लोकसभा में मंगलवार को एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा की शुरुआत हुई थी. इस बिल पर आज भी चर्चा जारी है. लोकसभा में बुधवार को कार्यवाही की शुरुआत होते ही विपक्षी सदस्यों ने हंगामा शुरू कर दिया. हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई. 12 बजे से इस बिल पर चर्चा की शुरुआत हो गई है. जेडीयू के सांसद दिलेश्वर कामत ने आज चर्चा की शुरुआत की है.
वहीं, राज्यसभा में विपक्षी सदस्यों ने एक दिन पहले सीपीएम के दिल्ली कार्यालय पर रेड का मुद्दा उठाया. विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने इसे लोकतंत्र के खिलाफ बताते हुए सरकार को घेरा. वहीं, नेता सदन जेपी नड्डा ने कहा कि यह सामान्य बात है. जेपी नड्डा ने कहा कि स्टूडेंट एक्टिविस्ट के तौर पर मैं भी दो बार गिरफ्तार हुआ हूं.
हनुमान बेनीवाल ने लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल पर बोलते हुए जगदंबिका पाल को एक दिन के मुख्यमंत्री का कार्यकाल याद दिलाया. उन्होंने सरकार को घेरते हुए कहा कि आपने किसान आंदोलन के दौरान भी जिद्द की थी कि बहुत अच्छा बिल है. ये तीसरी बार है, जब आपको झुकना पड़ा है.
सिक्किम से सिक्किम क्रांतिकारी मोर्चा के सांसद इंद्रहंग सुब्बा ने कहा कि युवाओं के रोड पर आने, आंदोलन को नकारात्मक रूप में नहीं लेना है. यह सभी सरकारों के लिए वेकअप कॉल है. पेपर लीक अब संगठित अपराध का रूप ले चुका है. अगर पेपर लीक की वजह से अगर मेधावी विद्यार्थी पीछे रह जाता है, तो सिर्फ वह छात्र नहीं, भविष्य पीछे रह जाता है.
आरएसपी सांसद एनके प्रेमचंद्रन ने कहा कि प्रोटेस्ट में शामिल छात्रों के साथ जिस तरह की बर्बरता हुई, उसे लेकर गृह मंत्री को सदन में आकर बयान देना चाहिए. गृह मंत्री को यह बताना चाहिए कि उस घटना के लिए कौन जिम्मेदार है. पेपर लीक के लिए भारत सरकार एकमात्र जिम्मेदार है. भारत सरकार 2024 के नीट पेपर लीक में कड़ी कार्रवाई करने में फेल रही है. कई छात्रों ने सुसाइड किए हैं. छात्रों के सुसाइड को लेकर एनसीआरबी का डेटा देखें तो 2013 से 2023 के बीच ही 60 परसेंट से ज्यादा सुसाइड हुए हैं.
यूपी के बुलंदशहर से बीजेपी के सांसद डॉक्टर भोला सिंह ने कहा कि 12 साल के सरकार के कार्यकाल में शिक्षा क्षेत्र में भी नई शुरुआत है. यह विधेयक देर रात तक पढ़ाई करने वाले उस छात्र के विश्वास, आगे की पढ़ाई के लिए बच्चे को बाहर भेजने के लिए बचत करने वाले पिता के भरोसे का विधेयक है. प्पेपर लीक नहीं होता, पूरी पीढ़ी का भरोसा लीक होता है.
पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने कहा कि आरटीआई और ऑडिट को चोरी वाली सभी तरह की व्यवस्था से दूर कर दिया गया है. जवाबदेही तय किसकी होगी. एनटीए के चेयरमैन क्यों नहीं हटाए गए. 2018 में जिनको एनटीए में लाया गया, वे मध्य प्रदेश एजुकेशन विभाग में बड़े पद पर थे. एक ही पदाधिकारी दुनिया में है. पप्पू यादव ने कहा कि छह से आठ करोड़ फॉर्म भरा जाता है. ये पैसा एनटीए को क्यों दिया जाता है. ये किसकी जिम्मेदारी है. जांच कौन करेगा. संजीव मुखिया को बरी कर दिया है. एसआईटी कौन बनाएगा. स्टेट के अधिकार को छिन लिया गया. हमारी मांग है कि पेपर लीक को इस रूप में मत देखिए. आपने एनटीए के बारे में कुछ नहीं कहा.
लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा की शुरुआत हो गई है. दूसरे दिन की चर्चा की शुरुआत बिहार के सुपौल से जेडीयू के सांसद दिलेश्वर कामत ने की है. दिलेश्वर कामत ने इस बिल को एनडीए सरकार के प्रति लोगों में उम्मीद और भरोसा जताने वाला बताया और कहा कि यह बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने वाला विधेयक है.
लोकसभा में भी गृह मंत्री सदन में आओ, सदन में आओ के नारे लगे. स्पीकर ओम बिरला ने चेयर से कहा भी कि अगर आप सदन चलाना नहीं चाहते, तो मैं सदन बंद कर दूंगा. स्पीकर ने विपक्षी सदस्यों को चेतावनी देते हुए कहा कि किसको आना है, किसको नहीं आना ये आप तय नहीं करोगे. जिस मंत्री का विधेयक है, वह यहां मौजूद हैं.
राज्यसभा में बुधवार को भी हंगामा जारी रहा. सदन की कार्यवाही हंगामे के बीच पहले 12 बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी. 12 जब दोबारा कार्यवाही शुरू हुई, कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ने गृह मंत्री के सदन में नहीं आने पर सवाल उठाया और कहा कि उनको जवाब देना चाहिए छात्रों के साथ हुई बर्बरता का. इस दौरान राज्यसभा में गृह मंत्री सदन में आओ और गृह मंत्री जवाब दो, जवाब दो के नारे भी लगे. हंगामे के कारण सभापति सीपी राधाकृष्णन ने सदन की कार्यवाही दोपहर दो बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.
लोकसभा और राज्यसभा, दोनों सदनों की कार्यवाही फिर से शुरू हो गई है. लोकसभा में लिस्टेड बिजनेस लिए जा रहे हैं. वहीं, राज्यसभा में विपक्ष ने जोरदार हंगामा किया.
लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा का आज दूसरा दिन है. लोकसभा में आज भी एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा जारी रहेगी. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी इस बिल पर 12.30 बजे बोलेंगे.
राज्यसभा की कार्यवाही भी स्थगित हो गई है. सभापति सीपी राधाकृष्णन ने विपक्ष के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.
नेता सदन जेपी नड्डा ने इस पर कहा कि जो बात जॉन ब्रिटास ने कही, वह कानून व्यवस्था के लिहाज से सामान्य बात है. इमरजेंसी के दौरान स्टूडेंट एक्टिविस्ट के तौर पर मैं भी गिरफ्तार हुआ हूं इसी कांग्रेस के समय में. एक नहीं, दो बार गिरफ्तार हुआ हूं. यह बहुत ही सामान्य बात है.
मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि जो ब्रिटास ने उठाया मुद्दा, वह बहुत शर्मनाक है कि हम एक नेशनल पार्टी के ऑफिस में घुसकर अरेस्ट करने की बात करते हैं. लोकतंत्र सुरक्षित नहीं है. इसके लिए जिम्मेदार लोगों को अरेस्ट करना चाहिए. किसने ऑर्डर दिया इसके लिए.
राज्यसभा में केरल से सीपीएम के राज्यसभा सांसद जॉन ब्रिटास ने सीपीएम के दिल्ली कार्यालय पर दिल्ली पुलिस की रेड का मुद्दा उठाया. जॉन ब्रिटास ने कहा कि हमारा लोकतंत्र मल्टी पार्टी है. सीपीएम एक राष्ट्रीय पार्टी है और इस तरह की कार्रवाई उचित नहीं है.
लोकसभा में मंगलवार को पटरी पर लौटी कार्यवाही बुधवार को फिर से बेपटरी होती नजर आई. विपक्ष के हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही नहीं चल सकी और स्थगित करनी पड़ी. स्पीकर ओम बिरला ने सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.