scorecardresearch
 

पहले रोनाल्ड, अब डोनाल्ड... 45 साल बाद वॉशिंगटन हिल्टन होटल में दोहराया खौफनाक इतिहास

45 साल पहले राष्ट्रपति रहे रोनाल्ड रीगन पर हमले के बाद अब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मौजूदगी में फिर गोलीबारी से हिल्टन होटल दहल गया. व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान हुई इस घटना ने सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और इतिहास की खौफनाक यादें फिर ताजा कर दी हैं.

Advertisement
X
1981 में रोनाल्ड रीगन पर भी हिल्टन होटल में ही हमला हुआ था. (Photo- ITG)
1981 में रोनाल्ड रीगन पर भी हिल्टन होटल में ही हमला हुआ था. (Photo- ITG)

अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन स्थित वॉशिंगटन हिल्टन होटल एक बार फिर सुर्खियों में है, और वजह इस बार भी गोलीबारी की घटना है. यह वही होटल है, जो पहले भी एक बड़े हमले का गवाह रह चुका है. साल 1981 में यहां तत्कालीन राष्ट्रपति रोनाल्ड रीगन पर जानलेवा हमला हुआ था, जिसने पूरे अमेरिका को हिला दिया था. अब करीब 45 साल बाद फिर इसी होटल में गोलियों की आवाज गूंजी, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बड़े कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे.

थोड़ा पीछे चलते हैं. 30 मार्च 1981 का दिन था. उस वक्त राष्ट्रपति रोनाल्ड रीगन इसी होटल में एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे. जब वह बाहर निकलकर अपनी गाड़ी की तरफ बढ़ रहे थे, तभी जॉन हिंकले जूनियर नाम के एक शख्स ने उन पर गोली चला दी. उसने 22 कैलिबर की रिवॉल्वर का इस्तेमाल किया था, जिसमें खास तरह की गोलियां थीं, जो टकराने पर ज्यादा नुकसान करती हैं.

यह भी पढ़ें: पत्रकारों संग ट्रंप की 'पार्टी नाइट', जानें कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर क्यों है इतना खास

इस हमले में रीगन के अलावा सीक्रेट सर्विस एजेंट टिमोथी मैकार्थी, पुलिस अधिकारी थॉमस डेलाहंटी और प्रेस सचिव जेम्स ब्रैडी भी घायल हुए थे. ब्रैडी की हालत सबसे ज्यादा गंभीर थी और वह जिंदगीभर के लिए विकलांग हो गए. बाद में उनकी मौत को भी इसी हमले से जुड़ा माना गया. इस घटना ने पूरे अमेरिका को हिला दिया था और इसके बाद राष्ट्रपति की सुरक्षा को लेकर कई बड़े बदलाव किए गए. तब से वॉशिंगटन हिल्टन का नाम इस हमले के साथ जुड़ गया.

Advertisement

हिल्टन होटल में फिर गूंजी गोलियों की आवाज

अब बात करते हैं हाल की घटना की. 25 अप्रैल 2026 की रात, यही होटल फिर सुर्खियों में आ गया. यहां व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर हो रहा था, जिसमें राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मुख्य अतिथि थे. होटल के बड़े बॉलरूम में करीब 2600 लोग मौजूद थे. पत्रकार, नेता, बिजनेसमैन और कई बड़ी हस्तियां शामिल थीं. माहौल सामान्य था और कार्यक्रम शुरू होने वाला था.

इसी बीच अचानक तेज आवाजें सुनाई दीं. शुरुआत में कुछ लोगों को लगा कि शायद कोई तकनीकी गड़बड़ी है या आतिशबाजी हो रही है. लेकिन कुछ ही पलों में साफ हो गया कि ये गोलियों की आवाज है. चश्मदीदों के मुताबिक, होटल की लॉबी और बॉलरूम के बाहर 4 से 6 राउंड फायरिंग जैसी आवाजें आईं.

इसके बाद माहौल पूरी तरह बदल गया. यूएस सीक्रेट सर्विस के एजेंट तुरंत हरकत में आए. उन्होंने ट्रंप और मेलानिया ट्रंप को घेरकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया. हॉल के अंदर मौजूद लोग डर गए, कई लोग टेबल के नीचे छिप गए, तो कुछ जमीन पर लेट गए. कुछ ही मिनटों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया.

सुरक्षा बलों ने तुरंत पूरे इलाके को घेर लिया और हमलावर को पकड़ने की कार्रवाई शुरू की. रिपोर्ट्स के मुताबिक, संदिग्ध को होटल की लॉबी के पास ही पकड़ लिया गया. सीक्रेट सर्विस ने भी पुष्टि की कि उसे हिरासत में ले लिया गया है. राहत की बात यह रही कि राष्ट्रपति और बाकी बड़े नेता पूरी तरह सुरक्षित हैं.

Advertisement

यह भी पढ़ें: ट्रंप के डिनर हॉल तक हथियार लेकर कैसे पहुंचा शूटर? होटल में कैसी थी सुरक्षा

एक होटल, दो घटनाएं, दो राष्ट्रपति पर हमला

अब अगर इन दोनों घटनाओं को साथ रखें, तो एक बात साफ नजर आती है. वॉशिंगटन हिल्टन उन गिने-चुने जगहों में शामिल हो गया है, जहां दो अलग-अलग समय पर राष्ट्रपति की मौजूदगी में गोलीबारी हुई. 1981 में रीगन सीधे हमले का शिकार हुए थे, जबकि इस बार ट्रंप पर सीधा हमला था या नहीं, यह अभी साफ नहीं है.

फिर भी, दोनों मामलों में खतरा बड़ा था. और यही बात सबसे ज्यादा चिंता बढ़ाती है. इतने कड़े सुरक्षा इंतजामों के बावजूद ऐसी घटनाएं कैसे हो जाती हैं? 1981 के बाद सुरक्षा काफी मजबूत की गई थी, लेकिन ताजा घटना की वजह से सुरक्षा व्यवस्था पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं.

हालांकि, इस घटना में रोनाल्ड रीगन को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ. जून 1982 में, हिंकले को मानसिक बीमारी की वजह से दोषी नहीं पाया गया और उसे वाशिंगटन के सेंट एलिजाबेथ हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था. ऐसे बड़े आयोजनों में बॉलरूम और वीआईपी एरिया में तो बहुत सख्त सुरक्षा होती है, लेकिन होटल के बाकी हिस्से पूरी तरह बंद नहीं किए जाते. यही जगह कई बार सुरक्षा की कमजोरी बन जाती है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement