इराक में तबाही मचाने वाले खूंखार आतंकी संगठन आईएसआईएस (ISIS) का अब वहां से अंत हो गया है. इराकी सेना मोसुल शहर को IS आतंकियों से मुक्त कराने में सफल हो गई है. आईएस आतंकियों ने पिछले तीन सालों से मोसुल में आतंक का राज कायम किया हुआ था.
रविवार को इराक के प्रधानमंत्री हैदर अल-आब्दी मोसुल पहुंचे. इस दौरान उन्होंने मोसुल को आतंकी मुक्त बनाने के लिए अपनी सेना को बधाई दी. सेना के साथ इराकी पीएम ने अपने देश की जनता को भी इस बड़ी जीत की मुबारकबाद दी.
इससे पहले इराकी मीडिया ने जानकारी दी थी कि सुरक्षाबल टिगरिस नदी के किनारे तक पहंच गए हैं और वहां इराकी झंडा फहरा दिया गया है. मोसुल का आजाद होना आईएस की सबसे बड़ी हार है. तीन साल पहले इस्लामिक स्टेट ने इस शहर पर कब्जा कर लिया था.
PM Al-Abadi arrives in Mosul to announce its liberation and congratulate the armed forces and Iraqi people on this victory pic.twitter.com/bUtkj7z88A
— Haider Al-Abadi (@HaiderAlAbadi) July 9, 2017
मोसुल पर आईएस का कब्जा होने के बाद इराकी सेना अमेरिकी नेतृत्व वाली गठबंधन सेनाओं के साथ मिलकर मोसुल में जंग छेड़ी थी. हवाई हमलों और आक्रामक जमीनी जंग के बाद जनवरी में शहर का पूर्वी हिस्सा आईएस से मुक्त करा लिया गया था.
बता दें कि आईएसआईएस के सरगना अबु बकर अल-बगदादी ने खिलाफत का ऐलान करते ही इराक में हमले शुरू कर दिए थे. धीरे-धीरे आईएस आतंकियों ने मोसुल शहर पर अपना कब्जा कर लिया था. आतंकियों के जुल्म से हजारों की संख्या में लोगों को जान गंवानी पड़ी, जबकि लाखों लोगों को यहां से पलायन करना पड़ा. इराक का ये प्राचीन शहर खंडहर में तब्दील हो चुका है.