेकिन इसकी असल वजह कुछ और ही दिखाई देती है. आइए जानते हैं सोने और चांदी के दाम में आखिर इतनी तेजी आ क्यों रही है?
जियो-पॉलिटिकल टेंशन की आहट
अमेरिका द्वारा वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को ड्रग्स की तस्करी के आरोप में हिरासत में लेने के बाद बढ़ते जियो पॉलिटिकल टेंशन से तत्काल चिंगारी भड़की, जिससे ग्लोबल मार्केट हिल गया और सुरक्षित निवेश की तरफ निवेशक आगे बढ़े. इसके अलावा, अमेरिका ने कोलंबिया, क्यूबा और मैक्सिको को भी धमकी दी है. साथ ही वेनेजुला से जुड़ी विदेशी संपत्तियों की जब्ती की खबरों ने भी अनिश्चितता की भावना को और गहरा कर दिया है.
इस सभी घटनाओं को लेकर सोना और चांदी निवेशकों के लिए एक बेहतर ठिकाना बन चुका है. हालांकि पोनमुडी आर का कहना है कि वेनेजुएला की खबरों के सामने आने से काफी पहले ही रैली का माहौल बनने लगा था. सोने और चांदी की कीमतों में जारी तेजी शॉर्ट टर्म के बजाय संरचनात्मक मांग से प्रेरित है.
सोने और चांदी के दाम में तेजी की असली वजह क्या है?
एक्सपर्ट्स ने कहा कि केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने की निरंतर खरीद, भू-राजनीतिक अनिश्चितता का बढ़ना और विदेशी केंद्रीय पॉलिसी में ढील की उम्मीदें पोर्टफोलियो में जोखिम कम करने के लिए सोने की भूमिका को और मजबूत कर रही हैं. उनके अनुसार, जब तक वित्तीय परिस्थितियां अनुकूल बनी रहती हैं, वर्तमान वातावरण सहायक बना रहता है.
पोनमुडी ने कहा कि जब तक वास्तविक लाभ नियंत्रण में रहता है और वैश्विक तरलता की स्थिति अनुकूल बनी रहती है, तब तक गोल्ड पोर्टफोलियो का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बना रहेगा. चांदी मौजूदा बुलियन सर्किल में हाई बीटा ग्रोथ की संभावना प्रदान करती है.
चांदी के दाम क्यों भाग रहे हैं?
चांदी का आकर्षण केवल इसके सुरक्षित निवेश के दर्जे तक ही सीमित नहीं है, बल्कि सौर ऊर्जा, इलेक्ट्रिक वाहनों, एआई इंफ्रास्ट्रक्चर और व्यापक इंडस्ट्रियल डिमांड बनी हुई है. पोनमुडी ने कहा कि अब तक जो भी गिरावटें आई हैं. वह सभी सुधारात्मक हैं. गिरावट के बाद चांदी के दाम में बडी रैली देखी गई है.
चार्ट क्या संकेत दे रहे हैं
तकनीकी रूप से, सोने के बाजार में तेजी बनी हुई है. COMEX गोल्ड $4,460–$4,480 के स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है, पिछले प्रतिरोध स्तर से ऊपर स्पष्ट ब्रेकआउट के बाद, पहले का $4,330–$4,370 का स्तर अब एक मजबूत समर्थन आधार के रूप में कार्य कर रहा है. कीमतें शॉर्टटर्म से ऊपर बनी हुई हैं, जिससे गिरावट के समय खरीदारी की
कीमतें अल्पकालिक औसत से ऊपर बनी हुई हैं, जिससे गिरावट के समय खरीदारी की रुचि को बल मिल रहा है. भारत में, MCX गोल्ड लगातार नए उच्च और उच्च निम्न स्तर बना रहा है और अपने जीवनकाल के उच्चतम स्तर पर कारोबार कर रहा है. 1,38,500 रुपये से ऊपर निर्णायक ब्रेकआउट होने पर 1,40,000-1,45,000 रुपये के क्षेत्र की ओर तेजी से ग्रोथ हो सकती है, जबकि 1,34,000-1,36,000 रुपये का स्तर गिरावट पर खरीदारी के लिए एक मजबूत क्षेत्र बना हुआ है.कॉमेक्स चांदी 78-80 डॉलर के स्तर की ओर बढ़ रही है और अल्पकालिक मूविंग एवरेज से ऊपर मजबूत स्थिति में है. अगर इसका सपोर्ट 2.50 पर बना रहता है तो आगे की ओर और भी ज्यादा तेजी की उम्मीद है.