बर्मिंघम में रहने वाले भारतीय मूल के एक व्यक्ति को इस साल 'प्राइड आफ बर्मिंघम' बहादुरी पुरस्कार के लिए चुना गया है. इस व्यक्ति ने बीते वर्ष बार्सिलोना आतंकी हमले में गंभीर रूप से घायल एक लड़के की मदद करते वक्त अपनी जान जोखिम में डाली थी.