अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कश्मीर मसले को लेकर जो बयान दिया है, उसपर ना सिर्फ भारत बल्कि अमेरिका में भी बवाल मचा हुआ है. अमेरिकी पत्रकार और कई प्रतिष्ठित अखबार लगातार ट्रंप के दावे पर सवाल खड़े कर रहे हैं. इस बीच राष्ट्रपति के आर्थिक सलाहकार लैरी कुडलो का कहना है कि डोनाल्ड ट्रंप कभी खुद कोई बात नहीं गढ़ते हैं.
दरअसल, जब अमेरिकी पत्रकार ने लैरी कुडलो से पूछा कि डोनाल्ड ट्रंप ने कश्मीर के मसले पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर जो कहा है, उसे भारत ने झूठा करार दिया है. तो क्या सच में डोनाल्ड ट्रंप झूठ बोल रहे हैं? इसपर राष्ट्रपति के सलाहकार भड़क गए और कहा कि आपका सवाल बिल्कुल गलत है. उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति खुद ही कोई दावा नहीं गढ़ते हैं.
Here’s video of the exchange, courtesy of .
“The President doesn’t make things up,” said when asked about claiming that he’d been asked to mediate between India and Pakistan on Kashmir.
— Andrew Feinberg (@AndrewFeinberg)
आर्थिक सलाहकार लैरी कुडलो ने कहा कि वह इस मसले में ज्यादा कुछ नहीं बोलना चाहते हैं, अगर आपको इसका जवाब चाहिए तो राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जॉन बोल्टन या फिर विदेश मंत्री माइक पोम्पियो से संपर्क करें. सबसे अच्छा जवाब खुद राष्ट्रपति ही दे सकते हैं.
गौरतलब है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान से मुलाकात के दौरान डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनसे कश्मीर मसले पर भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता करने को कहा था. डोनाल्ड ट्रंप का कहना था कि अगर भारत और पाकिस्तान चाहते हैं कि वह इस मसले पर मध्यस्थता करें तो वह बिल्कुल तैयार हैं.
अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान के बाद भारत में इस मुद्दे पर काफी बवाल हुआ. कांग्रेस समेत कई विपक्षी पार्टियों ने इसपर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जवाब मांगा लेकिन संसद के दोनों सदनों में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने इस पर जवाब दिया.
एस. जयशंकर ने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस तरह की किसी मध्यस्थता की बात नहीं की है. कश्मीर मसला भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय मामला है और इस मुद्दे पर तबतक बात नहीं हो सकती है जबतक पाकिस्तान अपनी ज़मीन से आतंकवाद को खत्म नहीं कर लेता है.