सोशल मीडिया से संपर्क, लाखों की लालच, करोड़ों की रंगदारी... बिश्नोई गैंग की नई करतूत का खुलासा

हरियाणा के करनाल से एसटीएफ ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटरों को गिरफ्तार किया है. इन दोनों ने बीती 9 नवंबर को कुरुक्षेत्र के सेक्टर-3 में एक इमिग्रेशन एजेंट पर गोलियां चलाई थी. दोनों शूटर सोशल मीडिया के जरिए बिश्नोई गैंग के संपर्क में आए थे. लॉनेंस के छोटे भाई अनमोल बिश्नोई के इशारे पर काम कर रहे थे.

Advertisement
हरियाणा के करनाल से एसटीएफ ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटरों को गिरफ्तार किया है. हरियाणा के करनाल से एसटीएफ ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के दो शूटरों को गिरफ्तार किया है.

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 18 नवंबर 2023,
  • अपडेटेड 4:39 PM IST

चाहे बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान को जान से मारने की धमकी हो या फिर पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या, लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम हर वक्त सुर्खियों में रहता है. ताजा मामला बिश्नोई गैंग के दो शूटर्स से जुड़ा है, जिन्हें हरियाणा एसटीएफ ने करनाल के घरौंडा से गिरफ्तार किया है. आरोपियों की पहचान दीपक उर्फ दीप्पी और अमन के रूप में की गई है. इन दोनों ने 9 नवंबर को कुरुक्षेत्र के सेक्टर 3 में रहने वाले एक इमिग्रेशन एजेंट सतेन्द्र पाल पर गोलियां चलाई थी. उनके कब्जे से 32 बोर का एक तमंचा और कुछ कारतूस बरामद किए गए हैं. पुलिस दोनों को कोर्ट में पेश करके रिमांड में लेने की तैयारी कर रही है. 

Advertisement

जानकारी के मुताबिक, करीब दो महीने पहले कुरूक्षेत्र के सेक्टर 3 के रहने वाले इमिग्रेशन एजेंट सतेंद्र पाल के पास अमेरिका से कॉल आई थी. कॉलर ने अपना नाम अनमोल बिश्नोई बताया था. उसका कहना था कि वो लॉरेंस बिश्नोई का छोटा भाई है. उसने सतेंद्र से 2 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगी थी. पैसे नहीं देने पर अंजाम भुगतने की धमकी भी दी थी. सतेंद्र ने इसकी सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद उसे सुरक्षा मुहैया करा दी गई. इसके बावजूद इमिग्रेशन एजेंट को लगातार कॉल और वाइस नोट के जरिए धमकी आती रही. इसी बीच दो लड़के उसके घर पर एक लेटर फेंक कर चले गए, जिसमें लिखा था कि पैसे देने का आखिरी मौका है.

सोशल मीडिया के जरिए शूटर्स से संपर्क

9 नवंबर की बात है. सतेंद्र पाल अपने घर पर मौजूद थे. इसी दौरान दो लड़के आए और उनके घर पर फायरिंग करने लगे. इस हमले में वो बाल-बाल बच गए. पुलिस शिकायत के बाद इस मामले की जांच एसटीएफ को दी गई. एसटीएफ की टीम सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तो दोनों शूटर्स की तस्वीर निकल गई. उसके आधार पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया. दोनों करनाल के कालराम गांव के रहने वाले हैं. शुरुआती पूछताछ में पता चला है कि दोनों लड़के सोशल मीडिया के जरिए अनमोल बिश्नोई के संपर्क में आए थे. उसने पांच लाख रुपए देने का लालच दिया था. इसके बदले उन्हें इमिग्रेशन एजेंट पर फायरिंग करने के लिए कहा गया था.

Advertisement

अमेरिका से भारत में वारदात को अंजाम

लॉरेंस बिश्नोई इस वक्त दिल्ली की मंडोली जेल में बंद है. उसकी आपराधिक गतिविधियों को देखते हुए तिहाड़ जेल से शिफ्ट किया गया है. उसका दहशत दिल्ली, पंजाब से लेकर हिमाचल प्रदेश, राजस्थान तक फैला है. इतना ही नहीं कनाडा से लेकर अमेरिका तक उसके गुर्गे बैठे हुए हैं. वहीं से सोशल मीडिया के जरिए दहशत का व्यापार कर रहे हैं. उसका छोटा भाई अनमोल बिश्नोई और दोस्त गोल्डी बराड़ अमेरिका में बैठे हुए भारत में वारदातों को अंजाम दे रहे हैं. इसके लिए फेसबुक के जरिए शूटर्स से संपर्क साधते हैं. उनको पैसों का लालच देकर लोगों पर फायरिंग करवाते हैं. इस वक्त बिश्नोई गैंग के लिए 1000 से भी अधिक लोग काम कर रहे हैं. 

ऐसे चलता है लॉरेंस बिश्नोई का साम्राज्य

गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई ने अपना नेटवर्क ऐसे बनाया है कि वो जेल के अंदर रहे या बाहर, उसे ज्यादा फर्क नहीं पड़ता. वो जेल में बैठे-बैठे ही बड़ी आसानी से जो चाहता है, वो करता है. जेल में बैठे-बैठे ही वो अपने दुश्मनों के नाम की सुपारी निकालता है और करोड़ों की वसूली करता है. एनआईए की पूछताछ में उसने अपने काम करने की पूरी मॉडस ऑपरेंडी और उसका एक-एक सच खोल कर रख दिया था. दिल्ली की तिहाड़ जेल के अलावा राजस्थान के भरतपुर, पंजाब के फरीदकोट जेस में रहते हुए भी उसने उत्तर भारत के कारोबारियों करोड़ों रुपए की अवैध वसूली की थी. कभी उसने राजस्थान के कारोबारियों से, कभी उसने चंडीगढ़ के कम से कम 10 क्लब मालिकों से, कभी अंबाला के मॉल मालिकों से, कभी शराब कारोबारियों से, कभी दिल्ली और पंजाब के सटोरियों से करोड़ों की उगाही करता था. जेल में लॉरेंस के गुर्गे कारोबारियों के नंबर लेकर आते थे.

Advertisement

यह भी पढ़ें: ऐप्स का इस्तेमाल, नाबालिगों का सहारा, तिहाड़ जेल से ऑपरेट हो रहे 5 खतरनाक गैंग्स की कहानी

पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या

पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद लॉरेंस बिश्नोई के दोस्त गोल्डी बरार ने फेसबुक लाइव में खुद कबूला था कि उसने ही इस वारदात को अंजाम दिया है. लॉरेंस ने भी पूछताछ में बताया था कि इस काम के लिए उसने अपने साथी गोल्डी को हवाला के जरिए पूरे 50 लाख रुपए भिजवाए थे, इन पैसों का इस्तेमाल कत्ल की पूरी साजिश को अंजाम देने में किया गया था. मूसेवाला की हत्या के बाद गोल्डी ने अपना ठिकाना बदल दिया है. कनाडा में उस पर जानलेवा हमला हो सकता है, इसलिए वो अब अमेरिका के कैलिफोर्निया की फ्रेंसो सिटी में स्थित एक सेफ हाउस में रह रहा है. वहां उसके साथ लॉरेंस का भाई अनमोल बिश्नोई भी मौजूद है. 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »