Water Tank Cleaning Tips: घरों की छत पर रखी पानी की टंकी की नियमित सफाई बेहद जरूरी होती है. गर्मी और बारिश के मौसम में धूल, मिट्टी, काई, पत्तियां और छोटे-छोटे कीड़े टंकी में पहुंच सकते हैं, जिससे पानी गंदला हो जाता है और उसमें बदबू भी आने लगती है. ऐसे पानी का इस्तेमाल नहाने, बर्तन और कपड़े धोने, फल-सब्जियां साफ करने या अन्य घरेलू कामों में करने से इंफेक्शन और पानी से फैलने वाली बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है.
कई घरों में टंकी का पानी साफ करने के लिए फिटकरी का इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन सिर्फ फिटकरी डाल देना ही पर्याप्त नहीं होता. टंकी की नियमित सफाई, सही रखरखाव और जरूरत पड़ने पर उचित कीटाणुशोधन भी उतना ही जरूरी है. इस आर्टिकल में जानिए टंकी का पानी साफ रखने के आसान और असरदार तरीके, साथ ही फिटकरी का सही इस्तेमाल कैसे करें.
क्यों गंदा हो जाता है टंकी का पानी?
फिटकरी का देसी नुस्खा
आमतौर पर हर भारतीय घर में फिटकरी मौजूद होती है और इसका इस्तेमाल टंकी के पानी को साफ करने के लिए किया जाता है. फिटकरी पानी में मौजूद महीन गंदगी को नीचे बैठाने में मदद करती है. मगर इस बात का ध्यान रखें कि फिटकरी पानी को पूरी तरह जर्म्स फ्री नहीं करती. यह सिर्फ गंदगी को नीचे बैठाने में मदद करती है. अगर टंकी के अंदर काई या कीचड़ जमा है, तो केवल फिटकरी से काम नहीं चलेगा.
कैसे इस्तेमाल करें?
टंकी के पानी को ऐसे करें साफ
क्लोरीन या ब्लीचिंग पाउडर का कैसे करें इस्तेमाल
टंकी की सफाई के बाद पानी को साफ करने के लिए निर्धारित मात्रा में क्लोरीन या ब्लीचिंग पाउडर का इस्तेमाल किया जा सकता है. हालांकि हमेशा निर्देशानुसार मात्रा का ही इस्तेमाल करें, जरूरत से ज्यादा क्लोरीन मिलाने से बचें और क्लोरीन डालने के बाद कुछ समय तक पानी को इस्तेमाल न करें.
इन बातों का रखें ध्यान
क्या सिर्फ फिटकरी से पानी पीने लायक हो जाता है?
ऐसा नहीं है कि सिर्फ फिटकरी का पानी पीने लायक होता है, क्योंकि फिटकरी पानी की गंदगी कम करने में मदद कर सकती है. लेकिन यह सभी बैक्टीरिया, वायरस और अन्य हानिकारक जर्म्स को खत्म नहीं करती. पीने के लिए हमेशा फिल्टर किया हुआ, उबला हुआ या सही तरीके से शुद्ध किया गया पानी ही इस्तेमाल करना सही होता है.
नोट: अगर टंकी के पानी का इस्तेमाल पीने के लिए किया जाता है, तो केवल फिटकरी के भरोसे न रहें. पीने के लिए हमेशा फिल्टर, उबला हुआ या उचित तरीके से शुद्ध किया गया पानी ही इस्तेमाल करें. अगर पानी का रंग, गंध या स्वाद असामान्य हो, तो उसकी जांच करवाएं और जरूरत पड़ने पर स्थानीय जल प्राधिकरण या एक्सपर्ट की सलाह लें.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क