केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) भारत की प्रमुख जांच एजेंसी है, जिसे अपराधों की जांच और न्याय दिलाने के उद्देश्य से स्थापित किया गया था. यह एजेंसी भ्रष्टाचार, आर्थिक अपराधों, विशेष अपराधों और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों की जांच करती है.
CBI की स्थापना 1941 में "स्पेशल पुलिस एस्टैब्लिशमेंट (SPE)" के रूप में की गई थी, जिसका मुख्य उद्देश्य द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान सरकारी विभागों में हो रहे भ्रष्टाचार की जांच करना था. बाद में, 1 अप्रैल 1963 को इसे केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) के रूप में पुनर्गठित किया गया.
सीबीआई के संस्थापक निदेशक डी. पी. कोहली थे, जो 1 अप्रैल 1963 से 31 मई 1968 तक इस पद पर रहे. कोहली को 1967 में पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था (founding director of the CBI, D. P. Kohli).
CBI भारत सरकार के कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के तहत कार्य करती है. इसका नेतृत्व एक निदेशक (Director) करता है, जिसे केंद्र सरकार द्वारा नियुक्त किया जाता है. इसका मुख्यालय नई दिल्ली में स्थित है.
CBI को उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय द्वारा जांच करने के विशेष अधिकार दिए गए हैं. हालांकि, किसी राज्य में बिना राज्य सरकार की अनुमति के यह जाँच शुरू नहीं कर सकती, जब तक कि सुप्रीम कोर्ट या हाई कोर्ट आदेश न दे.
CBI ने कई हाई-प्रोफाइल मामलों की जांच की है, जिनमें बोफोर्स घोटाला, 2G स्पेक्ट्रम घोटाला, कोल ब्लॉक आवंटन घोटाला, शीना बोरा हत्याकांड, और विजय माल्या बैंक धोखाधड़ी जैसे मामले शामिल हैं.
हालांकि CBI को एक स्वतंत्र एजेंसी के रूप में देखा जाता है, लेकिन कई बार इसे सरकार के प्रभाव में कार्य करने के आरोप लगते रहे हैं.
CBI ने दिल्ली में रिश्वत के मामले में MCD के वरिष्ठ सचिवालय सहायक समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि टेंडर अवधि खत्म होने के बाद भी होर्डिंग और LED डिस्प्ले लगाने की अनुमति देने और तय संख्या से ज्यादा होर्डिंग लगाने के बदले रिश्वत ली जा रही थी. तलाशी के दौरान 25.25 लाख रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं. मामले की जांच जारी है.
झारखंड के रामगढ़ में रिश्वतखोरी के मामले में रेलवे के दो अधिकारियों को रांची की विशेष अदालत ने तीन-तीन साल की सजा सुनाई है. मामला 2018 में पतरातू डीजल शेड का है, जहां ठेकेदार से 6.26 लाख रुपये का बिल पास कराने के बदले रिश्वत मांगी गई थी.
झारखंड के रामगढ़ के पतरातू डीजल शेड से जुड़े 2018 के रिश्वत मामले में रांची की विशेष अदालत ने रेलवे के दो अधिकारियों को तीन-तीन साल की सजा सुनाई है. दोनों पर ठेकेदार से 6.26 लाख रुपये का बिल पास करने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप था. वीडियो में जानें मामला.
सीबीआई अधिकारी सीमा पाहुजा को दिशा सालियान मौत मामले की जांच की निगरानी की जिम्मेदारी दी गई है. स्पेशल क्राइम यूनिट में तैनात पाहुजा हाथरस, उन्नाव, आरजी कर और हिमाचल के गुड़िया मामले जैसी चर्चित जांचों से जुड़ी रही हैं.
दिशा सालियान मौत मामले में CBI ने कई बड़े लोगों की भूमिका की जांच की बात कही है. आजतक को सीबीआई की FIR की कॉपी मिली है. जिसमें जिन लोगों की भूमिका की जांच की बात कही जा रही, उनमें आदित्य ठाकरे, एक्टर डिनो मोरिया, सूरज पंचोली, रिया चक्रवर्ती, सौविक चक्रवर्ती और रोहन रॉय के नाम शामिल हैं. देखें वीडियो.
चंडीगढ़ CREST-IDFC फ्रॉड केस में सीबीआई ने IFoS अफसर नवनीत श्रीवास्तव समेत 3 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है. मामले में ₹75.4 करोड़ की धोखाधड़ी का आरोप है. पढ़ें पूरी कहानी.
यह पूरा मामला 'हरिशरण देवगण बनाम झारखंड राज्य' याचिका के तहत सुप्रीम कोर्ट के समक्ष लंबित है. इस मामले की सुनवाई पहले 11 सितंबर 2026 को प्रस्तावित थी. हालांकि, दिल्ली में आयोजित हो रहे ब्रिक्स (BRICS) सम्मेलन के कारण सुरक्षा व प्रशासनिक कारणों से सुनवाई की नई तारीख 16 सितंबर 2026 तय की गई है.
कांग्रेस नेता का मानना है कि अगर उन्हें अधिक शक्तियां दी गईं, तो इस देश में अराजकता फैल जाएगी. सीबीआई और ED अपनी वैध शक्तियों की सीमाओं को बहुत पहले पार कर चुके हैं.
बॉम्बे हाई कोर्ट ने दिशा सालियन मामले की जांच CBI से कराने का आदेश दिया है. बॉम्बे हाईकोर्ट ने जांच के लिए CBI के एक सीनियर अधिकारी को नियुक्त करने को कहा है. साथ ही याचिकाकर्ता का बयान दर्ज करने को कहा है।बॉम्बे हाई कोर्ट ने सतीश सालियन की शिकायत पर FIR दर्ज करने और CBI से जांच कराने का निर्देश दिया है. मुंबई क्षेत्र के प्रभारी CBI के ज्वाइंट निदेशक इस मामले में जांच अधिकारी के तौर पर CBI के किसी अनुभवी और वरिष्ठ अधिकारी को नियुक्त करेंगे. ये अधिकारी याचिकाकर्ता का बयान दर्ज करेगा और FIR दर्ज करेगा. जांच अधिकारी उन सभी पहलुओं की जांच करेगा जिनसे जुड़ी परिस्थितियों में याचिकाकर्ता की बेटी की मौत हुई थी.
दिल्ली में फर्जी CBI रेड डालने वाले जिस गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है, उसमें आसिफा और पूजा अग्रवाल समेत सात आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं. लेकिन इनमें पूजा और आसिफा की कहानी थोड़ी हैरान करने वाली है. पढ़ें पूरी कहानी.
दिल्ली के प्रशांत विहार में फर्जी CBI रेड डालने के मामले में पुलिस ने 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से CBI लोगो वाले कपड़े, फर्जी ID कार्ड के स्क्रीनशॉट और 8 मोबाइल फोन बरामद हुए हैं. पढ़ें फेक सीबीआई टीम की असली कहानी.
यह इस मामले में सीबीआई की ओर से दाखिल की गई तीसरी चार्जशीट है. सीबीआई की जांच के मुताबिक, रिलायंस एडीए ग्रुप में अहम पद पर रहे अमिताभ झुनझुनवाला ने कथित तौर पर आपराधिक साजिश के तहत स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को धोखा देने में भूमिका निभाई.
JPSC और JSSC-CGL परीक्षा में धांधली के आरोपों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है. याचिका में मामले की निष्पक्ष जांच के लिए CBI जांच की मांग की गई है. वहीं, दूसरी तरफ इस मामले में SIT ने JSSC-CGL मामले में 37 संदिग्धों से पूछताछ की है.
आंदोलनकारी अभ्यर्थियों की सबसे प्रमुख मांग परीक्षाओं में हुई धांधली की CBI जांच कराने की है. छात्रों का आरोप है कि हेमंत सोरेन सरकार मामले की निष्पक्ष जांच से पीछे हट रही है और सीबीआई को मामला सौंपने से बच रही है. अब अभ्यर्थियों ने सरकार की मंशा परखने के लिए एक नया और कड़ा विकल्प सामने रख दिया है. पढ़िए- अनशनकारियों से पूरी बातचीत...
झारखंड के नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सोरेन सरकार के परीक्षा रद्द करने के फैसले की आलोचना की है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने नौकरियों में भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए इस नाटक को रचा है. मरांडी ने कहा कि छात्र सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार इसे टाल रही है.
झारखंड सरकार द्वारा TDPL के जरिए हुई सभी भर्ती परीक्षाओं के नतीजे रद्द करने के बाद छात्रों ने भूख हड़ताल खत्म कर दी थी, लेकिन आंदोलन अभी जारी है। छात्र अब मामले की CBI जांच और इसकी आधिकारिक अधिसूचना की मांग पर अड़े हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने आय से अधिक संपत्ति के आरोपों से जुड़े इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ कांग्रेस नेता राहुल गांधी की याचिका पर सुनवाई करते हुए नोटिस जारी किया है. शीर्ष अदालत ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) को इस मामले में कोई भी रिपोर्ट दाखिल नहीं करने का सीधा निर्देश दिया है.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आय से अधिक संपत्ति मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. हाईकोर्ट ने सीबीआई और ईडी को आरोपों के सत्यापन का निर्देश दिया था. सीजेआई की अध्यक्षता वाली पीठ इस याचिका पर सुनवाई करेगी.
छत्तीसगढ़ के आईपीएस अधिकारी राहुल बंसल पर 1 करोड़ रुपये की रिश्वत लेने का गंभीर आरोप लगा है. राहुल बंसल का एक पुराना मॉक इंटरव्यू वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वे 500 रुपए के खिलाफ अपनी आपत्ति जता रहे थे. अब उनपर 1 करोड़ की रिश्वतखोरी का आरोप लगा है.
झारखंड में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सोरेन सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि परीक्षा रद्द करना समाधान नहीं है और निष्पक्ष जांच के लिए CBI जांच जरूरी है. उन्होंने पुलिस-प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि सरकार जांच से भाग रही है, क्योंकि जांच सत्ता के शीर्ष तक पहुंच सकती है.
दिल्ली की राउज एवेन्यू स्थित विशेष CBI अदालत में ट्रेनी IPS राहुल बंसल से जुड़े 1 करोड़ रिश्वत मामले की सुनवाई हुई. आरोप है कि सरगुजा में CSP रहते साइबर फ्रॉड केस को रफा-दफा करने के लिए हवाला के जरिए रकम ली गई. अदालत ने छत्तीसगढ़ के DGP और CBI निदेशक से Action Taken Report मांगी है. मामले में दो अन्य पुलिसकर्मी भी आरोपी हैं.