अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में गिरफ्तार सभी आठ आरोपियों को फिलहाल जेल से राहत नहीं मिली है. सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एंटी करप्शन कोर्ट में उनकी पेशी हुई. सुनवाई के बाद अदालत ने न्यायिक हिरासत 22 अगस्त तक बढ़ा दी. अब 12 अगस्त को बचाव पक्ष की उस अर्जी पर सुनवाई होगी, जिसमें आरोपियों ने अपने खिलाफ लगी धाराओं पर सवाल उठाए हैं.
सोमवार को सभी आठ आरोपियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत के सामने पेश किया गया. यह उनकी न्यायिक हिरासत की तारीख थी. सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने हिरासत 12 दिनों के लिए बढ़ा दी. इसका मतलब है कि फिलहाल सभी आठ आरोपी 22 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे.
बचाव पक्ष ने धाराओं पर उठाए सवाल
आरोपियों की ओर से उनकी न्यायिक हिरासत का विरोध किया गया है. बचाव पक्ष ने अदालत में एक प्रार्थना पत्र दाखिल किया है. इसमें कहा गया है कि आरोपियों पर लगाई गई धाराएं इस मामले में बनती ही नहीं हैं. अब कोर्ट इस अर्जी पर 12 अगस्त को सुनवाई करेगा. उस दिन अदालत यह देखेगी कि बचाव पक्ष की दलील पर क्या रुख अपनाना है.
इससे पहले मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने विवेचक और क्षेत्राधिकारी अयोध्या को तलब किया था. मामले की जांच से जुड़े पहलुओं के साथ आरोपियों पर लगाई गई धाराओं को लेकर भी कोर्ट में सुनवाई हो चुकी है. मामले की जांच किस दिशा में बढ़ रही है, आरोपियों पर कौन-सी धाराएं लगाई गई हैं और वे कितनी उचित हैं, इन सवालों पर अदालत में सुनवाई चल रही है.
सरकारी अधिवक्ता ने क्या बताया?
सरकारी अधिवक्ता कुलशेखर सिंह ने बताया कि सोमवार को सभी आठ आरोपियों की न्यायिक हिरासत की तारीख थी. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उनकी अदालत में पेशी हुई. इसके बाद कोर्ट ने हिरासत 22 अगस्त तक बढ़ा दी. बचाव पक्ष की ओर से दाखिल प्रार्थना पत्र का भी उन्होंने जिक्र किया. इसमें आरोपियों पर लगाई गई धाराओं को चुनौती दी गई है. इस पर 12 अगस्त को सुनवाई होनी है.
फिलहाल अदालत के आदेश के बाद सभी आठ आरोपी 22 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे. लेकिन अगली बड़ी सुनवाई इससे पहले ही हो जाएगी. 12 अगस्त को अदालत बचाव पक्ष की अर्जी पर सुनवाई करेगी. इसी सुनवाई से आगे की कानूनी तस्वीर कुछ और साफ हो सकती है.
मयंक शुक्ला