ईद-उल-फित्र (Eid ul Fitr) मुस्लिमों का सबसे बड़ा त्योहार है, जो रमजान के महीने के पूरा होने पर मनाया जाता है. इस बार ईद का त्योहार 24 या 25 मई को मनाया जाएगा. दरअसल, ईद-उल-फित्र का त्योहार रमजान के 29 या 30 रोजे रखने के बाद चांद देखकर मनाया जाता है. ईद-उल-फित्र के साथ ही रमज़ान का महीना खत्म हो जाता है.
सऊदी अरब में 30 रोजे रखने के बाद मनाई जाएगी ईद
सऊदी अरब में इस साल यानी 2020 में ईद उल फित्र का त्योहार रमज़ान के पूरे 30 रोज़े रखने के बाद मनाया जाएगा. दरअसल, सऊदी अरब, यूएई और कई खाड़ी देशों में 22 मई को ईद का चांद दिखाई नहीं दिया इसलिए 23 मई को ईद नहीं मनाई गई. सऊदी अरब समेत तमाम खाड़ी देशों में 24 मई यानी रविवार को ईद मनाई जाएगी.
Happy Eid-ul-Fitr 2020: दूर रहते हुए भी इन मैसेज से अपनों को कहें ईद मुबारक
जबकि भारत में 24 मई को चांद दिखाई देने की उम्मीद है, जिसके बाद 25 मई को ईद का त्योहार मनाया जाएगा. वहीं, लद्दाख में 22 मई को ईद का चांद दिखाई दिया, जिसके बाद आज यानी 23 मई को ईद मनाई जा रही है. कोरोना संकट को देखते हुए इस साल सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए ही ईद का त्योहार मनाना होगा.
कोरोना संकट के बीच लद्दाख में आज मनाई जाएगी ईद, नजर आया चांदबता दें कि ईद-उल-फित्र के साथ इस्लामिक कलैंडर शव्वाल के महीने की शुरुआत होती है. ईद का दिन एकमात्र ऐसा दिन होता है जिस दिन रोज़ा यानी उपवास नहीं रखा जाता. ईद के चांद का दीदार होने के बाद यानी शव्वाल का महीना शरू होने के साथ ईद मनाई जाती है, इसलिए दुनियाभर में इसकी तारीख अलग-अलग होती है.
घर में ईद की नमाज़ अदा करने की अपील
ईद की नमाज़ जमात के साथ यानी ग्रुप में पढ़ी जाती है. लेकिन इस बार कोरोना संकट को देखते हुए सभी धार्मिक स्थल बंद हैं, इसलिए मस्जिद में नमाज अदा करने की इजाजत नहीं है. एक तरफ जहां प्रशासन मुस्तैद है तो वहीं, मौलाना और उलेमाओं की तरफ से घर में ही ईद की नमाज़ पढ़ने की अपील की जा रही है.
साथ ही लोगों से कहा जा रहा है कि कोई भी व्यक्ति ईद के दौरान घर से न तो बाहर निकले और न ही इबादत के लिए मस्जिद जाए. घर में ही हंसी-खुशी ईद का त्योहार मनाएं. बता दें कि ईद के दिन मुसलमानों के घर सिवईयां, शीर समेत कई तरह के मीठे पकवान बनते हैं. एक-दूसरे से गले मिलकर सारे गिले-शिकवा दूर किए जाते हैं.