उनके ख्वाब थे, लेकिन दबंगों की दबंगई ने न सिर्फ उनके ख्वाबों को कुचला बल्कि तालिबानी अंदाज में पेड़ से लटकाकर फांसी दे दी. सरकार और नेताओं की टोली भाषणों में कानून की बात करती है, लेकिन सत्ता के शिखर पर बैठी प्रदेश सरकार लगभग खामोश है और जो सत्ता में नहीं हैं वह भी सुर्खियां बटोरने के लिए बेटियों की अस्मत और जान को सियासत का तमाशा बना रहे हैं.