इस्तीफे के बाद पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपना पहला बयान दिया है. उन्होंने कहा कि जेन-जी हमारे बच्चे हैं और कुछ लोगों ने उन्हें गुमराह करने की कोशिश की है. धर्मेंद्र प्रधान ने यह भी कहा कि उनके लिए पद महत्वपूर्ण नहीं था. साथ ही उन्होंने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पहले ही मुलाकात कर केंद्रीय मंत्री परिषद से इस्तीफा देने की पेशकश की थी.