बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी का आखिरी टेस्ट मैच शनिवार को ड्रॉ पर खत्म हुआ और इसी के साथ ऑस्ट्रेलिया ने चार मैचों की टेस्ट सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली. सिडनी क्रिकेट ग्राउंड पर खेले जा रहे आखिरी टेस्ट मैच का पांचवां दिन काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा और आखिरकार दिन की आखिरी गेंद से पहले मैच ड्रॉ पर खत्म हुआ. ऑस्ट्रेलिया ने पांचवें दिन बल्लेबाजी नहीं की और 6 विकेट पर 251 रन पर पारी घोषित कर दी. जवाब में भारत ने 7 विकेट पर 252 रन बनाए. स्कोरकार्ड
अजिंक्य रहाणे 38 और भुवनेश्वर कुमार 20 रन बनाकर नॉटआउट लौटे. ऑस्ट्रेलिया की ओर से मिशेल स्टार्क, नाथन लियोन और जोश हेजलवुड ने दो-दो विकेट झटके जबकि शेन वाटसन ने एक विकेट लिया. भारत की ओर से मुरली विजय ने सबसे ज्यादा 80 रन बनाए. कप्तान विराट कोहली ने 46 रनों की पारी खेली जबकि रोहित शर्मा ने 39 रन बनाए.
सीरीज में बना अनोखा रिकॉर्डः भारत और ऑस्ट्रेलियाई टीम ने मिलकर इस टेस्ट सीरीज में एक अनोखा वर्ल्ड रिकॉर्ड बना दिया है. दोनों टीमों के बल्लेबाजों ने मिलकर इस सीरीज में 5700 से ज्यादा रन बनाए हैं. चार या इससे कम टेस्ट मैचों की सीरीज में पहली बार ऐसा हुआ है कि इतने रन बने हों.
349 रनों के रिकॉर्ड लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही और पहली पारी में सेंचुरी ठोकने वाले लोकेश राहुल महज 16 रन बनाकर आउट हो गए. उस समय टीम का स्कोर 48 रन था. इसके बाद शर्मा और मुरली विजय ने दूसरे विकेट के लिए 56 रनों की साझेदारी की. शर्मा 39 रन बनाकर आउट हुए. इसके बाद मुरली विजय और कोहली ने टी ब्रेक तक संभल कर खेलते हुए भारत को कोई और झटका नहीं लगने दिया.
टी ब्रेक के बाद दोनों ने रनरेट बढ़ाया और जीत की कोशिशों में जुट गए. दोनों के बीच 74 रन की साझेदारी हुई और हेजलवुड ने मुरली को आउट कर भारत को बड़ा झटका दे डाला. उस समय भारत का स्कोर 178 था. थोड़ी ही देर बाद कोहली 46 रन बनाकर मिशेल स्टार्क का शिकार बने. 201 पर कोहली और 203 रनों के स्कोर पर सुरेश रैना (0) के आउट होते ही भारत पर हार का खतरा मंडराने लगा. अजिंक्य रहाणे एक छोर संभाले हुए थे.
रिद्धिमान साहा (0) और आर अश्विन (01) भी आउट हुए और लगा कि एडिलेड की तरह सिडनी टेस्ट भी भारत गंवा बैठेगा. लेकिन इसके बाद रहाणे ने भुवी के साथ मिलकर भारत को हार के संकट से उबारा. ऑस्ट्रेलिया ने पहले दो टेस्ट मैच जीते जबकि तीसरा और चौथा टेस्ट ड्रॉ पर खत्म हुआ.