Advertisement

लंभुआ विधानसभा चुनाव 2027 (Lambhua Assembly Election 2027)

लंभुआ उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में स्थित तहसील स्तर का एक कस्बा और लंभुआ तहसील का मुख्यालय है. गोमती नदी के निकट स्थित यह कस्बा मुख्य रूप से ग्रामीण क्षेत्र के लिए प्रशासनिक और वाणिज्यिक केंद्र के रूप में कार्य करता है, जो सैकड़ों गांवों में फैला हुआ है.

लंभुआ का चुनावी इतिहास जटिल रहा है. यह निर्वाचन क्षेत्र उस समय अस्तित्व

में था, जब उत्तर प्रदेश में 1957 में विधानसभा चुनाव हुए थे और 1960 तथा 1970 के दशक में भी चुनावी नक्शे में बना रहा. 1980 में इसका स्थान चांदा ने ले लिया और चांदा 2007 के चुनाव तक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र बना रहा. 2008 के परिसीमन के बाद लंभुआ अपने वर्तमान स्वरूप में वापस आया, जिसमें पूरी लंभुआ तहसील को शामिल किया गया.

लंभुआ एक सामान्य, अनारक्षित विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र है और सुल्तानपुर लोकसभा सीट के पांच विधानसभा क्षेत्रों में से एक है. वर्तमान निर्वाचन क्षेत्र में पूरी लंभुआ तहसील शामिल है, जिसके कारण इसका स्वरूप मुख्य रूप से ग्रामीण है.

अपने वर्तमान स्वरूप में लंभुआ ने 2012 के बाद से तीन विधानसभा चुनाव देखे हैं. भाजपा और समाजवादी पार्टी प्रमुख दलों के रूप में सामने आए हैं, जिसमें भाजपा ने दो बार और समाजवादी पार्टी ने एक बार सीट जीती है. इन तीनो चुनावों में लंभुआ ने उस दल के पक्ष में मतदान किया, जिसने बाद में राज्य में सरकार बनाई.

समाजवादी पार्टी ने 2012 में संतोष पांडेय को अपना उम्मीदवार बनाकर सीट जीती थी. पांडेय ने बहुजन समाज पार्टी के विनोद सिंह को 17,372 मतों से हराया था. उस चुनाव में भाजपा केवल 3.63 प्रतिशत मतों के साथ चौथे स्थान पर रही थी. 2017 में भाजपा ने देवमणि द्विवेदी को उम्मीदवार बनाकर सीट जीती. द्विवेदी ने बसपा के विनोद सिंह को 12,903 मतों से हराया, जबकि समाजवादी पार्टी के मौजूदा विधायक संतोष पांडेय तीसरे स्थान पर रहे. 2022 में भाजपा ने उम्मीदवार बदलते हुए सीताराम वर्मा को मैदान में उतारा और उन्होंने 82,999 मत प्राप्त किए. उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी समाजवादी पार्टी की सरोज पांडेय को 73,466 मत मिले. इस तरह भाजपा ने 9,533 मतों से जीत दर्ज की. भाजपा का मत प्रतिशत 39.37 रहा, जबकि समाजवादी पार्टी को 34.85 प्रतिशत मत मिले.

लोकसभा चुनावों में लंभुआ के मतदाताओं का रुख अधिक बदलाव वाला रहा है, हालांकि 2024 तक इस विधानसभा क्षेत्र में भाजपा का प्रदर्शन अधिक मजबूत रहा. 2009 में कांग्रेस ने बसपा पर 14,429 मतों की बढ़त बनाई थी. 2014 में भाजपा ने बसपा पर 31,132 मतों की बढ़त हासिल की. 2019 में भी भाजपा सबसे आगे रही, लेकिन उसकी बसपा पर बढ़त घटकर केवल 999 मत रह गई. 2024 में समाजवादी पार्टी ने पहली बार इस विधानसभा क्षेत्र में बढ़त बनाई. सुल्तानपुर लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार रामभुआल निषाद को लंभुआ क्षेत्र में 89,072 मत मिले, जबकि उस समय की मौजूदा सांसद और भाजपा उम्मीदवार मेनका गांधी को 77,748 मत मिले. इस तरह समाजवादी पार्टी ने 11,324 मतों की बढ़त हासिल की, जो इस क्षेत्र में पड़े कुल मतों का 5.50 प्रतिशत था.

लंभुआ में पंजीकृत मतदाताओं की संख्या पिछले वर्षों में लगातार बढ़ी है. 2012 में यह संख्या 3,02,057 थी, जो 2017 में बढ़कर 3,50,944 हो गई. 2019 के लोकसभा चुनाव में यह संख्या 3,55,718 रही. 2022 के विधानसभा चुनाव में 3,69,085 और 2024 में 3,76,186 मतदाता दर्ज थे. 2026 में विशेष गहन पुनरीक्षण के बाद प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में 3,39,678 मतदाता हैं. यह 2024 की संख्या से 36,508 कम है और इसमें लगभग 9.70 प्रतिशत की कमी दर्ज हुई है.

