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छात्रों के विरोध के आगे झुकी उत्तराखंड सरकार, वापस ली बढ़ी हुई फीस

हालांकि, प्राइवेट कॉलेज की फीस अभी तक वापस नहीं हो पाई है. आयुर्वेद कॉलेज के छात्र लगभग 50 दिनों से हड़ताल पर बैठे हैं. उनकी मांगों पर सुनवाई अभी तक नहीं हो पाई है.

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की फाइल फोटो (टि्वटर) मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की फाइल फोटो (टि्वटर)

  • गढ़वाल यूनिवर्सिटी की बढ़ी फीस वापस ली गई
  • प्राइवेट कॉलेजों पर अब तक नहीं लिया गया फैसला

उत्तराखंड सरकार ने छात्रों के भारी विरोध के चलते गढ़वाल विश्वविद्यालय और उससे जुड़े कॉलेज में बढ़ी हुई फीस को वापस लेने का फैसला किया है. वहीं प्राइवेट कॉलेज की फीस अभी तक वापस नहीं हो पाई है. बता दें कि आयुर्वेद कॉलेज के छात्र लगभग 50 दिनों से हड़ताल पर बैठे हैं. उनकी मांगों पर सुनवाई अभी तक नहीं हो पाई है.

अभी ये तय नहीं हो पाया है कि आयुर्वेद कॉलेज का बढ़ा शुल्क वापस होगा या नहीं. कहा जा रहा है कि गढ़वाल विश्वविद्यालय का मामला सरकारी था, इसलिए सरकार ने बढ़ी फीस वापस लेने का फैसला किया. प्रदेश के निजी कॉलेजों पर सरकार ने अभी तक कोई फैसला नहीं लिया है. वहां के छात्र भी हड़ताल कर अपनी मांगें उठा रहे हैं. निजी आयुर्वेद कॉलेजों की फीस ज्यादा बढ़ाए जाने के खिलाफ छात्रों के साथ पार्टियां भी आ गई हैं. कांग्रेस छात्रों का समर्थन कर रही है और बढ़ी फीस तुरंत वापस लिए जाने की मांग की जा रही है.

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