स्विट्जरलैंड की दिग्गज महिला टेनिस खिलाड़ी मार्टिना हिंगिस ने डब्ल्यूटीए फाइनल्स के सेमीफाइनल में हारने के बाद खेल से संन्यास की घोषणा कर दी है. 37 साल की हिंगिस और उनकी ताइवान की जोड़ीदार चान युंग जान को महिला युगल के सेमीफाइनल में हंगरी की टिमेए बाबोस और चेक गणराज्य की आंद्रे हलावाककोवा ने एक घंटे 43 मिनट तक चले मैच में 4-6, 6-7 (5) से मात दी.
हिंगिस ने 23 साल टेनिस कोर्ट पर बिताए. उनके नाम सभी वर्ग को मिलाकर कुल 114 खिताब हैं जिसमें 25 ग्रैंड स्लैम : पांच एकल 1997-1999 तक, 13 महिला युगल और सात मिश्रित युगल खिताब शामिल हैं.
इससे पहले वे 2003 में भी संन्यास ले चुकी थी, लेकिन वापसी करने के बाद उन्होंने 11 ग्रैंड स्लैम खिताब जीते.
आईएएनएस के मुताबिक एकल वर्ग में पूर्व नंबर-1 खिलाड़ी हिंगिस ने मैच के बाद गुरुवार को कहा, "मेरा मानना है कि संन्यास का समय आ गया है जिसकी घोषणा सिंगापुर में आखिरी मैच हारने के बाद कर रही हूं.'
2006 में वापसी करने वाली हिंगिस ने एक साल बाद इंटरनेशनल टेनिस फेडरेशन द्वारा दो साल के लिए प्रतिबंधित किए जाने के बाद दूसरी बारी संन्यास ले लिया था. उन पर कोकेन लेने के आरोप थे लेकिन हिंगिस ने इस तरह की किसी भी बात से इनकार किया था.
अपने करियर के तीसरे पड़ाव में वह 2013 में चार साल के लिए आईं. जहां उन्होंने 2015 में विंबलडन और अमेरिकी ओपन खिताब जीते. 2016 में उन्होंने भारत की सानिया मिर्जा के साथ ऑस्ट्रेलियाई ओपन जीता और 2017 में चान के साथ अमेरिकी ओपन पर कब्जा जमाया.