Tea Leaves Adulteration: भारत में चाय पीने वाले कम नहीं हैं. यहां हर दूसरा व्यक्ति चाय का शौकीन मिल ही जाता है. नुक्कड़ से लेकर 5 स्टोर होटल तक में चाय सर्व की जाती है. सुबह उठने से लेकर रात तक चाय पीने का सिलसिला चलता रहता है. लोग सुबह उठने के लिए चाय, सिर दर्द भगाने के लिए चाय, मूड को रिफ्रेश करने के लिए चाय, मेहमान आएं तो चाय, नाश्ते से लेकर स्नैक्स तक में चाय पीने का कोई न कोई बहाना ढ़ूढ ही लेते हैं. आपकी रसोई में भी जरूर चाय की सामग्री रखी होगी.
आप रोज चाय की पत्ती का इस्तेमाल करते हैं लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि बाजार में मिलने वाली बाकी चीजों की तरह चाय की पत्ती में भी मिलावट हो सकती है. ऐसे में इसका इस्तेमाल आपकी चाय का स्वाद तो बिगाड़ेगा ही साथ ही इससे सेहत पर भी बुरा असर पड़ सकता है.
FSSAI ने बताया पहचान का तरीका
चाय पत्ती असली है या नहीं इसकी पहचान आप घर में ही आसानी से कर सकते हैं. फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड ऑथोरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) सोशल मीडिया पर लोगों को मिलावटी चीजों के बारे में जागरुक करता है. FSSAI अपने सोशल मीडिया हैंडल पर कई ऐसी वीडियोज़ शेयर करता है, जिसमें तरह-तरह के फूड आइटम की शुद्धता को पहचानने का तरीका बताया होता है. FSSAI ने चाय पत्ती की मिलावट को पहचानने की बहुत ही आसान सी एक ट्रिक बताई है जो आपको काफी काम आ सकती है.
यूं करें असली-नकली चाय पत्ती की पहचान
दुकानदार असली चाय पत्ती की जगह या इसमें मिलाकर नकली चायपत्ती बेच सकते हैं. FSSAI के अनुसार, एक सिंपल से टेस्ट से चाय पत्ती की क्वालिटी का पता लगा सकते हैं. इसके लिए एक फिल्टर पेपर लें और इस पर थोड़ी सी चाय पत्ती रखें. अब इस पर पानी की कुछ बूंदे डालकर इसे गीला कर लें. अब इस फिल्टर पेपर को नल के पानी से धो लें. अब इस फिल्टर पेपर पर लगे दाग को रौशनी में जाकर चेक करें. अगर फिल्टर पेपर पर कोई दाग नहीं है तो ये असली चायपत्ती है.ट
वहीं, अगर फिल्टर पेपर पर काले-भूरे रंग के गहरे धब्बे पड़ जाते हैं तो इसका मतलब है कि ये चाय की पत्ती नकली है. यकीनन अब आप चाय पत्ती का इस्तेमाल करने से पहले यह जांच कर लेंगे कि वह मिलावटी तो नहीं.