गौरतलब है 2013 में कानून में कुछ बदलाव लाने के लिए पिछले साल दिसंबर में मोदी सरकार एक अध्यादेश लाई, जिसे वो इस बजट सत्र में पास कराना चाहते हैं. लेकिन बजट सत्र के शुरू होते ही इस अध्यादेश का जोरदार विरोध किया जा रहा है.
अन्ना हजारे समेत सभी विपक्षी दल इस कर रहे हैं. संसद में इस अध्यादेश को लेकर विरोध जारी है. मोदी सरकार की मुश्किल यह है कि एनडीए के कुछ घटक दल भी पर सरकार का विरोध कर रहे हैं. शिवसेना और अकाली दल साफ-साफ विरोध का इजहार कर चुके हैं. दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल पहले ही अन्ना हजारे को इस बाबत खुला समर्थन दे चुके हैं.