दिल्ली-NCR, हरियाणा और राजस्थान के कई इलाकों में कई दिनों की भीषण गर्मी और बढ़ते तापमान के बाद लोगों को आखिरकार कुछ राहत मिल सकती है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मंगलवार को तेज हवाओं के साथ आंधी-तूफान, ओलावृष्टि और मध्यम बारिश का अनुमान लगाया है.
मौसम की ताजा जानकारी के मुताबिक, हरियाणा के कई ज़िलों, जैसे हिसार, हांसी, रोहतक, रेवाड़ी, बावल और नूंह में मध्यम बारिश के साथ ओलावृष्टि और आंधी-तूफान की बहुत ज़्यादा संभावना है.
राजस्थान के आस-पास के इलाकों, खासकर भिवाड़ी और तिजारा में भी इसी तरह के मौसम की उम्मीद है.
मौसम विभाग की चेतावनी!
IMD ने चेतावनी दी है कि दिन के वक्त इन इलाकों में 50-70 किमी/घंटा की रफ़्तार से तेज़ हवाएं चल सकती हैं और बिजली भी कड़क सकती है. लोगों को सलाह दी गई है कि वे सावधान रहें, खासकर आंधी-तूफान के दौरान, और अकेले खड़े पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण लेने से बचें.
यह अनुमान ऐसे वक्त में आया है, जब उत्तर-पश्चिमी भारत में मॉनसून-पूर्व मौसम की तेज़ गतिविधियां जारी हैं. दिन में तेज गर्मी और अरब सागर से आने वाली नमी के कारण इस क्षेत्र के कुछ इलाकों में ज़बरदस्त तूफ़ान बनने के लिए अनुकूल परिस्थितियां पैदा हो गई हैं.
मौसम के जानकारों का कहना है कि आने वाले मौसम के कारण कुछ इलाकों में ओलावृष्टि हो सकती है, जिससे मौजूदा गर्मी से कुछ वक्त के लिए राहत मिल सकती है. हालांकि, ओलावृष्टि और तेज हवाओं से खड़ी फ़सलों, बागों, गाड़ियों और अस्थायी ढांचों को नुकसान भी पहुंच सकता है.
किसानों को सलाह दी गई है कि वे मौसम से होने वाले संभावित नुकसान से अपनी कटी हुई फ़सल और खेती के उपकरणों को बचाने के लिए जरूरी सावधानी बरतें. तेज हवाओं और बिजली कड़कने से प्रभावित जिलों में बिजली आपूर्ति और यातायात में भी रुकावट आ सकती है.
मौसम की यह गतिविधि प्री-मानसून तूफानों के उस बड़े पैटर्न का हिस्सा है, जो अभी उत्तर भारत के कई राज्यों को प्रभावित कर रहे हैं. गर्मी के महीनों में ऐसे सिस्टम अक्सर तेजी से बनते हैं, क्योंकि जमीन की गर्म सतह, बाहर से आने वाली नमी और हवा में अस्थिरता के साथ मिलकर प्रतिक्रिया करती है.
हालांकि, इन तूफानों से तापमान में कुछ डिग्री की कमी आने की उम्मीद है, लेकिन मौसम जानकारों का कहना है कि यह राहत कुछ वक्त के लिए ही हो सकती है. तूफान की गतिविधि कम होने पर गर्मी फिर से बढ़ सकती है. हालांकि, आने वाले दिनों में उत्तर-पश्चिम भारत में और बारिश और तूफान आने की संभावना है.
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