बसपा सुप्रीमो मायावती दिल्ली से लखनऊ लौट आई हैं. वह अपने नए बंगले 9, माल एवेन्यू में शिफ्ट हो गई हैं.
नए घर में प्रवेश पर मायावती ने कहा है कि यह मेरा नया घर कार्यकर्ताओं के पैसे से बना है. बीजेपी ने अगर मुझे फर्जी घोटालों में नहीं फंसाया होता तो हमारे कार्यकर्ता नहीं जागते, लेकिन इन्होने गिफ्ट के रूप में जो पैसा दिया उसी से बना है ये घर. ये घर सिर्फ मेरा नहीं बल्कि पार्टी और कार्यकर्ताओं का भी है.
आपको बता दें कि मायावती का यह बंगला काफी आलीशान है.
मायावती ने 2 जून को अपना पुराना बंगला 13, माल एवेन्यू खाली कर दिया था.
इसके बाद से ही नए बंगले को उनके रहने के लिए तैयार किया जा रहा था. इसी वजह से वह तब से लखनऊ नहीं आई थीं. अब वह बंगला तैयार हो चुका है और अब मायावती यहां ही रहेंगी.
आपको बता दें कि 71 हजार वर्ग फीट में बना ये बंगला मायावती के आवास और पार्टी ऑफिस दोनों के रूप में काम करेगा. इसके पास ही बसपा का आधिकारिक कार्यालय भी है.
आपको बता दें कि यह आलिशान बंगला खास गुलाबी पत्थरों से बना है. इसकी बनावट लगभग अंबेडकर पार्क जैसी है.
बंगले में कई पार्क और मेमोरियल भी मौजूद हैं. यहां मायावती मूर्ति भी लगी है.
इस बंगले में दलित समाज के लीडरों की एक आर्ट गैलरी भी है.
वहीं इस बंगले में मायावती की जो मूर्ति लगी है, उसकी डिजाइन अशोक स्तंभ से मिलती जुलती है, यहां एक खंभे में मायावती की चार मूर्तियां नजर आती हैं.
आपको बता दें कि रविवार को बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने कांग्रेस के साथ देशभर में और दूसरे दलों के साथ उत्तर प्रदेश में गठबंधन को लेकर अपनी स्थिति लगभग साफ कर दी.
मायावती ने किसी दल का नाम नहीं लिया लेकिन साफ-साफ बता दिया कि सम्मानजनक सीटें यानी मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ राजस्थान में ताकत के हिसाब से सीटे चाहिए और उत्तर प्रदेश में गठबंधन की ड्राइविंग सीट चाहिए तभी 2019 में उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी और अभी कुछ महीनों बाद 3 राज्यों में होने वाले चुनाव में कांग्रेस से गठबंधन संभव है.
गठबंधन पर मायावती के इस कड़े स्टैंड के बाद अब यह साफ होता जा रहा है कि
सिर्फ बीजेपी को हराने भर का नारा उन्हें लुभाने के लिए काफी नहीं है बल्कि
समझौते की मेज पर वह कड़ा सौदा करेंगी.
मायावती ने यह भी कहा कि मेरा किसी के साथ कोई भाई बहन या बुआ भतीजे का
रिश्ता नहीं. आपको बता दें कि दलित नेता चंद्रशेखर "रावण" ने उन्हें अपनी
बुआ बताया था.
आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मायावती ने पुराना बंगला खाली किया था.