सिडनी में बंधक संकट खत्म: कैफे में फंसे भारतीयों समेत बंधकों को बाहर निकाला गया
ऑस्ट्रेलिया के शहर सिडनी में बड़ा बंधक संकट अब खत्म हो गया है. पुलिस ने 17 घंटे बाद ऑपरेशन तेज करते हुए कैफे में फंसे 2 भारतीयों समेत 17 बंधकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया. न्यू साउथ वेल्स(एनएसडबल्यू) पुलिस ने ऑपरेशन खत्म होने और बंधकों को बाहर निकालने की पुष्टि की है. ऑपरेशन के दौरान बंधक बनाने वाले आतंकी हारुन मोनीस समेत 3 लोगों की मौत हो गई है. जबकि 4 लोग गंभीर रूप से घायल हैं. पीएम मोदी ने ट्विटर पर कहा, 'इस दुख की घड़ी में हम ऑस्ट्रेलिया के साथ हैं.'
ऑस्ट्रेलिया के शहर
अब खत्म हो गया है. पुलिस ने 17 घंटे बाद ऑपरेशन तेज करते हुए कैफे में
फंसे 2 भारतीयों समेत 17 बंधकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया. न्यू
साउथ
वेल्स(एनएसडबल्यू) पुलिस ने ऑपरेशन खत्म होने और बंधकों को बाहर निकालने
की पुष्टि
की है. ऑपरेशन के दौरान बंधक बनाने वाले आतंकी हारुन मोनीस समेत 3 लोगों
की मौत हो गई है. जबकि 4 लोग गंभीर रूप से घायल हैं. पीएम मोदी ने ट्विटर
पर कहा, 'इस दुख की घड़ी में हम ऑस्ट्रेलिया के साथ हैं.'
Our thoughts & prayers are with the people of Sydney & Australia. We stand shoulder to shoulder with them during these testing times.
— Narendra Modi (@narendramodi)
सिडनी पुलिस ने बताया कि घटना के पीछे कोई आतंकी संगठन नहीं था. यह एक शख्स की ही करतूत थी. 17 बंधकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है. ऑपरेशन के दौरान 4 लोग गंभीर रूप से घायल हुए.
पुलिस ने बंधकों को बाहर निकालने के लिए शुरू किए ऑपरेशन के दौरान कैफे के अंदर बम डिटेक्शन रोबोट को भेजा था. ऑपरेशन खत्म होने के बाद कुछ बंधकों को स्ट्रेचर से बाहर निकाला गया. कैफे में फंसे बंधकों में दो भारतीय भी थे जिनमें से एक इंफोसिस कंपनी के कर्मचारी विश्वकांत अंकी रेड्डी और दूसरे पुष्पेंद्र घोष थे. मरने वालों में से एक आतंकी हारुन भी शामिल था. आतंकी हारुन मोनीस ईरानी मूल का बताया जा रहा है. यह शख्स 1996 में ईरान से आकर सिडनी में बस गया था.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सैयद अकबरुद्दीन ने आज तक से बताया कि ऑस्ट्रेलिया में भारतीय राजदूत ने यह जानकारी दी कि कैफे में दो भारतीय बंधक थे. इन दोनों भारतीयों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है. विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने ट्विटर पर कहा कि कैफे में बंधक विश्वकांत अंकी रेड्डी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है.
The hostage crisis in Sydney is over. Vishwakant Ankit ready is safe. He is undergoing some medical check ups and will be back home soon.
— Sushma Swaraj (@SushmaSwaraj)
गौरतलब है कि ऑस्ट्रेलिया के शहर सिडनी में मार्टिन प्लेस नामक जगह पर एक चॉकलेट कैफे के भीतर एक हथियारबंद आतंकवादी ने कई लोगों को बंधक बना लिया था. बंदूकधारी ने महिलाओं को ढाल बनाकर अपना बचाव करने की कोशिश की. कैफे में लोगों को बंधक बनाने वाले बंदूकधारी ने ऑस्ट्रेलियाई पीएम टोनी एबॉट से बात करने की मांग रखी थी. उसने IS का झंडा मिलने पर एक बंधक को छोड़ने की बात भी कही थी. सोमवार दोपहर 5 लोग कैफे से सुरक्षित निकलने में कामयाब रहे थे. इनमें 2 महिलाएं और 3 पुरुष शामिल थीं. इंफोसिस ने बयान जारी कर बताया था कि उसका एक कर्मचारी भी बंधकों में शामिल है. हालांकि दूसरे भारतीय के कैफे में फंसने के बारे में बाद में पता चल पाया.
भारतीय विदेश मंत्रालय ने बताया है कि सिडनी में भारतीय वाणिज्य दूतावास खाली कराया गया है और सभी कर्मचारी सुरक्षित हैं. बीसीसीआई ने कहा है कि ऑस्ट्रेलिया दौरे पर गए भारतीय क्रिकेटरों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है. भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस सोमवार सुबह इस घटना पर चिंता जताई थी.
The incident in Sydney is disturbing. Such acts are inhuman & deeply unfortunate. I pray for everyone's safety.
— Narendra Modi (@narendramodi)
कैफे में लोगों की आड़ में खुद को बचाने की कोशिश कर रहा था आतंकी हारुन मोनीस