ईरान में इस्लामिक शासन के खिलाफ लोग सड़कों पर उतर आए हैं. देश के 27 प्रांतों में बवाल मचा हुआ है. इंटरनेट बंद दिया है. लोग 'डेथ टू डिक्टेटर' के नारे लगा रहे हैं. लोग ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई की सरकार को हटाने की मांग कर रहे हैं. (Photo - AFP)
ईरान में प्रदर्शन हिंसक रूप अख्तियार करता जा रहा है. हर दिन विरोध-प्रदर्शन में हिस्सा लेने वाले लोगों की संख्या बढ़ती जा रही है. इसके साथ ही राजधानी तेहरान से शुरू हुआ विरोध अब सुदूर इलाकों तक फैल चुका है. 8 जनवरी तक 27 प्रांतों में 150 से ज्यादा जगहों पर विरोध के मामले सामने आए थे. (Photo - X/@BabakTaghvaee1)
2022 में महसा अमीनी की मौत के बाद भड़के अंदोलन के बाद यह सबसे बड़ा हिंसक विरोध प्रदर्शन बन गया है. उस समय भी लोगों की उग्र भीड़ सड़क पर उतर आई थी और कई जगह झड़प की खबरें आई थीं. इस समय भी ईरान में जगह-जगह से पुलिस बल और विरोध दर्ज करा रहे आम लोगों के बीच झड़प की तस्वीरें सामने आ रही हैं. लोग भारी संख्या में गोलबंद होकर सड़कों पर उतर रहे हैं. (File Photo - AP)
ईरान में लोग फिर से रजा शाह को सत्ता सौंपने की मांग करते दिख रहे हैं. ईरान के पश्चिम में कराज में जलती गाड़ियों की तस्वीरें सामने आई हैं. बताया जाता रहा है कि यहां लोगों ने आईआरजीसी की कार्रवाई का विरोध करते हुए उनकी गाड़ियों में आग लगा दी. (Photo - Reuters)
वहीं दूसरी तरफ कर्मान प्रांत से भी ऐसी ही तस्वीरें सामने आई हैं. जहां लोगों ने आईआरजीसी के एक पूर्व अधिकारी की प्रतिमा को आग के हवाले कर दिया. इस अधिकारी को सरकार समर्थकों का हीरे माना जाता है. वहां के आम लोगों में सरकार के प्रति जबरदस्त उबाल देखा जा रहा है. (Photo - Reuters)