हैदराबाद के रेनबो चिल्ड्रेन हॉस्पिटल में भारत की सबसे छोटी बच्ची ने जन्म लिया. रिपोर्ट के मुताबिक, जन्म के वक्त इस बच्ची का वजन 0.8 एलबीएस यानी सिर्फ 375 ग्राम था और इसकी लंबाई केवल 20 सेंटीमीटर थी, जो किसी की भी हथेली में समा सकती है. सबसे कम वजन होने के बावजूद जीवित रहने वाली ये भारत की पहली बच्ची है. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
इस बच्ची का जन्म 4 महीने पहले हुआ था. इस नन्ही मुन्नी बच्ची का नाम
रिद्धिमा रखा गया है. बच्ची के परिवार वाले प्यार से उसे चेरी कहते हैं. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
मेडिकल रिपोर्ट के मुताबिक, जिन बच्चों का जन्म 500 ग्राम से कम होता है उनके जीवित रहने की संभावना 50 फीसदी से भी कम होती है. ऐसे में केवल 375 ग्राम वजन के साथ जन्मी चेरी का जीवित रहना किसी चमत्कार से कम नहीं माना जा रहा है. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
चेरी के पिता ने एक इंटरव्यू में बताया कि चेरी के जन्म से पहले उसकी मां
निकिता के 4 बार अबॉर्शन हो चुके थे, जिसको देखते हुए उनके एक दोस्त ने
हैदराबाद में निकिता का इलाज कराने की सलाह दी थी.(Photo:EN/@RainbowSpectra)
डॉक्टर की मानें तो चेरी के बचने की संभावना बहुत कम थी, क्योंकि गर्भ में पल रही चेरी और उसकी मां के बीच ब्लड फ्लो ठीक तरह से नहीं हो रहा था.(Photo:EN/@RainbowSpectra)
बता दें, गर्भावस्था के दौरान प्लेसेंटा में ब्लड फ्लो न होने के कारण गर्भ
में पल रहे बच्चे को सही मात्रा में ऑक्सीजन और न्यूट्रिएंट्स नहीं मिल
पाते हैं, जिससे शिशु की जान को खतरा रहता है. साथ ही इससे गर्भ में पल रहे
शिशु के अंगों का ठीक से विकास नहीं हो पाता है. इसके अलावा समय से पहले
ही बच्चे की डिलीवरी होने का खतरा भी रहता है. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
इन सब कॉम्पिलकेशन को देखते हुए चेरी के माता-पिता ने उसके जन्म के लिए
हैदराबाद के रेनबो चिल्ड्रन हॉस्पिटल को चुना. इस हॉस्पिटल में
प्री-मैच्योर बच्चों के जन्म के लिए विशेष डॉक्टर हैं. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
कई कॉम्पिलकेशन के बाद चेरी ने चार महीने पहले इस दुनिया में जन्म लिया.
जन्म के बाद लगभग 15 हफ्तों तक चेरी को वेंटीलेटर पर रखा गया था. जन्म के
38 दिनों के बाद चेरी का वजन 375 ग्राम से बढ़कर 500 ग्राम हुआ.(Photo:EN/@RainbowSpectra)
128 दिन
हॉस्पिटल में रहने के बाद आखिरकार चेरी को हॉस्पिटल से डिस्चार्ज कर दिया
गया है. रिपोर्ट के मुताबिक, अब चेरी का वजन 2 किलो हो चुका है और वह बिल्कुल स्वस्थ है. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
रेनबो चिल्ड्रन हॉस्पिटल ने माता-पिता के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए चेरी के जन्म का ऐलान किया है. (Photo:EN/@RainbowSpectra)
बता दें, इससे पहले अमेरिका में दुनिया की सबसे छोटी बच्ची ने जन्म लिया था. इस बच्ची का नाम हीबा रखा गया था. जन्म के समय इस बच्ची का वजन केवल 244 ग्राम था और इसकी लंबाई इतनी कम थी कि ये किसी के भी हाथ की हथेली में समा जाए. (Photo: Getty)
हीबा के साथ उसकी जुड़वां बहन का भी जन्म हुआ था, जिसकी लंबाई और कद हीबा से थोड़ा ज्यादा था. (Photo: Getty)