आजतक के खास कार्यक्रम 'बहस बाजीगर' में इस बार का टॉपिक है- क्या एपस्टीन पर भारत में सियासत बेमानी है? इसी सवाल पर तमाम पार्टियों के प्रवक्ताओं में वार-पलटवार देखने को मिला. सभी ने अपने-अपने तर्कों से एक-दूसरे पर जमकर निशाने साधे. वरिष्ठ पत्रकार जज के रूप में उपस्थित रहे. देखें सबसे तीखी बहस.
आजतक के खास कार्यक्रम 'बहस बाजीगर' में इस बार का टॉपिक है- क्या जानबूझकर पीएम मोदी का अपमान करता है विपक्ष? इसी सवाल पर तमाम पार्टियों के प्रवक्ताओं में वार-पलटवार देखने को मिला. सभी ने अपने-अपने तर्कों से एक-दूसरे पर जमकर निशाने साधे. वरिष्ठ पत्रकार जज के रूप में उपस्थित रहे. देखें सबसे तीखी बहस.
इस बहस में इस बात की चर्चा हुई है कि क्या उत्तर प्रदेश के उप चुनाव में असदुद्दीन ओवैसी अखिलेश यादव के मुस्लिम वोट बैंक को काट पाएंगे. विभिन्न दलों के प्रवक्ताओं ने अपने-अपने तर्क प्रस्तुत किए। बहस में मुस्लिम तुष्टिकरण, राजनीतिक गठबंधन, और मुस्लिम समाज की राजनीतिक योजनाओं पर विस्तार से बात हुई. दर्शकों ने भी क्यूआर कोड से वोटिंग कर अपनी राय दी. देखें बहस बाजीगर.
बहस बाजीगर में मोदी के नेतृत्व और उनकी लोकप्रियता पर चर्चा हुई. महाराष्ट्र के नगर निगम चुनावों में बीजेपी की जीत ने इस बात को उजागर किया कि मोदी का प्रभाव संसद से लेकर पंचायत तक व्याप्त है. विपक्ष ने भी अपनी चुनौतियां और नकारात्मकताओं को साझा किया, जबकि बीजेपी ने विकास कार्यों और संगठन की मजबूती का हवाला दिया. क्या पार्लियामेंट से पंचायत तक मोदी का ही जलवा है? देखें बहस बाजीगर.
बहस बाजीगर में आज भारत में अतिक्रमण और धर्म के बीच के सवाल पर चर्चा हुई. विषय था कि क्या अतिक्रमण करने वालों का धर्म होता है. विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने अपनी राय रखी. कई वक्ताओं ने कहा कि अतिक्रमण कानून और व्यवस्था का विषय है और इसका धर्म से कोई लेना देना नहीं है. दूसरी ओर आरोप भी लगाए गए कि राजनीतिक पार्टियां इसे वोट बैंक की राजनीति के लिए इस्तेमाल करती हैं. देखें बहस बाजीगर.
आजतक के ख़ास कार्यक्रम 'बहस बाजीगर' में इस बार का टॉपिक है- क्या बंगाल जीत पाएगी बीजेपी? इसी सवाल पर तमाम पार्टियों के प्रवक्ताओं में वार-पलटवार देखने को मिला. सभी ने अपने-अपने तर्कों से एक-दूसरे पर जमकर निशाने साधे. वरिष्ठ पत्रकार जज के रूप में उपस्थित रहे. देखें सबसे तीखी बहस.