लंभुआ में मतदान प्रतिशत मध्यम रहा है और अलग अलग चुनावों में इसमें उतार चढाव देखा गया है. 2012 में मतदान प्रतिशत 59.68 रहा. 2017 में यह 57.47 प्रतिशत था. 2019 के लोकसभा चुनाव में यह घटकर 55.67 प्रतिशत हो गया. 2022 के विधानसभा चुनाव में मतदान फिर बढ़कर 57.20 प्रतिशत हुआ, जबकि 2024 में यह 55.18 प्रतिशत रहा.

लंभुआ एक हिंदू बहुल विधानसभा क्षेत्र है, जहां मुस्लिम आबादी भी उल्लेखनीय है. 2011 की जनगणना के अनुसार लंभुआ तहसील की मुस्लिम आबादी 14.27 प्रतिशत थी, जबकि अनुसूचित जाति की आबादी 23.29 प्रतिशत थी. अन्य प्रमुख सामाजिक समूहों में ब्राह्मण, यादव, कुर्मी, ठाकुर और कोरी मतदाता शामिल हैं. अनुमान के अनुसार यादवों की आबादी करीब 9.70 प्रतिशत, ब्राह्मणों की करीब 20 प्रतिशत, कुर्मियों की करीब 11.5 प्रतिशत और ठाकुरों की करीब 10 प्रतिशत है. कोरी और अन्य अनुसूचित जाति समुदाय भी मतदाताओं के बड़े हिस्से में शामिल हैं. यह निर्वाचन क्षेत्र मुख्य रूप से ग्रामीण है. इसकी 98.11 प्रतिशत आबादी ग्रामीण क्षेत्र में रहती है, जबकि 1.89 प्रतिशत आबादी लंभुआ कस्बे के शहरी क्षेत्र में रहती है.

लंभुआ का इतिहास गोमती क्षेत्र की प्राचीन सांस्कृतिक परंपराओं और रामायण से जुडी मान्यताओं से भी जुडा है. गोमती नदी के दाहिने किनारे स्थित धोपाप धाम क्षेत्र का प्रमुख धार्मिक स्थल है. यह स्थल सुल्तानपुर-जौनपुर मार्ग पर स्थित है और परंपरागत मान्यता के अनुसार भगवान राम ने रावण के वध के बाद ब्रह्म हत्या के प्रायश्चित के लिए यहां स्नान किया था. यह स्नान महर्षि वशिष्ठ की सलाह पर किए जाने की मान्यता है. विष्णु पुराण की परंपरा के अनुसार इस स्थान को धुतोपापा कहा जाता था, जो बाद में धोपाप नाम से जाना गया. घाट पर राम मंदिर स्थित है और गंगा दशहरा तथा राम नवमी सहित अन्य अवसरों पर यहां श्रद्धालु आते हैं.

लंभुआ के आसपास का क्षेत्र गोमती नदी के जलग्रहण क्षेत्र के उपजाऊ जलोढ़ मैदानों का हिस्सा है. गोमती इस विधानसभा क्षेत्र से होकर बहने वाली प्रमुख नदी है और कृषि तथा बस्तियों के स्वरूप में इसकी भूमिका है. मुख्य रूप से समतल भूभाग और उपजाऊ मिट्टी के कारण यहां की ग्रामीण अर्थव्यवस्था कृषि पर आधारित है. खेती और इससे जुडी गतिविधियां ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका का प्रमुख साधन हैं. धान, गेहूं, दलहन और अन्य खाद्यान्न यहां उगाई जाने वाली प्रमुख फसलो में शामिल हैं. छोटे स्तर के खाद्य प्रसंस्करण, चावल मिल, आटा मिल, डेयरी से जुडी गतिविधियां और स्थानीय व्यापार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सहयोग देते हैं.

लंभुआ की सडक और रेल के माध्यम से सुल्तानपुर, जौनपुर, वाराणसी, लखनऊ और उत्तर प्रदेश के अन्य प्रमुख केंद्रों से संपर्क है. यह कस्बा सुल्तानपुर-वाराणसी मार्ग पर स्थित है. लंभुआ बाईपास लखनऊ-वाराणसी राजमार्ग गलियारे का हिस्सा है. पूर्वांचल एक्सप्रेसवे भी पूर्वी उत्तर प्रदेश के व्यापक सडक नेटवर्क तक पहुंच उपलब्ध कराता है.

लंभुआ रेलवे स्टेशन लखनऊ-जौनपुर-वाराणसी रेल मार्ग पर स्थित है. यहां से लखनऊ और वाराणसी की ओर सीधी रेल कनेक्टिविटी उपलब्ध है. इसके अलावा सुल्तानपुर, जौनपुर और अन्य शहरों से भी रेल संपर्क मिलता है.

