2022: इस बार पितृपक्ष भाद्रपद शुक्ल पक्ष पर 10 सितंबर से शुरु होकर आश्विन कृष्ण अमावस्या पर 25 सितंबर तक समाप्त होंगे. पुराणों के अनुसार सबसे बड़ा पुत्र अपने पिता और अन्य पूर्वजों का श्राद्ध तथा तर्पण कर सकता है. बता दें कि पितरों के नाम से पीपल का पौधा किसी पार्क या साथ जगह में लगाएं और प्रार्थना करें कि पूर्वजों को मोक्ष्य प्राप्त हो. देखें ये वीडियो.