लंभुआ लखनऊ से करीब 158 किलोमीटर, अमेठी से 50 किलोमीटर, रायबरेली से करीब 85 किलोमीटर, प्रयागराज से करीब 120 किलोमीटर, अयोध्या से करीब 70 किलोमीटर और वाराणसी से लगभग 128 किलोमीटर सडक दूरी पर है. वास्तविक दूरी मार्ग के अनुसार अलग हो सकती है. यह कस्बा सुल्तानपुर से करीब 22 से 23 किलोमीटर दूर है.

2009 के बाद लंभुआ में हुए सात प्रमुख चुनावों में भाजपा का चुनावी रिकॉर्ड अधिक मजबूत रहा है. भाजपा चार लोकसभा चुनावों में से दो में पहले स्थान पर रही और 2017 तथा 2022 में हुए दोनों विधानसभा चुनावों में जीत दर्ज की. 2024 के लोकसभा चुनाव में विधानसभा क्षेत्र के स्तर पर समाजवादी पार्टी की बढ़त ने चुनावी स्थिति में एक नया बदलाव दिखाया, जबकि 2014 और 2019 में यहां भाजपा आगे रही थी. इसी दौरान विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत का अंतर 2017 के 12,903 मतों से घटकर 2022 में 9,533 मत रह गया. दूसरी ओर, 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी की 11,324 मतों की बढ़त 2022 के विधानसभा चुनाव में उसकी हार के अंतर से अधिक थी.

2026 के विशेष गहन पुनरीक्षण के बाद 2024 की तुलना में मतदाताओं की संख्या 36,508 कम हुई है. उपलब्ध कुल आंकडो से यह स्पष्ट नहीं होता कि हटाए गए नामों में किस जाति या समुदाय का सबसे बडा हिस्सा है. फिर भी मतदाता संख्या में यह बदलाव चुनावी गणनाओं में एक अन्य कारक है. भाजपा ने पिछले दो विधानसभा चुनाव जीते हैं, जबकि 2024 के लोकसभा चुनाव में इस विधानसभा क्षेत्र में समाजवादी पार्टी आगे रही थी. 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले लंभुआ में चुनावी समीकरणों पर राजनीतिक दलों और मतदाताओं की नजर बनी हुई है.

(अजय झा)

और पढ़ें
छोटा करें
Advertisement

लंभुआ विधानसभा चुनाव के पिछले नतीजे

2022
2017
WINNER

Sitaram Verma

BJP
वोट82,999
विजेता पार्टी का वोट %39.4 %
जीत अंतर %4.6 %

लंभुआ विधानसभा चुनाव के अन्य उम्मीदवार

  • नाम
    पार्टी
    वोट
  • Santosh Pandey

    SP

    73,466
  • Avanish Kumar Singh

    BSP

    42,119
  • Islam

    JANADIP

    2,548
  • Vinay Vikram Singh

    INC

    1,930
  • Ram Sunder Yadav

    VSIP

    1,729
  • Nota

    NOTA

    1,686
  • Amritlal Vishwakarma

    MADP

    1,320
  • Rakesh Kumar

    ASPKR

    892
  • Manju Lata Pal

    AJPI

    870
  • Rajendra Prasad Maurya

    SUCI

    773
  • Dharmraj Gautam

    BMUP

    503
WINNER

Deomani Dwivedi

BJP
वोट78,627
विजेता पार्टी का वोट %39 %
जीत अंतर %6.4 %

लंभुआ विधानसभा चुनाव के अन्य उम्मीदवार

  • नाम
    पार्टी
    वोट
  • Vinod Singh

    BSP

    65,724
  • Santosh Pandey

    SP

    47,633
  • Nota

    NOTA

    1,785
  • Arvind Kumar Yadav

    RLD

    1,702
  • Chhote Lal

    IND

    1,513
  • Jai Prakash Maurya

    SUCI

    842
  • Sanjeev

    IND

    836
  • Babulal

    BMUP

    790
  • Kamlesh Shukla

    IND

    621
  • Dr. H.r.yadav

    SSSP

    508
  • Bhaskar Dev

    PSAVKP

    395
  • Arvind Kumar

    IND

    364
  • Dr. Shiv Shankar Indian

    MBCOI

    352
Advertisement

लंभुआ विधानसभा चुनाव सीट 2027 से जुड़े सवाल जवाब (FAQs)

लंभुआ विधानसभा क्षेत्र के वर्तमान (2022) विधायक कौन हैं?

2022 में लंभुआ में विजयी उम्मीदवार का वोट प्रतिशत कितना था?

2022 के लंभुआ विधानसभा चुनाव सीट पर Sitaram Verma को कितने वोट मिले थे?

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 कब आयोजित होंगे?

पिछला उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव किस पार्टी ने जीता था?

लंभुआ विधानसभा चुनाव परिणाम 2027 कब घोषित होंगे?

Advertisement